Bihar Cooks Pay ID: राज्य के सरकारी स्कूलों में कार्यरत हजारों रसोइयों के लिए एक बड़ा और महत्वपूर्ण बदलाव आने वाला है। बिहार शिक्षा विभाग ने इन सभी रसोइयों की ‘पे-आईडी’ (Pay ID) बनाने का निर्देश जारी किया है। इस नई व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य उनके मानदेय भुगतान को पूरी तरह से डिजिटल और पारदर्शी बनाना है। यह पहल रसोइयों को मिलने वाले भुगतान में किसी भी तरह की गड़बड़ी की आशंका को खत्म करेगी।
पे-आईडी के लिए ये दस्तावेज होंगे अनिवार्य
पे-आईडी बनवाने के लिए रसोइयों को कुछ बेहद जरूरी दस्तावेज जमा करने होंगे। शिक्षा विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि प्रत्येक रसोइया को अपना आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक पासबुक अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराना होगा। इन दस्तावेजों के बिना पे-आईडी बनाने की प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाएगी, जो सीधे तौर पर उनके मानदेय भुगतान से जुड़ी है।






मानदेय भुगतान होगा डिजिटल और पारदर्शी
इस नई प्रणाली के लागू होने से रसोइयों को मिलने वाला मानदेय सीधे उनके बैंक खातों में जमा किया जाएगा। शिक्षा विभाग का यह कदम भुगतान प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने और उसमें पूर्ण पारदर्शिता लाने के लिए उठाया गया है। डिजिटल भुगतान से न केवल समय की बचत होगी, बल्कि पूरी प्रक्रिया में मानवीय हस्तक्षेप भी कम होगा, जिससे भ्रष्टाचार की संभावना न्यूनतम हो जाएगी।
शिक्षा विभाग ने निर्देश दिया है कि रसोइयों के मानदेय भुगतान को डिजिटल और पारदर्शी बनाने के लिए पे-आईडी अनिवार्य रूप से बनाई जाए। इसके लिए आधार, पैन और बैंक पासबुक जमा करना जरूरी होगा।
स्कूलों को दिए गए सख्त निर्देश
विभाग ने सभी सरकारी स्कूलों को निर्देश दिया है कि वे अपने यहां कार्यरत सभी रसोइयों के आवश्यक दस्तावेज जल्द से जल्द एकत्र करें। स्कूलों को इस पूरी प्रक्रिया में सहयोग करने और निर्धारित समय-सीमा के भीतर सभी जानकारी जमा करने को कहा गया है। यह पहल सरकारी विद्यालयों में कार्यरत हजारों रसोइयों के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा साबित होगी, जिससे उनका आर्थिक सशक्तिकरण होगा।








