Patna Crime News: बिहार की राजधानी पटना में करोड़ों रुपये की ठगी का एक बड़ा मामला सामने आया है। कोतवाली पुलिस ने 6 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के आरोप में एक दंपती को गिरफ्तार किया है। इस ठगी का शिकार पुलिसकर्मियों समेत कुल 27 लोग हुए हैं। कदमकुआं के लोहानीपुर निवासी आशुतोष कुमार सिंह और उसकी पत्नी रितु देवी को शनिवार देर रात उनके घर से हिरासत में लिया गया।
आरोपी दंपती ने फ्रेजर रोड स्थित डुमरांव इन्क्लेव में ‘करोली फाइनेंस’ नाम से एक कंपनी खोल रखी थी। वे लोगों को निवेश की रकम पर डेढ़ गुना मुनाफा देने का झांसा देकर अपने जाल में फंसाते थे। पुलिस अब इस बड़े फर्जीवाड़े से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।






करोली फाइनेंस का ‘डेढ़ गुना’ मुनाफा वाला झांसा
आशुतोष कुमार सिंह और रितु देवी ने डुमरांव पैलेस की तीसरी मंजिल पर करोली फाइनेंस का दफ्तर बनाया था। यहां एक कॉल सेंटर भी चलता था, जिसमें कई लड़के-लड़कियां काम करते थे। ये कर्मचारी लोगों को फाइनेंस कंपनी में पैसे निवेश करने के लिए फोन करते थे। वे ग्राहकों को बताते थे कि अगर वे पैसा निवेश करते हैं, तो सालभर बाद उन्हें निवेश की गई रकम का डेढ़ गुना वापस मिलेगा। शुरुआत में विश्वास जीतने के लिए कुछ निवेशकों को एक-दो बार ब्याज के तौर पर छोटी रकम भी दी जाती थी, जिससे लोग बड़े निवेश के लिए प्रेरित हो जाते थे। इस लालच में आकर कई लोगों ने कंपनी में करोड़ों रुपये लगा दिए, जिनमें कई पुलिसकर्मी और उनके परिजन भी शामिल हैं।
पुलिसकर्मी की पत्नी की शिकायत से खुला राज
इस ठगी का खुलासा लोहानीपुर की आराध्या पासवान द्वारा कोतवाली थाने में दर्ज कराई गई प्राथमिकी के बाद हुआ। आराध्या पासवान ने पुलिस को बताया कि उनके पति बिहार पुलिस में सिपाही हैं। जून 2025 में उन्हें करोली फाइनेंस कंपनी की ओर से फोन आया था, जिसमें निवेश पर डेढ़ गुना मुनाफा देने का प्रस्ताव था। उन्होंने 14 लाख रुपये निवेश किए और कंपनी ने उन्हें प्रतिमाह 50 हजार रुपये ब्याज के तौर पर देने की बात कही। निवेश के बाद कंपनी ने दो महीने तक उनके बैंक खाते में 50-50 हजार रुपये भेजे भी।
आराध्या ने अपने कई परिचितों को भी इस कंपनी में निवेश करने की सलाह दी थी, जिसके बाद उन लोगों ने भी पैसे लगाए। लेकिन इस साल जनवरी में करोली फाइनेंस का कार्यालय अचानक बंद हो गया और दंपती का कोई अता-पता नहीं चला। काफी खोजबीन के बाद जब कोई जानकारी नहीं मिली, तो आराध्या पासवान ने कोतवाली थाने में दोनों पति-पत्नी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।
कई जिलों के लोग बने ठगी का शिकार
पुलिस ने जब मामले की छानबीन शुरू की, तो पता चला कि करोली फाइनेंस में निवेश के नाम पर कई लोगों से ठगी की गई है। दंपती की गिरफ्तारी के बाद हुई पूछताछ में सामने आया कि कुल 27 लोगों को चूना लगाया गया है। इनमें पुलिसकर्मी, किसान और छोटे व्यापारी भी शामिल हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि ज्यादातर निवेश महिलाओं द्वारा किया गया था। दंपती की गिरफ्तारी की खबर फैलते ही लखीसराय, सीवान, दरभंगा, गया और समस्तीपुर जैसे कई जिलों से ठगी के शिकार लोग कोतवाली थाने पहुंचने लगे। कई अन्य लोगों ने भी इस पति-पत्नी के खिलाफ शिकायतें दर्ज कराई हैं।
कोतवाली थानाध्यक्ष अजय कुमार ने बताया कि ‘दंपती को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। जिन लोगों से निवेश के नाम पर पैसा लिया गया है, उनकी सूची बनाकर जांच की जा रही है।’
पुलिस अब उन सभी निवेशकों की सूची तैयार कर रही है, जिनसे इस फर्जी कंपनी ने पैसे ऐंठे हैं। इस मामले में आगे की कार्रवाई जारी है और पुलिस अन्य पीड़ितों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।








