Jale Sawan: सावन की पहली सोमवारी को लेकर जाले के प्रसिद्ध गंगेश्वरस्थान महादेव मंदिर में युद्धस्तर पर तैयारियां चल रही हैं। तीन अगस्त को लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है, जिसके मद्देनजर मंदिर परिसर की व्यापक साफ-सफाई कराई जा रही है। बोलबम और हर-हर महादेव के जयघोष से वातावरण अभी से भक्तिमय हो रहा है, और पहली सोमवारी के लिए सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त की जा रही हैं।







भक्तों की सुविधा के लिए विशेष इंतजाम
श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मंदिर परिसर के दोनों ओर प्रवेश द्वार बनाए जा रहे हैं। इसके साथ ही धूप और बारिश से बचाव के लिए पंडाल भी लगाए जा रहे हैं। गंगेश्वरनाथ महादेव मंदिर धार्मिक न्यास समिति के सदस्य इन सभी तैयारियों की बारीकी से निगरानी कर रहे हैं ताकि भक्तों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। रतनपुर समेत क्षेत्र के अन्य शिवालयों में भी सावन के आगमन के साथ ही श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ने लगी है।
न्यास समिति के सचिव संजीव कुमार चौधरी ने बताया, ‘मंदिर में प्रतिदिन विधि-विधान से पूजा, जलाभिषेक और आरती होती है, लेकिन सावन माह में विशेष पूजा-अर्चना की परंपरा के कारण श्रद्धालुओं की संख्या कई गुना बढ़ जाती है।’
गौतम कुंड से पवित्र जल लेकर आते हैं कांवरिया
गंगेश्वरस्थान महादेव मंदिर में जलाभिषेक के लिए अधिकांश शिवभक्त ब्रह्मपुर पश्चिमी पंचायत स्थित गौतम कुंड से पवित्र जल लेकर कांवर यात्रा करते हुए पहुंचते हैं। कई श्रद्धालु तो दंड प्रणाम करते हुए मंदिर तक आते हैं, जो उनकी अटूट श्रद्धा को दर्शाता है। तीन अगस्त को पहली सोमवारी पर भारी भीड़ को देखते हुए शिवगंगा, शिवकूप और पूरे मंदिर परिसर में उगे झाड़-झंखाड़ की सफाई का काम भी पूरा कर लिया गया है।
भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा पर विशेष जोर
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को नियंत्रित करने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रमुख स्थानों पर बैरिकेडिंग का कार्य शुरू कर दिया गया है। स्थानीय पुलिस प्रशासन भी पहली सोमवारी के लिए विशेष सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ प्रबंधन की तैयारी में जुटा है। मंदिर प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन मिलकर यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि सभी भक्तगण शांतिपूर्ण और सुरक्षित माहौल में भगवान शिव का जलाभिषेक कर सकें।









You must be logged in to post a comment.