Bihar Floods: भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री के मशहूर कलाकार खेसारी लाल यादव बिहार में बाढ़ की स्थिति पर अपने एक सोशल मीडिया पोस्ट के कारण चर्चा में आ गए हैं. उन्होंने एक्स (पहले ट्विटर) पर बाढ़ पीड़ितों के लिए मदद की अपील की थी, लेकिन इसके बाद उन्हें यूजर्स की नाराजगी का सामना करना पड़ा. खेसारी लाल यादव ने बाढ़ की भयावहता और खबरों में इसकी कम कवरेज को लेकर चिंता और दुख जाहिर किया था, जिस पर लोगों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी.


बिहार बाढ़ पर खेसारी लाल यादव का वायरल पोस्ट
खेसारी लाल यादव ने अपने एक्स पोस्ट में लिखा था, ‘बिहार में बाढ़ आई है… बस फर्क इतना है कि हर बार के जैसे खबरों में कम है. बिहार को भूलिए मत’. उन्होंने आगे लोगों से मदद के लिए आगे आने की अपील करते हुए कहा, ‘बाढ़ में सिर्फ घर नहीं डूबते, किसी की पूरी जिंदगी डूब जाती है. आज हमारे लोगों को हमारी आवाज भी चाहिए और हमारी मदद भी. आगे आइये, हाथ जोड़ के निवेदन है’. उनका यह पोस्ट तेजी से वायरल हुआ और देखते ही देखते कमेंट बॉक्स में यूजर्स की प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई.
यूजर्स ने क्यों जताई नाराजगी?
खेसारी लाल यादव के इस पोस्ट पर कई सोशल मीडिया यूजर्स ने तीखी टिप्पणियां कीं. कुछ यूजर्स ने उनके बाढ़ पीड़ितों की मदद की अपील से ज्यादा मीडिया कवरेज को मुद्दा बनाने पर सवाल उठाए. एक यूजर ने भोजपुरी में लिखा, ‘बउवा, चाचा से पूछना चाहिए कि इतने साल बिहार की राजनीति किए तब भी बिहार में बाढ़ के लिए कुछ भी नहीं किए. अपने परिवार का तो खूब ध्यान रखा. आज कम से कम नीतीश जी के समय में बिहार में सड़क, पुल और दूसरी सुविधाओं का विकास तो हुआ है. पहले तो ऐसी हालत थी कि सही से खबर तक नहीं मिलती थी कि कौन मरा और कौन जिंदा है. बाकी जमीन पर उतरकर देखिए, हम लोग जनता के साथ हमेशा खड़े हैं.’
एक अन्य यूजर ने खेसारी लाल यादव से कहा, ‘प्लीज भैया इन लोगों को कृपया मदद कीजिए. इन लोगों को बहुत दुख होता है. हर बार यही होता है बिहार में. पता नहीं कब यह सब सही होगा. पता नहीं कब कोई ऐसा आएगा जो यह सब पर ध्यान देगा.’
एक और यूजर ने सीधे तौर पर सवाल किया, ‘भैया आपलोगों को कोई फर्क नहीं पड़ता है बाढ़ से इसलिए कोई हेल्प करने नहीं आता है. अगर पड़ता है तो पिछले 20 साल से गवर्मेंट को चेंज क्यों नहीं करते हैं ये लोग.’ वहीं, एक यूजर ने खेसारी लाल यादव को जमीनी हकीकत देखने की चुनौती देते हुए लिखा, ‘रउरा कहां बनी देवता छपरा में जाके देख ली भैया एक बार.’ इन प्रतिक्रियाओं से साफ है कि बाढ़ के मुद्दे पर लोगों में गहरी नाराजगी और राजनेताओं व सेलिब्रिटीज से ठोस कार्रवाई की उम्मीद है.
आम जनता की उम्मीदें और जमीनी हकीकत
भोजपुरी कलाकार खेसारी लाल यादव की बाढ़ पीड़ितों के लिए की गई अपील पर यूजर्स की यह प्रतिक्रिया बताती है कि जनता बाढ़ जैसी गंभीर समस्याओं पर सिर्फ बयानों से खुश नहीं है. लोगों की उम्मीदें मीडिया कवरेज से कहीं अधिक जमीनी स्तर पर मदद और स्थायी समाधान से जुड़ी हैं. सोशल मीडिया पर इस तरह की बहसें दर्शाती हैं कि बिहार में बाढ़ एक ऐसा मुद्दा है, जिस पर लोग अपने चुने हुए प्रतिनिधियों और सार्वजनिक हस्तियों से अधिक सक्रिय भूमिका की अपेक्षा रखते हैं.








You must be logged in to post a comment.