Jamui Molestation Case: जमुई के मदन रोड पर एक छात्रा के साथ हुई दरिंदगी ने पूरे बिहार को झकझोर दिया है। इस भयावह घटना ने इलाके में सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि यह पहली बार नहीं है जब यह सड़क महिलाओं के लिए असुरक्षित साबित हुई है। चौंकाने वाली बात यह है कि इसी जमुई के मदन रोड पर एक हफ्ते पहले भी एक महिला से छेड़खानी हुई थी, जिसे राहगीरों की मदद से बचाया जा सका था।
स्थानीय लोगों का कहना है कि मदन रोड महिलाओं और लड़कियों के लिए कतई सुरक्षित नहीं है। यह सड़क जमुई-लखीसराय मार्ग से जुड़ी है और शाम होते ही यहां मनचले युवकों का जमावड़ा लग जाता है। स्कूल आने-जाने वाली लड़कियों को आए दिन परेशान किया जाता है। कई अभिभावकों ने तो अपनी बच्चियों को स्कूल तक भेजना बंद कर दिया है।
मदन रोड: जहां मनचलों का है अड्डा, स्कूल छोड़ चुकी हैं कई लड़कियां
एक बुजुर्ग महिला ने बताया कि करीब एक सप्ताह पहले उनकी बहू इसी रास्ते से जा रही थी। कुछ युवकों ने उसका रास्ता रोक लिया और अश्लील टिप्पणियां कीं। वे उसे आगे जाने से भी रोक रहे थे। तभी कुछ राहगीर वहां से गुजर रहे थे, जिन्हें देखकर युवक पीछे हट गए और उनकी बहू सुरक्षित निकल सकी। उन्होंने यह भी बताया कि मनचले अक्सर स्कूल जाने वाली लड़कियों की साइकिल के आगे बाइक खड़ी कर देते हैं और उनसे गंदी बातें व अश्लील टिप्पणियां करते हैं। स्थानीय लोगों का दावा है कि लगातार होने वाली छेड़खानी से परेशान होकर कई लड़कियों ने इस रास्ते से स्कूल जाना ही छोड़ दिया है। उनका साफ कहना है कि अगर पहले ही इन घटनाओं पर कार्रवाई होती, तो शायद हालात यहां तक नहीं पहुंचते।
SP की ‘रेकी’ भी क्यों नहीं रोक पाई अपराध?
मदन रोड पर सिर्फ छेड़खानी ही नहीं, बल्कि अवैध बालू और देसी शराब का कारोबार भी खूब फल-फूल रहा है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, यह इलाका लखीसराय के चानन से सटा हुआ है और जंगली क्षेत्रों में देसी शराब बनाई जाती है। कुंदर बराज के रास्ते इसी रोड से जमुई के कई गांवों में शराब पहुंचाई जाती है। इसके अलावा, बिना घाट नीलामी के बालू का अवैध उत्खनन और परिवहन भी यहां आम बात है। इन अवैध गतिविधियों की शिकायतों के बीच, पुलिस कप्तान विश्वजीत दयाल ने खुद करीब एक सप्ताह पहले सिविल ड्रेस में बाइक से इलाके की रेकी की थी। इस दौरान पुलिस ने अवैध बालू लदे नौ ट्रैक्टर जब्त किए थे और सात लोगों को गिरफ्तार भी किया था। इस कार्रवाई से यह साफ था कि पुलिस की नजर इस इलाके में चल रहे अवैध कारोबार पर थी, लेकिन इसके बावजूद महिलाओं और लड़कियों से छेड़खानी की शिकायतें लगातार सामने आती रहीं।
सुरक्षा पर सवाल, अवैध कारोबार पर चर्चा
जिस समय छात्रा के साथ मदन रोड पर दरिंदगी हो रही थी, उस दौरान वहां से गुजर रहे एक कार सवार युवक ने भी आरोपियों का विरोध किया। पुलिस सूत्रों के अनुसार, जमुई निवासी इस युवक ने अपनी कार रोककर बदमाशों से भिड़ गया। बदमाशों ने उसके साथ भी मारपीट की, लेकिन वह पीछे नहीं हटा। उसने तब तक विरोध किया जब तक छात्र और छात्रा वहां से निकल नहीं गए। अपनी जान की परवाह किए बिना उसने बदमाशों को रोकने की कोशिश की। युवक अपनी पहचान सार्वजनिक नहीं करना चाहता, लेकिन छात्रा को वहां से निकलने में उसकी भूमिका अहम रही।
स्थानीय लोगों का कहना है, ‘अगर पहले ही इन घटनाओं पर कार्रवाई होती, तो शायद हालात यहां तक नहीं पहुंचते। अब बड़ी वारदात के बाद पुलिस की कार्रवाई पर सबकी नजर है।’
जमुई के मदन रोड पर हुई इस घटना ने पुलिस प्रशासन को कटघरे में खड़ा कर दिया है। स्थानीय लोगों की बार-बार शिकायतों और अवैध गतिविधियों पर एसपी की पूर्व कार्रवाई के बावजूद, महिलाओं और लड़कियों के लिए यह सड़क असुरक्षित बनी हुई है। अब देखना यह होगा कि इस बड़ी वारदात के बाद पुलिस सुरक्षा व्यवस्था को कैसे मजबूत करती है और अपराधियों पर नकेल कसने के लिए क्या ठोस कदम उठाती है।







