Bihar Madhubani Murder: बिहार के मधुबनी जिले के बाबूबरही में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां व्यावसायिक रंजिश ने एक युवक की जान ले ली। कम दामों पर सामान बेचने के विवाद में 25 वर्षीय दिवेश कुमार सिंह उर्फ मुन्ना को पीट-पीटकर मार डाला गया। यह वारदात स्वतंत्रता दिवस के दिन हुई थी, जिसके बाद घायल मुन्ना ने दरभंगा में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस मामले में आठ नामजद आरोपियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया है।
मधुबनी में खून-खराबा! दुकान के दाम को लेकर विवाद, पीट-पीटकर युवक को मार डाला
Bihar Madhubani Murder: बिहार के मधुबनी जिले में व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा ने एक खूनी मोड़ ले लिया है। बाबूबरही में कम दाम पर सामान बेचने के विवाद में 25 वर्षीय दुकानदार दिवेश कुमार सिंह उर्फ मुन्ना की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। स्वतंत्रता दिवस, 15 अगस्त को हुई इस घटना में गंभीर रूप से घायल मुन्ना ने रविवार देर रात दरभंगा में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस मामले में मृतक की पत्नी के बयान पर आठ नामजद सहित कई अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है।
स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, दिवेश कुमार सिंह उर्फ मुन्ना अपने बलानशेर शहर गांव स्थित दुकान पर बाजार भाव से कम कीमतों पर सामान बेचता था। इसी बात को लेकर पड़ोसी व्यापारी और आरोपी पक्ष के लोग लगातार उस पर दबाव बना रहे थे। उनका तर्क था कि मुन्ना की इस नीति के कारण उनके ग्राहक टूट रहे हैं और उनके व्यवसाय पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।
कम दाम पर सामान बेचना पड़ा भारी, परिवार पर भी हमला
15 अगस्त को इसी व्यावसायिक रंजिश को लेकर विवाद इतना बढ़ गया कि हमलावरों ने मुन्ना पर हमला कर दिया। हथियारबंद आरोपियों ने मुन्ना, उसके भाई राजा और उनकी बुजुर्ग मां पर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से जानलेवा हमला किया। इस दौरान दुकान में लूटपाट का आरोप भी लगाया गया है। गंभीर रूप से घायल तीनों लोगों को पहले सीएचसी बाबूबरही ले जाया गया, जहां से प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें मधुबनी रेफर कर दिया गया। जब मुन्ना की स्थिति में सुधार नहीं हुआ, तो उसे बेहतर इलाज के लिए दरभंगा भेजा गया, लेकिन रविवार देर रात उसकी मौत हो गई।
आठ नामजद आरोपियों पर केस, पुलिस की छापेमारी जारी
दिवेश कुमार सिंह उर्फ मुन्ना की पत्नी ज्योति देवी के बयान पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। प्राथमिकी में पड़ोसी वेद प्रकाश राउत, रामबाबू राउत, दिलीप राउत सहित आठ लोगों को नामजद किया गया है, जबकि कुछ अन्य अज्ञात व्यक्तियों को भी आरोपी बनाया गया है।
थानाध्यक्ष राहुल कुमार ने घटना की पुष्टि करते हुए कहा, ‘मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है। गांव में किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है।’
पुलिस अब सभी नामजद आरोपियों और अन्य अज्ञात हमलावरों की तलाश में जुट गई है। इस घटना से पूरे बलानशेर शहर गांव और बाबूबरही क्षेत्र में तनाव का माहौल है, जिसे देखते हुए पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है।
कम कीमत पर सामान बेचना बना मौत का कारण
जानकारी के अनुसार, बाबूबरही के बलानशेर शहर गांव में दिवेश कुमार सिंह उर्फ मुन्ना अपनी दुकान पर बाजार भाव से कम कीमत पर सामान बेचते थे। इसी बात को लेकर उनके पड़ोसी व्यापारी और आरोपी पक्ष लगातार उन पर नाराजगी जता रहा था। आरोपियों का तर्क था कि मुन्ना के कम दाम पर सामान बेचने से उनके ग्राहक टूट रहे थे और उनके व्यवसाय पर सीधा असर पड़ रहा था।
15 अगस्त को इसी बात पर विवाद इतना बढ़ गया कि आरोपियों ने मुन्ना, उनके भाई राजा और उनकी बुजुर्ग मां पर लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से जानलेवा हमला कर दिया। इस दौरान दुकान में लूटपाट का आरोप भी लगाया गया है। गंभीर रूप से घायल तीनों को पहले सीएचसी बाबूबरही ले जाया गया, फिर उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए मधुबनी और बाद में दरभंगा रेफर कर दिया गया।
दरभंगा में इलाज के दौरान तोड़ा दम, 8 नामजद आरोपी
दरभंगा में इलाज के दौरान रविवार देर रात दिवेश कुमार सिंह उर्फ मुन्ना ने दम तोड़ दिया, जिससे परिवार में मातम पसर गया। मृतक की पत्नी ज्योति देवी ने इस मामले में पुलिस को बयान दिया है। उनके बयान के आधार पर पड़ोसी वेद प्रकाश राउत, रामबाबू राउत, दिलीप राउत सहित आठ नामजद व्यक्तियों और कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या और हमला करने का आरोप लगाते हुए प्राथमिकी दर्ज की गई है।
थानाध्यक्ष राहुल कुमार ने बताया, “मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है। गांव में किसी भी अप्रिय घटना से बचने के लिए एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है।”
पुलिस फिलहाल सभी नामजद आरोपियों की तलाश में जुटी हुई है और उन्हें जल्द से जल्द गिरफ्तार करने का प्रयास कर रही है। गांव में तनाव को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है ताकि शांति व्यवस्था बनी रहे।
बाबूबरही में हुई इस हत्या ने व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा में बढ़ती हिंसा की प्रवृत्ति पर चिंताएं बढ़ा दी हैं। पुलिस की सक्रियता से उम्मीद है कि जल्द ही सभी आरोपी सलाखों के पीछे होंगे और पीड़ित परिवार को न्याय मिल पाएगा। इस घटना से स्थानीय व्यापारिक समुदाय में भी भय का माहौल है।







