Bihar LPG e-KYC: अगर आप बिहार में रहते हैं और घर में एलपीजी सिलेंडर इस्तेमाल करते हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद महत्वपूर्ण है। 14 सितंबर की तारीख करीब आते ही उन लाखों उपभोक्ताओं की चिंता बढ़ गई है, जिन्होंने अभी तक अपनी एलपीजी ई-केवाईसी पूरी नहीं की है। इस तारीख के बाद आपकी रसोई गैस सब्सिडी रुक सकती है।
लाखों उपभोक्ताओं के लिए सब्सिडी पर खतरा
राज्य में अभी भी लगभग 26.50 लाख घरेलू और उज्ज्वला गैस उपभोक्ताओं का ई-केवाईसी लंबित है। आंकड़ों के अनुसार, 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू एलपीजी कनेक्शनों में से 86 लाख उपभोक्ता अपनी ई-केवाईसी करा चुके हैं, लेकिन लगभग 22.50 लाख उपभोक्ताओं का सत्यापन अभी भी बाकी है।



अच्छी बात यह है कि इसके लिए आपको गैस एजेंसी के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। आप घर बैठे अपने मोबाइल से ही यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। इसके लिए अपनी गैस कंपनी का आधिकारिक मोबाइल ऐप इस्तेमाल करें। उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों के लिए तो साल में एक बार ई-केवाईसी कराना अनिवार्य है।
गैस सिलेंडर बुकिंग में मिली बड़ी राहत
एक तरफ जहां ई-केवाईसी को लेकर उपभोक्ताओं पर दबाव है, वहीं एलपीजी गैस सिलेंडर बुकिंग के नियमों में एक बड़ा बदलाव राहत लेकर आया है। अब उपभोक्ताओं को नया सिलेंडर लेने के लिए 45 दिनों का लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। ग्रामीण और शहरी, दोनों क्षेत्रों के उपभोक्ता अब सिर्फ 25 दिन पूरे होने के बाद ही दोबारा गैस सिलेंडर की बुकिंग करा सकेंगे।
पहले ग्रामीण इलाकों में यह समय 45 दिनों का निर्धारित था, जिससे कई परिवारों को परेशानी होती थी। इस फैसले से खासकर ग्रामीण क्षेत्रों के उपभोक्ताओं को सबसे ज्यादा फायदा मिलने की उम्मीद है। यह बदलाव उन लाखों परिवारों के लिए बड़ी राहत है जो समय पर गैस सिलेंडर नहीं मिलने से परेशान थे। हालांकि, सब्सिडी जारी रखने के लिए 14 सितंबर से पहले ई-केवाईसी पूरी करना अनिवार्य है, ताकि किसी भी वित्तीय नुकसान से बचा जा सके।







