Bihar Cabinet: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में सोमवार को हुई बिहार कैबिनेट की बैठक में राज्य के विकास से जुड़े 24 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी मिली है। इन फैसलों से ग्रामीण सड़कों की मरम्मत, दरभंगा में लॉजिस्टिक और कार्गो हब का निर्माण, और आईटी विभाग के विस्तार जैसे कई अहम कार्य पूरे होंगे, जिनका सीधा लाभ आम जनता को मिलेगा।
बिहार कैबिनेट का सबसे बड़ा ऐलान: दरभंगा एयरपोर्ट पर 226 करोड़ से बनेगा कार्गो हब, करोड़ों लोगों को मिलेगा सीधा फायदा!
Bihar Cabinet: सोमवार, 12 अक्टूबर को मुख्यमंत्री बिहार कैबिनेट की अध्यक्षता में मंत्रिपरिषद की एक महत्वपूर्ण बैठक पटना में संपन्न हुई। इस बैठक में विकास, बिजली, पेयजल, पर्यटन, सड़क और प्रशासन से जुड़े कुल 23 प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। कैबिनेट के इन फैसलों से राज्य के आधारभूत ढांचे को मजबूती मिलेगी और आम जनता को सीधा फायदा पहुंचेगा। दरभंगा एयरपोर्ट के पास लॉजिस्टिक पार्क और कार्गो हब बनाने के लिए 225 करोड़ रुपये से अधिक की जमीन अधिग्रहण योजना को विशेष रूप से मंजूरी मिली है। इसके साथ ही, बिजली आपूर्ति और ग्रामीण पेयजल योजनाओं को भी हरी झंडी दिखाई गई है।
बिहार में बिजली व्यवस्था को मिली नई ताकत
राज्य में बिजली व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए कैबिनेट ने दो महत्वपूर्ण परियोजनाओं को अपनी स्वीकृति दी है। इन योजनाओं से बिजली वितरण प्रणाली और अधिक विश्वसनीय बनेगी।
| परियोजना | स्थान | लागत (करोड़ रुपये) | विवरण |
|---|---|---|---|
| ग्रिड उपकेंद्र विस्तार | तारापुर (बिहार स्टेट पावर ट्रांसमिशन कंपनी) | 51.07 | 132 केवी डबल सर्किट नई संचरण लाइन और चार अतिरिक्त लाइन बे |
| नया ग्रिड उपकेंद्र निर्माण | पिपरा प्रखंड (सुपौल) | 575.36 (कुल) | 220 केवी और 132 केवी संचरण लाइनें, 115.07 करोड़ इक्विटी, 460.29 करोड़ ऋण |
तारापुर में ग्रिड उपकेंद्र को दूसरा स्वतंत्र ऊर्जा स्रोत उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित होगी। वहीं, सुपौल जिले के पिपरा प्रखंड में नया ग्रिड उपकेंद्र बनने से क्षेत्र की बिजली आपूर्ति में क्रांतिकारी सुधार आएगा।
मुंगेर और वैशाली में हर घर पहुंचेगा शुद्ध पानी
कैबिनेट ने मुंगेर और वैशाली जिलों में पेयजल की समस्या को दूर करने के लिए बड़ी योजनाओं को मंजूरी दी है। इन परियोजनाओं से हजारों घरों तक स्वच्छ पेयजल पहुंचेगा।
- मुंगेर जिले में योजना: हवेली खड़गपुर और टेटियाबंबर प्रखंडों के 14 पंचायतों के 177 वार्डों में पेयजल व्यवस्था मजबूत करने के लिए 279.51 करोड़ रुपये की योजना स्वीकृत की गई है। खड़गपुर झील के सतही जल का उपयोग कर 22 एमएलडी क्षमता की ग्रामीण जलापूर्ति योजना बनेगी, जिसमें पांच साल के संचालन और रखरखाव का प्रावधान भी शामिल है।
- वैशाली जिले में योजना: महुआ और चेहराकलां प्रखंडों की 36 पंचायतों के 493 वार्डों में जलापूर्ति व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए 506.71 करोड़ रुपये की मंजूरी दी गई है। गंगा नदी के सतही जल का उपयोग करते हुए 72 एमएलडी क्षमता की बहुग्रामीण जलापूर्ति योजना का निर्माण होगा, जिसके संचालन और रखरखाव का खर्च भी अगले पांच साल तक शामिल है।
ये योजनाएं ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की कमी को दूर करने में सहायक होंगी।
दरभंगा एयरपोर्ट पर बनेगा कार्गो हब, पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
राज्य के विकास में अहम भूमिका निभाते हुए कैबिनेट ने दरभंगा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास एक लॉजिस्टिक पार्क और कार्गो हब के निर्माण के लिए जमीन अधिग्रहण के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी है।
दरभंगा एयरपोर्ट के पास 49.9973 एकड़ जमीन अधिग्रहित की जाएगी। इसके लिए 225 करोड़ 91 लाख 30 हजार 742 रुपये के मुआवजे की स्वीकृति दी गई है। इस फैसले से एयरपोर्ट के पास लॉजिस्टिक पार्क और कार्गो हब के निर्माण का मार्ग प्रशस्त होगा, जिससे आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
इसके अतिरिक्त, पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से वैशाली में 10 एकड़ जमीन पर एक अत्याधुनिक पर्यटन रिसॉर्ट बनाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली है। यह परियोजना जन-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल पर आधारित होगी और पर्यटकों को आधुनिक सुविधाएं प्रदान करेगी।
ग्रामीण सड़कों का होगा अनुरक्षण, बैंक और आईटी क्षेत्र में भी सुधार
कैबिनेट ने ग्रामीण कार्य विभाग के तहत ग्रामीण सड़कों की नियमित मरम्मत, नवीनीकरण और दीर्घकालिक रखरखाव के लिए ‘ग्रामीण सड़क अनुरक्षण एवं प्रबंधन कार्यक्रम’ लागू करने को स्वीकृति दी है। पथ निर्माण विभाग से संबंधित निविदा प्रक्रिया में पुराने प्रावधानों को निरस्त कर नई व्यवस्था लागू करने का भी निर्णय लिया गया है।
वित्तीय क्षेत्र में, खगड़िया जिला केंद्रीय सहकारी बैंक को 2026-27 में न्यूनतम 9 प्रतिशत पूंजी जोखिम भारित परिसंपत्ति अनुपात (CRAR) हासिल करने में मदद के लिए 75 करोड़ रुपये का अनुदान स्वीकृत किया गया है। साथ ही, बिहार राज्य सहकारी बैंक और उससे जुड़े जिला केंद्रीय सहकारी बैंकों में साइबर सुरक्षा मजबूत करने के लिए 66.11 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता राशि से साइबर सुरक्षा संचालन केंद्र स्थापित करने को भी मंजूरी दी गई है।
अन्य महत्वपूर्ण फैसलों में पटना के गर्दनीबाग टैंक पार्क के निर्माण और विकास के लिए एनबीसीसी (इंडिया) लिमिटेड के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर, बिहार सूचना प्रौद्योगिकी अवर सेवा नियमावली, 2026 के गठन, बक्सर स्थित राजकीय श्री धन्वंतरि आयुर्वेद महाविद्यालय-सह-चिकित्सालय में तीन अतिरिक्त पदों का सृजन, पूर्व राज्यपाल स्वर्गीय कैलाशपति मिश्र की जयंती (5 अक्टूबर) को राजकीय समारोह के रूप में मनाने, और वर्ष 2027 के लिए बिहार सरकार के कार्यालयों में अवकाश सूची की घोषणा शामिल है। भीम बांध क्षेत्र में इको-टूरिज्म के विकास के लिए तीन क्लस्टरों को पीपीपी मॉडल के माध्यम से आगे बढ़ाने की भी स्वीकृति दी गई है।
दरभंगा में बनेगा 226 करोड़ का कार्गो हब
बिहार सरकार ने दरभंगा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास एक बड़ा लॉजिस्टिक पार्क और कार्गो हब बनाने की योजना को हरी झंडी दे दी है। इस महत्वपूर्ण परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण हेतु करीब 226 करोड़ रुपये की मुआवजा राशि स्वीकृत की गई है। यह कार्गो हब क्षेत्र में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देगा और रोजगार के नए अवसर पैदा करेगा, जिससे दरभंगा और आसपास के इलाकों में बड़ा बदलाव आएगा।
ग्रामीण सड़कों की मरम्मत, IT विभाग का विस्तार
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में 24 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। दरभंगा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास लॉजिस्टिक पार्क और कार्गो हब बनाने के लिए करीब 226 करोड़ रुपये की मुआवजा राशि स्वीकृत की गई है।
राज्य के ग्रामीण इलाकों में बेहतर कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के लिए एक बड़ा कदम उठाया गया है। जिन ग्रामीण सड़कों ने अपनी पांच साल की रखरखाव अवधि पूरी कर ली है, उनकी मरम्मत और देखरेख के लिए ‘ग्रामीण सड़क अनुरक्षण एवं प्रबंधन कार्यक्रम’ लागू करने का निर्णय लिया गया है। इस कार्यक्रम के तहत पुरानी हो चुकी सड़कों का जीर्णोद्धार किया जाएगा, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में आवागमन सुगम होगा। इसके साथ ही, सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) विभाग का भी जिला और क्षेत्रीय स्तर पर विस्तार किया जाएगा, जिससे डिजिटल सेवाओं को निचले स्तर तक पहुंचाया जा सके।
विकास की रफ्तार को मिलेगी नई गति
सम्राट चौधरी कैबिनेट के इन फैसलों से बिहार में विकास की रफ्तार तेज होने की उम्मीद है। दरभंगा में कार्गो हब और ग्रामीण सड़कों की मरम्मत से आधारभूत संरचना मजबूत होगी, वहीं आईटी विभाग का विस्तार राज्य को डिजिटल रूप से सशक्त बनाएगा। इन योजनाओं का लक्ष्य प्रदेश के हर कोने तक विकास का लाभ पहुंचाना है, जिससे नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार आए।







