Bihar Teacher Recruitment: शिक्षक बनने की तैयारी कर रहे लाखों अभ्यर्थियों के लिए बिहार सरकार ने एक बड़ी खुशखबरी दी है। राज्य सरकार ने बीपीएससी टीआरई-4 (शिक्षक भर्ती परीक्षा चरण 4) की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं, जिससे उम्मीदवारों को काफी राहत मिली है। अब यह परीक्षा दो चरणों (प्रारंभिक और मुख्य) के बजाय केवल एक ही चरण में आयोजित की जाएगी। इसके अतिरिक्त, संगीत विषय में 111 नए पदों को जोड़ा गया है, जिससे कुल रिक्तियों की संख्या बढ़कर 33,385 हो गई है।
BPSC TRE-4 में हुए ये बड़े बदलाव
पहले बीपीएससी टीआरई-4 में प्रारंभिक परीक्षा (पीटी) और मुख्य परीक्षा दो अलग-अलग चरणों में आयोजित की जानी थी। हालांकि, शिक्षक अभ्यर्थी लंबे समय से इस मांग को लेकर आंदोलन कर रहे थे कि टीआरई-1, टीआरई-2 और टीआरई-3 की तरह यह परीक्षा भी एकल चरण में ही हो। छात्रों के प्रतिनिधिमंडल से हुई बैठक के बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इस वर्ष टीआरई-4 को एकल चरण में आयोजित करने की घोषणा की। सरकार का अनुमान है कि इस भर्ती में लगभग पांच लाख उम्मीदवार शामिल हो सकते हैं।
यह फैसला अभ्यर्थियों के लिए एक बड़ी राहत माना जा रहा है, क्योंकि दो परीक्षाओं की तैयारी का बोझ और उन पर होने वाला खर्च दोनों ही बढ़ जाते थे। शिक्षा विभाग की ओर से बीपीएससी को इन बदलावों के संबंध में आवश्यक पत्र भेजा जाएगा, जिसके आधार पर भर्ती विज्ञापन में संशोधन किए जाएंगे। आवेदन प्रक्रिया सितंबर में शुरू होने की उम्मीद है, जैसा कि पहले से घोषित कार्यक्रम में बताया गया है।
बढ़े हुए पदों का विवरण
शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने घोषणा की है कि संगीत विषय में 111 अतिरिक्त पद जोड़े गए हैं। इससे पहले कुल 32,388 पदों की अधियाचना बीपीएससी को भेजी गई थी। इन अतिरिक्त पदों के जुड़ने के बाद अब कुल नियुक्तियां 33,385 हो जाएंगी। बढ़ाए गए ये पद मुख्य रूप से कक्षा 9-10 के संगीत शिक्षकों के लिए हैं, जिससे इस विषय के अभ्यर्थियों को भी अधिक अवसर मिलेंगे।
इन बदलावों से न केवल परीक्षा प्रक्रिया सरल होगी, बल्कि अधिक उम्मीदवारों को शिक्षक बनने का मौका भी मिलेगा। सरकार का यह कदम छात्रों की मांगों के प्रति उसकी संवेदनशीलता को दर्शाता है, जिससे राज्य में शिक्षक भर्ती प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी और सुलभ बनाने में मदद मिलेगी।







