Bihar Railway Training: भारतीय रेल के अधिकारियों की तकनीकी क्षमता को मजबूत करने की दिशा में बिहार में एक महत्वपूर्ण पहल हुई है। जमालपुर स्थित भारतीय रेल यांत्रिक एवं विद्युत अभियंत्रण संस्थान (इरिमी) और भागलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज ने एक दीर्घकालिक शैक्षणिक एवं तकनीकी सहयोग के लिए समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। यह समझौता अगले पांच वर्षों के लिए प्रभावी रहेगा, जिसका मुख्य उद्देश्य इंडियन रेलवे मैनेजमेंट सर्विस (आईआरएमएस) के परिवीक्षाधीन अधिकारियों को आधुनिक प्रशिक्षण देकर उनकी दक्षता बढ़ाना है।
रेलवे अधिकारियों के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम
इस करार के तहत, आईआरएमएस परिवीक्षाधीन अधिकारियों के लिए मैकेनिकल और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग से जुड़े विभिन्न विषयों पर केंद्रित प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इन कार्यक्रमों में सैद्धांतिक ज्ञान के साथ-साथ प्रयोगशाला आधारित और व्यावहारिक प्रशिक्षण पर विशेष जोर रहेगा। अधिकारियों को आधुनिक इंजीनियरिंग प्रणालियों और तकनीकी बदलावों को जमीनी स्तर पर समझने का अवसर मिलेगा। इसके लिए भागलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज में उपलब्ध विशेषज्ञ संकाय, शैक्षणिक आधारभूत संरचना, प्रयोगशालाओं और अन्य संसाधनों का उपयोग किया जाएगा।


छात्रों को भी मिलेगा इरिमी के विश्वस्तरीय संसाधनों का लाभ
यह शैक्षणिक सहयोग केवल रेलवे अधिकारियों तक ही सीमित नहीं रहेगा। इरिमी के पास रेलवे की यांत्रिक और विद्युत प्रणालियों से संबंधित विश्वस्तरीय उपकरण और रोलिंग स्टॉक मौजूद हैं। इन विशिष्ट संसाधनों का लाभ भागलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज के संकाय और छात्रों को भी मिल सकेगा। इरिमी के महानिदेशक अनिमेष कुमार सिन्हा ने इस पहल को रेखांकित करते हुए कहा कि,
भारतीय रेल की तकनीकी प्रणालियों के लगातार आधुनिकीकरण और नई तकनीकों के बढ़ते इस्तेमाल के कारण रेलवे अधिकारियों के लिए बहुविषयक तकनीकी ज्ञान जरूरी हो गया है। प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से अधिकारियों को आधुनिक तकनीकी प्रवृत्तियों, इंजीनियरिंग प्रणालियों और उनके व्यावहारिक उपयोग से परिचित कराने का प्रयास किया जायेगा।
कार्यक्रम में इरिमी के महानिदेशक अनिमेष कुमार सिन्हा के साथ संकाय अध्यक्ष एवं वरिष्ठ आचार्य प्रेम प्रकाश, वरिष्ठ आचार्य राजीव कुमार, सेक्रेटरी टू डायरेक्टर जनरल प्रसनजीत कुमार, आचार्य श्रीचंद्रशेखर और आचार्य कुमार ज्योतिरादित्य भी उपस्थित थे।
रेलवे के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण पहल
महानिदेशक अनिमेष कुमार सिन्हा ने आगे कहा कि रेलवे में तकनीकी बदलाव की गति लगातार बढ़ रही है। ऐसे में आईआरएमएस अधिकारियों के लिए तकनीकी ज्ञान के साथ व्यवहारिक समझ और बहुविषयक दृष्टिकोण विकसित करना आवश्यक है। उन्होंने जोर दिया कि,
इरिमी और भागलपुर इंजीनियरिंग कॉलेज का यह सहयोग शैक्षणिक विशेषज्ञता और व्यावहारिक प्रशिक्षण को एक मंच पर लाने में मदद करेगा।
इस समझौते से परिवीक्षाधीन अधिकारियों को आधुनिक विद्युत और यांत्रिक अभियंत्रण तकनीकों को समझने तथा रेलवे के कार्यक्षेत्र में उनके प्रभावी इस्तेमाल की क्षमता विकसित करने में मदद मिलने की उम्मीद है। दोनों संस्थानों के विशेषज्ञ संसाधनों के साझा उपयोग से प्रशिक्षण की गुणवत्ता और तकनीकी दक्षता मजबूत करने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।







