Bihar AIIMS Darbhanga: बिहार के दरभंगा में प्रस्तावित एम्स (अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान) के निर्माण कार्य में तेजी लाने के लिए जिलाधिकारी कौशल कुमार ने महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने अधिकारियों को एम्स साइट पर मिट्टी भराई के लिए एक विस्तृत और वैधानिक खनन योजना तैयार करने का सख्त आदेश दिया है। इस कदम से लंबे समय से अटके इस महत्वपूर्ण परियोजना को नई गति मिलने की उम्मीद है।
समाहरणालय में आयोजित एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ने जिले की विभिन्न नदियों में जमा सिल्ट, गाद और बालू के वैज्ञानिक सर्वेक्षण पर गहन चर्चा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि दरभंगा एम्स निर्माण स्थल पर भराव के लिए आवश्यक सामग्री की उपलब्धता हर हाल में नियमानुसार सुनिश्चित की जानी चाहिए। यह फैसला निर्माण कार्य की एक बड़ी बाधा को दूर करने में सहायक होगा।
एम्स निर्माण में मिट्टी भराई क्यों है जरूरी?
एम्स जैसे बड़े अस्पताल के निर्माण के लिए मजबूत नींव और समतल भूमि की आवश्यकता होती है। इसके लिए बड़ी मात्रा में मिट्टी, सिल्ट और गाद से भराई का काम किया जाता है। जिलाधिकारी कौशल कुमार ने संवेदक को निर्देश दिया है कि नदियों से गाद व सिल्ट निकालने के लिए एक वैधानिक खनन योजना तत्काल तैयार की जाए। इस योजना को जिला खनिज विकास पदाधिकारी से अनुमोदन प्राप्त करना होगा। इसके बाद केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) लेना अनिवार्य होगा।
जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को यह सुनिश्चित करने को कहा कि सभी कानूनी व पर्यावरणीय प्रक्रियाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। इन सभी अनुमतियों के मिलने के बाद ही एम्स निर्माण स्थल पर भराई का कार्य शुरू किया जा सकेगा। इससे परियोजना में किसी भी तरह की कानूनी अड़चन से बचा जा सकेगा।
समन्वय से मिलेगी दरभंगा एम्स निर्माण को गति
बैठक में खनिज विकास पदाधिकारी सुमन कुमारी को संबंधित तकनीकी विभागों और अधिकारियों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि पूरी प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाया जा सके। बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल दरभंगा और प्रमंडल-एक के अभियंताओं ने नदियों में चिह्नित गाद एवं सिल्ट की वर्तमान स्थिति का ब्योरा प्रस्तुत किया।
जिलाधिकारी ने उपलब्ध सामग्री का सटीक तकनीकी आकलन कर शीघ्र आगे की कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। इस ठोस पहल से बिहार के लोगों की बहुप्रतीक्षित स्वास्थ्य सुविधा, दरभंगा एम्स, के निर्माण को गति मिलेगी और यह जल्द ही हकीकत बन सकेगा।
पढ़िए विस्तार से
नदी में जमा सिल्ट,गाद एवं बालू के सर्वेक्षण को लेकर समीक्षा बैठक
एम्स निर्माण के लिए मिट्टी भराई हेतु नियमानुसार खनन योजना तैयार करने का निर्देश
दरभंगा, जिलाधिकारी दरभंगा कौशल कुमार की अध्यक्षता में जिला अंतर्गत नदियों में जमा सिल्ट, गाद एवं बालू के सर्वेक्षण को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जिले की विभिन्न नदियों में उपलब्ध सिल्ट, गाद एवं बालू की स्थिति, उसके सर्वेक्षण तथा नियमानुसार उपयोग की संभावनाओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि एम्स निर्माण कार्य में मिट्टी भराई हेतु आवश्यक मिट्टी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए संवेदक द्वारा नियमानुसार खनन योजना तैयार की जाए। उन्होंने निर्देश दिया कि तैयार खनन योजना को खनिज विकास पदाधिकारी से अनुमोदित कराने के पश्चात पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय, भारत सरकार से आवश्यक पर्यावरणीय स्वीकृति प्राप्त की जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि सभी आवश्यक वैधानिक प्रक्रियाओं का पालन करते हुए कार्य प्रारंभ किया जाए।
जिलाधिकारी ने खनिज विकास पदाधिकारी सुमन कुमारी को संबंधित विभागों एवं पदाधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया।बैठक के दौरान बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, दरभंगा तथा बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, दरभंगा-1 के अभियंताओं द्वारा संबंधित नदियों में चिन्हित गाद एवं सिल्ट के संबंध में जानकारी दी गई।
जिलाधिकारी ने उक्त स्थलों पर उपलब्ध सामग्री की स्थिति का आवश्यक सर्वेक्षण एवं आकलन कर खनिज विकास पदाधिकारी को अग्रेतर कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। बैठक में खनिज विकास पदाधिकारी सुमन कुमारी सहित बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, दरभंगा एवं दरभंगा-1 के अभियंता तथा संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।





