Darbhanga DM: दरभंगा में शिक्षा के स्तर को सुधारने और छात्रों तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए दरभंगा जिलाधिकारी कौशल कुमार ने कड़ा रुख अपनाया है। आज समाहरणालय में शिक्षा विभाग के कार्यों की विस्तृत समीक्षा बैठक हुई, जिसमें जिले की शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर गहन चर्चा की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करना और विद्यार्थियों को सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ समय पर दिलाना था।
जिलाधिकारी ने इस दौरान छात्र-छात्राओं और शिक्षकों की उपस्थिति की स्थिति पर बारीकी से नजर डाली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि उपस्थिति की नियमित निगरानी की जाए।
‘विद्यालयों में बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के साथ-साथ शिक्षकों की समयबद्ध उपस्थिति एवं शैक्षणिक गतिविधियों की प्रभावी मॉनिटरिंग आवश्यक है।’
श्री कुमार ने कहा कि यह सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है कि बच्चे हर दिन स्कूल आएं और शिक्षक भी समय पर उपस्थित होकर अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करें।
शैक्षणिक गुणवत्ता पर दरभंगा DM की दो टूक
बैठक में विद्यालयों में उपलब्ध आधारभूत सुविधाओं की भी गहन समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने विद्यालय भवन, कक्षाओं की स्थिति, पेयजल व्यवस्था, शौचालयों की उपलब्धता, विद्युत आपूर्ति और साफ-सफाई जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं पर जानकारी ली। उन्होंने उन सभी विद्यालयों को चिन्हित करने का निर्देश दिया, जहाँ किसी भी प्रकार की कमी है, ताकि आवश्यक कार्रवाई तुरंत सुनिश्चित की जा सके।
स्कूलों में चल रहे निर्माण और मरम्मत कार्यों की गुणवत्ता और समयबद्धता पर भी विशेष ध्यान देने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया गया। जिला शिक्षा पदाधिकारी श्री विद्यानंद ठाकुर सहित शिक्षा विभाग के अन्य अधिकारी इस बैठक में उपस्थित रहे, जिन्होंने जिलाधिकारी के निर्देशों को गंभीरता से सुना।
छात्रों को मिलेंगी सभी आधारभूत सुविधाएँ
छात्र-छात्राओं को मिल रही विभिन्न सरकारी योजनाओं और सुविधाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। इसमें पाठ्य-पुस्तकें, छात्रवृत्ति, पोशाक, साइकिल और मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना जैसी महत्वपूर्ण कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति पर विस्तृत जानकारी ली गई। जिलाधिकारी ने सुनिश्चित करने को कहा कि इन सभी योजनाओं का लाभ पात्र विद्यार्थियों तक बिना किसी देरी के पहुंचे।
यह समीक्षा बैठक दरभंगा में शिक्षा व्यवस्था को पारदर्शी और जवाबदेह बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। जिलाधिकारी के इन प्रयासों से जिले में शिक्षा का माहौल बेहतर होगा और छात्रों को बेहतर भविष्य की राह मिल सकेगी।






