Samastipur Fake Ticket: समस्तीपुर रेल मंडल में टिकट जांच अभियान के दौरान एक बड़े फर्जी टिकट रैकेट का पर्दाफाश हुआ है। रेलवे पुलिस ने जाली टिकट के जरिए यात्रा कर रहे चार यात्रियों को गिरफ्तार किया है। इस मामले में रेल थाना समस्तीपुर में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। अब रेलवे पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इन फर्जी टिकटों को कहां तैयार किया गया और क्या इसके पीछे कोई संगठित गिरोह सक्रिय है।
यह खुलासा तब हुआ, जब ट्रेन संख्या 11062 में नियमित टिकट जांच के दौरान मुख्य टिकट निरीक्षक (CTI) कृष्ण कुमार मिश्रा को चार यात्रियों के टिकट संदिग्ध लगे। गहन जांच के बाद सभी टिकट फर्जी पाए गए, जिसके बाद चारों यात्रियों को तुरंत हिरासत में लेकर कानूनी कार्रवाई के लिए रेल थाना समस्तीपुर को सौंप दिया गया।






फर्जी टिकट के साथ पकड़े गए चार यात्री, रेल थाना में मामला दर्ज
गिरफ्तार किए गए यात्रियों की पहचान ADRE (49 वर्ष), मुस्ताक (35 वर्ष), रहमान शेख (34 वर्ष) और मुहम्मद इस्लाम (67 वर्ष) के रूप में हुई है। रहमान शेख मुहम्मद मुर्तुजा के पुत्र हैं और दरभंगा जिले के हायाघाट थाना अंतर्गत रजौली वार्ड-13 के निवासी हैं। वहीं, मुहम्मद इस्लाम वदूद के पुत्र हैं और मधुबनी जिले के औशी/बिस्फी थाना क्षेत्र के खैरी बाँका वार्ड-09 के रहने वाले हैं।
रेल थाना समस्तीपुर में इस मामले को कांड संख्या-159/26 के तहत दर्ज किया गया है। पुलिस अब इन फर्जी टिकटों को उपलब्ध कराने वाले नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य व्यक्तियों की तलाश में जुट गई है।
संगठित गिरोह की आशंका, रेलवे ने यात्रियों से की खास अपील
प्रारंभिक जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि यह मामला किसी बड़े संगठित जाली टिकट गिरोह से जुड़ा हो सकता है। रेलवे पुलिस तकनीकी साक्ष्यों और अन्य जानकारियों के आधार पर इस पूरे नेटवर्क का खुलासा करने का प्रयास कर रही है। अधिकारियों ने बताया कि जांच आगे बढ़ने पर और भी गिरफ्तारियां संभव हैं।
रेलवे प्रशासन ने सभी यात्रियों से अपील की है कि वे टिकट हमेशा रेलवे के अधिकृत काउंटर या IRCTC के आधिकारिक माध्यम से ही खरीदें। यदि कोई व्यक्ति कम कीमत या किसी अन्य प्रलोभन में टिकट देने का दावा करता है, तो उससे सावधान रहें और तुरंत इसकी सूचना रेलवे अधिकारियों या सुरक्षा एजेंसियों को दें।
रेलवे का लक्ष्य है कि इस तरह के धोखाधड़ी पर पूरी तरह से लगाम लगाई जा सके और यात्रियों को सुरक्षित व विश्वसनीय यात्रा सेवा प्रदान की जा सके। यह जांच यात्रियों के हितों की रक्षा और रेलवे प्रणाली में विश्वास बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है।








