Bihar Weather: बिहार में मॉनसून की सुस्ती जल्द ही खत्म होने वाली है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राज्यभर में अगले कुछ दिनों तक व्यापक बारिश, गरज के साथ छींटे और वज्रपात की संभावना जताई है। पटना स्थित मौसम विज्ञान केंद्र द्वारा जारी ताजा बुलेटिन के अनुसार, मॉनसून की गतिविधि तेज होने से पहले अगले 24 घंटों के भीतर अधिकतम तापमान में 1°C से 3°C की वृद्धि होने की उम्मीद है, जिसके बाद तापमान फिर गिरेगा।
तापमान में वृद्धि के बाद लौटेगी झमाझम बारिश
आईएमडी ने बताया कि पिछले 24 घंटों में बिहार के तापमान में कोई खास बदलाव नहीं आया है। पूर्वी चंपारण के मोतिहारी में राज्य का अधिकतम तापमान 37.2°C दर्ज किया गया, जबकि पश्चिमी चंपारण के वाल्मीकिनगर में न्यूनतम तापमान 26.0°C रहा। पूरे बिहार में अधिकतम तापमान 32.9°C से 37.2°C के बीच रहा, जबकि न्यूनतम तापमान 26.0°C से 30.9°C के बीच दर्ज किया गया। विभाग का अनुमान है कि 27 जुलाई को अधिकतम तापमान में थोड़ी बढ़ोतरी होगी, जिसके बाद बारिश की गतिविधि बढ़ने से इसमें गिरावट आएगी।






बंगाल की खाड़ी में बना दबाव क्षेत्र, मॉनसून को मिलेगी रफ्तार
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, उत्तर-पश्चिमी बंगाल की खाड़ी और इससे सटे ओडिशा-पश्चिम बंगाल तट पर बना कम दबाव का क्षेत्र अब एक डिप्रेशन में बदल गया है। यह दबाव क्षेत्र उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए और अधिक मजबूत होकर गहरे दबाव में बदलने की संभावना है। सक्रिय मॉनसून ट्रफ और संबंधित चक्रवाती परिसंचरण के साथ मिलकर, यह प्रणाली बिहार में बारिश को महत्वपूर्ण रूप से बढ़ाएगी। आईएमडी ने चेतावनी दी है कि अगले कुछ दिनों तक कई जिलों में गरज, वज्रपात और भारी बारिश की संभावना है।
पिछले 24 घंटों में सीमित रही बारिश
पिछले 24 घंटों के दौरान बिहार में बारिश सीमित रही। आईएमडी के आंकड़ों के अनुसार, जहानाबाद में सर्वाधिक 4.5 मिमी बारिश दर्ज की गई, इसके बाद शेखपुरा (3.0 मिमी), बाढ़ (2.2 मिमी) और वैशाली (0.2 मिमी) का स्थान रहा। जहानाबाद, शेखपुरा, पटना और वैशाली जिलों के कुछ अलग-अलग स्थानों पर ही हल्की बारिश दर्ज की गई।
27 जुलाई के लिए मौसम का पूर्वानुमान
मौसम विभाग ने 27 जुलाई के लिए निम्नलिखित पूर्वानुमान जारी किए हैं:
- अगले 24 घंटों में दिन के तापमान में 1°C से 3°C की वृद्धि होगी।
- अगले पांच दिनों तक न्यूनतम तापमान में कोई महत्वपूर्ण बदलाव नहीं होगा।
- 27 जुलाई के बाद मॉनसून की गतिविधि में तेजी आएगी।
- दबाव क्षेत्र के आगे बढ़ने के कारण बिहार के कई हिस्सों में गरज, वज्रपात और भारी बारिश की अधिक संभावना है।
यह मौसमी बदलाव किसानों और आम जनता दोनों के लिए महत्वपूर्ण है। भारी बारिश और वज्रपात से बचाव के लिए लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।








