Bihar Food Safety: खाद्य पदार्थों में मिलावट और सुरक्षा मानकों के उल्लंघन को लेकर बिहार स्वास्थ्य विभाग ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है। स्वास्थ्य सचिव-सह-खाद्य संरक्षा आयुक्त कुमार रवि के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा टीमों ने पटना, हाजीपुर और दरभंगा में बड़े पैमाने पर जांच और छापेमारी अभियान चलाया। इस दौरान कई स्थानों से भारी मात्रा में मिलावटी और एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री पकड़ी गई, जिसे मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।
हाजीपुर में 72 किलो मिलावटी पनीर जब्त
वैशाली जिले के हाजीपुर स्थित स्टेशन रोड पर खाद्य सुरक्षा टीम ने पनीर की गहन जांच की। सुधीर किराना दुकान से 14 किलोग्राम पनीर जब्त किया गया, जिसमें स्टार्च की मिलावट पाई गई। तुरंत ही इस पनीर को नष्ट करवा दिया गया। इसी प्रकार, श्री गणेश पनीर हाउस से भी 58 किलोग्राम पनीर में स्टार्च की मिलावट सामने आई, जिसे तत्काल विनष्ट किया गया। टीम ने इन दोनों स्थानों से नमूने लेकर प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे हैं। रिपोर्ट आने के बाद नियमानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

दरभंगा में एक्सपायर्ड दूध और खराब पनीर पर कार्रवाई
दरभंगा जिले के बेनीपुर स्थित आशापुर चौक पर सुधा मिल्क पार्लर का खाद्य संरक्षा अधिकारी ने औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान पार्लर में 21 लीटर एक्सपायर्ड सुधा मिल्क और 18 किलोग्राम खराब पनीर पाया गया। खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन मानते हुए, इन दोनों खाद्य सामग्रियों को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया। यहां से भी खाद्य पदार्थों के नमूने प्रयोगशाला भेजे गए हैं, जिनकी जांच रिपोर्ट के आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
पटना के फतुहा में 126 लीटर दूध में मिला फॉर्मेलिन
पटना जिले के फतुहा क्षेत्र के सबलपुर में भी खाद्य सुरक्षा टीम ने सक्रियता दिखाई। टेढ़ी पुल के निकट स्थित राजीव डेयरी में दूध और पनीर की जांच की गई। जांच के दौरान दूध के नमूने में फॉर्मेलिन की उपस्थिति पाई गई, जो स्वास्थ्य के लिए अत्यंत हानिकारक है। इसके बाद करीब 126 लीटर दूध को नष्ट कर दिया गया। टीम ने इस डेयरी से भी आवश्यक नमूने संग्रहित किए हैं, जिनके जांच निष्कर्षों के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
Alexa Foods पर संयुक्त टीम की छापेमारी
फतुहा थाना क्षेत्र के बाजितपुर स्थित Alexa Foods and Supplements के परिसर में भी एक संयुक्त टीम ने निरीक्षण और छापेमारी की। इस टीम में खाद्य सुरक्षा विभाग, औषधि निरीक्षक, आयुष निदेशालय और पुलिस पदाधिकारी शामिल थे। निरीक्षण के दौरान परिसर में Food Supplements, Raw Materials और निर्माण में उपयोग होने वाले Manufacturing Equipment मिले। कुछ तैयार और कुछ अर्द्धनिर्मित Food Supplements भी पाए गए। नियमों के अनुसार जांच और विश्लेषण के लिए कुल छह नमूने संग्रहित किए गए हैं, जिन्हें निर्धारित प्रक्रिया के तहत जांच के लिए भेजा जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि निरीक्षण में Food Supplements के अलावा कोई अन्य औषधि या आपत्तिजनक/संदिग्ध पदार्थ नहीं मिला। संस्थान के स्वाधिकारी ने Food Supplements के निर्माण और संबंधित खाद्य विनिर्माण अनुज्ञप्ति उपलब्ध होने की जानकारी दी है। अब दस्तावेजों और प्रयोगशाला जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
स्वास्थ्य सचिव-सह-खाद्य संरक्षा आयुक्त कुमार रवि ने स्पष्ट किया, ‘खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और लोगों के स्वास्थ्य से समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने खाद्य कारोबारियों से सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और निर्धारित मानकों के अनुरूप खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने को कहा।’
विभाग की इस कार्रवाई से यह संदेश साफ है कि खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है और जन स्वास्थ्य से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।







