
Bihar GNM Rule: बिहार के गोपालगंज जिले से एक ऐसा नियम सामने आया है जिसने छात्राओं के बीच खलबली मचा दी है। हथुआ स्थित जीएनएम स्कूल में अब छात्राओं को कोर्स के दौरान शादी करने की इजाजत नहीं होगी, ऐसा करने पर उनका नामांकन रद्द कर दिया जाएगा। स्कूल परिसर की दीवारों पर नोटिस चस्पा होने के बाद छात्राओं में हड़कंप मच गया है।
आदेश के अनुसार, यदि कोई छात्रा जीएनएम कोर्स के दौरान शादी करती है, तो उसका नामांकन तुरंत रद्द कर दिया जाएगा। यह नियम अनुमंडलीय अस्पताल हथुआ परिसर में संचालित जीएनएम स्कूल में पढ़ रही सभी छात्राओं पर लागू होगा। इस फैसले से कई छात्राएं असमंजस और चिंता में हैं।
विभागीय निर्देश और बिहार GNM रूल
स्कूल की प्राचार्या मानसी सिंह ने स्पष्ट किया कि यह फैसला किसी व्यक्तिगत स्तर पर नहीं, बल्कि विभागीय आदेश के तहत लिया गया है। उन्होंने बताया कि नामांकन के समय ही छात्राओं से एक घोषणा पत्र पर हस्ताक्षर कराए जाते हैं, जिसमें यह शर्त शामिल होती है कि वे तीन साल की पढ़ाई पूरी होने तक शादी नहीं करेंगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। यह नया Bihar GNM Rule केवल जीएनएम ही नहीं, बल्कि एएनएम जैसे अन्य Nursing Course Marriage वाले संस्थानों में भी लागू है।
आवासीय पढ़ाई और शादी का प्रतिबंध
प्राचार्या ने Nursing Course Marriage पर प्रतिबंध का तर्क देते हुए कहा कि नर्सिंग की पढ़ाई आवासीय होती है, जहाँ छात्राएँ परिसर में रहकर प्रशिक्षण प्राप्त करती हैं। ऐसे में शादी होने पर उनकी पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हो सकती है। यही वजह है कि यह नियम पहले से ही मौजूद है और इसका कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जा रहा है। इसका उद्देश्य छात्राओं को बिना किसी बाधा के अपनी शिक्षा पूरी करने में मदद करना है।
छात्राओं में असमंजस और आगे की राह
इस फैसले के बाद छात्राओं के बीच कई सवाल उठ रहे हैं। कुछ इसे उनके व्यक्तिगत अधिकारों में सीधा हस्तक्षेप मान रही हैं, तो कुछ इसे पढ़ाई के लिए एक आवश्यक अनुशासन बता रही हैं। फिलहाल, यह मामला पूरे बिहार में चर्चा का विषय बना हुआ है और आगे इस पर क्या रुख अपनाया जाता है, इस पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें







