Bihar Road Project: भागलपुर के लोगों के लिए अहम खबर सामने आई है। जिले में सड़क कनेक्टिविटी को और मजबूत बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर तेजी से काम किया जा रहा है। इन परियोजनाओं के कार्य में गति लाने के लिए अब कड़े निर्देश जारी किए गए हैं। पथ निर्माण मंत्री कुमार शैलेन्द्र ने अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की, जिसमें जिले में बन रहे रोड, पुल और आरओबी (ROB) को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए गए।
इस बैठक में भागलपुर कमिशनरी के तहत आने वाले पथ प्रमंडलों, राष्ट्रीय उच्च पथ (NH) प्रमंडलों, बिहार राज्य पुल निर्माण निगम लिमिटेड (BRPNNL) और बिहार राज्य पथ विकास निगम लिमिटेड (BSRDCL) के अधीन संचालित सड़क, पुल और ROB परियोजनाओं की गहन समीक्षा की गई। मंत्री ने स्पष्ट किया कि गुणवत्ता और समय-सीमा से कोई समझौता नहीं होगा।
इन प्रमुख सड़कों और बाईपास पर हुई समीक्षा
बैठक के दौरान कई महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं की स्थिति का जायजा लिया गया। इनमें भागलपुर–अमरपुर–बांका (SH-25) के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण का काम शामिल है। इसके अलावा, सुल्तानगंज–तारापुर–बेलहर–कटोरिया–दर्दमारा (SH-22) के फोरलेन कार्य की प्रगति पर भी चर्चा हुई। भागलपुर–कहलगांव–मिर्जाचौकी NH-80 और NH-333A के कटोरिया, लखपुरा, बांका और पंजवारा बाईपास सहित अन्य विभिन्न सड़क परियोजनाओं की समीक्षा की गई।
पुल और आरओबी परियोजनाओं पर भी दिए निर्देश
पथ निर्माण मंत्री ने पुल और ROB परियोजनाओं की भी बारीकी से जानकारी ली। इसमें भागलपुर–बौंसी रेलवे लाइन पर ROB, एस.एम. कॉलेज–मिर्जानहाट मार्ग पर ROB, औरहनी नदी पर H.L. RCC ब्रिज और सुखनिया नदी पर 4-लेन H.L. RCC मेजर ब्रिज की स्थिति पर ध्यान केंद्रित किया गया। सुल्तानगंज-अगुवानी घाट गंगा पुल सहित कई अन्य परियोजनाओं के संबंध में भी आवश्यक निर्देश दिए गए।
मंत्री कुमार शैलेन्द्र ने सभी परियोजनाओं में गुणवत्ता के साथ, समय पर काम पूरा करने और लंबित कार्यों एवं बाधाओं के जल्द से जल्द समाधान को लेकर अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने भू-अर्जन, रेलवे (GAD/NOC approval), वन विभाग (Forest Clearance) और विद्युत विभाग (Utility Shifting) से जुड़े लंबित मामलों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के लिए संबंधित अधिकारियों को आदेश दिया।
गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं, तेजी से काम पूरा करने का लक्ष्य
समीक्षा के क्रम में मुंगेर (सफीयाबाद)-बरियारपुर-घोरघट-सुल्तानगंज गंगा पथ और सुल्तानगंज-भागलपुर-सबौर गंगा पथ की वर्तमान स्थिति पर भी बात हुई। मंत्री ने भू-अर्जन, फॉरेस्ट एवं पर्यावरण क्लीयरेंस सहित अन्य तकनीकी प्रक्रियाओं को तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए। NH-80 (भागलपुर-कहलगांव-मिर्जाचौकी खंड) के अंतर्गत 47.815 किमी मार्ग के पुनर्वास और टू लेन विथ पेव्ड शोल्डर चौड़ीकरण कार्य की भौतिक प्रगति 95 प्रतिशत से अधिक पूरी कर ली गई है, जो एक सकारात्मक संकेत है।
अमरपुर बाईपास (7.052 किमी) के तहत भू-अर्जन की प्रक्रिया को भी जल्द पूरा कराकर निर्माण कार्य पूरा करने का आदेश दिया गया। मंत्री ई. कुमार शैलेन्द्र ने सख्त निर्देश दिए कि पथों, पुल और ROB के निर्माण कार्य की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और सभी परियोजनाओं को निर्धारित लक्ष्य के भीतर हर हाल में पूरा किया जाए। इससे भागलपुर और आसपास के क्षेत्रों में आवागमन और भी सुगम हो जाएगा।







