Darbhanga Snake Bite: दशहरा के पावन पर्व पर जहां लोग खुशियां मना रहे थे, वहीं दरभंगा जिले के बिरौल प्रखंड स्थित कमालपुर गांव में एक हृदय विदारक घटना ने मातम फैला दिया। खेत में काम कर रहे 55 वर्षीय किसान उमेषी राम की सर्पदंश से मौत हो गई। इस दुखद हादसे ने उनके परिवार के सामने भरण-पोषण और बच्चों की शिक्षा जारी रखने का गंभीर संकट खड़ा कर दिया है।
खेत में पटवन के दौरान हुआ हादसा
परिवार के सदस्यों ने बताया कि बुधवार दोपहर करीब 1 बजे उमेषी राम अपने खेत में पटवन का काम कर रहे थे। इसी दौरान झाड़ियों में छिपे एक जहरीले सांप ने उनके पैर में डस लिया। उनके चीखने की आवाज सुनकर आसपास के खेतों में काम कर रहे अन्य किसान मौके पर पहुंचे। उन्होंने तुरंत परिजनों को घटना की सूचना दी, जिसके बाद उमेषी राम को आनन-फानन में बिरौल अनुमंडलीय अस्पताल ले जाया गया।
डॉ. योगेन्द्र कुमार, अस्पताल के उपाधीक्षक ने बताया, ‘मरीज की हालत गंभीर थी। चिकित्सकों ने तत्काल उपचार करते हुए एबीएस की 10 वायल खुराक दी, लेकिन उनकी स्थिति में सुधार नहीं हुआ।’
अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बावजूद उनकी स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। गंभीर हालत देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए दरभंगा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (डीएमसीएच) रेफर कर दिया।
डीएमसीएच में चिकित्सकों ने मृत घोषित किया
डीएमसीएच पहुंचने पर चिकित्सकों ने जांच के बाद उमेषी राम को मृत घोषित कर दिया। उनकी मौत की खबर सुनते ही परिजनों में कोहराम मच गया। पूरे कमालपुर गांव में दशहरा के दिन पसरा सन्नाटा और भी गहरा गया है। ग्रामीणों के अनुसार, उमेषी राम पूरे परिवार का एकमात्र सहारा थे और खेती-बाड़ी करके ही अपने परिवार का गुजारा करते थे।
परिवार पर आर्थिक संकट का पहाड़
उमेषी राम के परिवार में उनकी पत्नी बच्चिया देवी, दो बेटियां काजल कुमारी और कोमल कुमारी, तथा एक बेटा दिलखुश कुमार हैं। उनके तीनों बच्चे अभी पढ़ाई कर रहे हैं। इस बिहार किसान की मौत के बाद पत्नी बच्चिया देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के सामने अब आर्थिक संकट का एक बड़ा पहाड़ खड़ा हो गया है, जिससे बच्चों की पढ़ाई और दैनिक जीवन का खर्च चलाना मुश्किल हो जाएगा।
ग्रामीण संजय राम ने बताया, ‘उमेषी राम खेती कर परिवार का भरण-पोषण करते थे।’
पंचायत की मुखिया पूजा कुमारी ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए इसे परिवार के लिए एक अपूरणीय क्षति बताया है। उन्होंने कहा कि इस मुश्किल घड़ी में गांव और पंचायत की ओर से परिवार को हर संभव मदद मुहैया कराई जाएगी।







