Bihar PACS: धान खरीद वर्ष 2025-26 से जुड़ा एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां सीवान जिले के नौ पैक्स (PACS) पर कुल 467.91 टन सीएमआर (CMR) बकाया है। समय पर सीएमआर जमा न करने के कारण इन पैक्सों पर अब कड़ी कार्रवाई की तलवार लटक गई है। सारण प्रमंडल के संयुक्त निबंधक सहकारिता सैयद मसरूक आलम ने सख्त निर्देश जारी किए हैं।
सैयद मसरूक आलम ने आदेश दिया है कि संबंधित पैक्स बकाया सीएमआर के बराबर की पूरी राशि 13 अक्टूबर तक सीसीपी खाते में जमा कराएं। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय में राशि जमा नहीं होती है, तो संबंधित पदाधिकारियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह निर्देश धान खरीद की समीक्षा बैठक के बाद आया है, जिसमें बड़ी अनियमितता उजागर हुई थी।
इन 9 पैक्सों पर है सबसे अधिक सीएमआर बकाया
सीएमआर जमा न करने वाले पैक्सों में जीरादेई प्रखंड का नरेंद्रपुर पैक्स सबसे आगे है, जिस पर 168.83 टन सीएमआर बकाया है। इसके अलावा, जिले के अन्य कई पैक्स भी इस सूची में शामिल हैं। कुल नौ पैक्सों पर 467.91 टन सीएमआर लंबित है, जिसे जल्द से जल्द जमा करने का निर्देश दिया गया है।
| प्रखंड | पैक्स का नाम | बकाया सीएमआर (टन) |
|---|---|---|
| जीरादेई | नरेंद्रपुर पैक्स | 168.83 |
| पचरुखी | हरदिया पैक्स | 85.85 |
| रघुनाथपुर | बरुआ पैक्स | 56.28 |
| बढ़हरिया | बहुआरा कादिर पैक्स | 26.42 |
| दरौली | सराहरवा पैक्स | 25.56 |
| दरौंदा | रुकुंदीपुर पैक्स | 26.99 |
| नौतन | खाप बनकट पैक्स | 27.28 |
| नौतन | मुरारपट्टी पैक्स | 23.42 |
| जीरादेई | छोटका मांझा पैक्स | 27.28 |
यह बकाया राशि जमा न होने से धान खरीद प्रक्रिया और किसानों के भुगतान पर सीधा असर पड़ रहा है, जिस पर प्रशासन ने गंभीरता से संज्ञान लिया है।
अधिकारियों को समन्वय और निगरानी का निर्देश
संयुक्त निबंधक ने संबंधित प्रखंडों के सहकारिता प्रसार पदाधिकारी, कलस्टर पदाधिकारी और जिला केंद्रीय सहकारी बैंक के शाखा प्रबंधकों को पैक्स अध्यक्ष एवं प्रबंधक से समन्वय स्थापित कर राशि जमा कराने का निर्देश दिया है। सहायक निबंधक सहकारिता, सीवान अंचल और जिला सहकारिता पदाधिकारी को इस पूरे मामले की गहन निगरानी करने के लिए कहा गया है।
सैयद मसरूक आलम ने कहा, ‘समय पर सीएमआर जमा नहीं करने वाले पैक्सों से बकाया राशि की पूरी वसूली कर सीसीपी खाते में जमा कराना जरूरी है। संबंधित पदाधिकारी पैक्स अध्यक्ष और प्रबंधक से समन्वय कर 13 अक्टूबर तक राशि जमा कराना सुनिश्चित करें। तय समय के बाद भी राशि जमा नहीं होने पर जिम्मेदार पदाधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जायेगी।’
लापरवाही पर होगी अनुशासनात्मक कार्रवाई
इस मामले में उच्च स्तरीय समीक्षा बैठकें पहले भी हो चुकी हैं। पांच अक्टूबर को पटना में मंत्री की अध्यक्षता में सारण एवं दरभंगा प्रमंडल की बैठक में धान खरीद की समीक्षा के दौरान यह मुद्दा प्रमुखता से उठा था। इससे पहले 23 सितंबर को हुई प्रमंडलीय बैठक में भी समय पर सीएमआर जमा न करने वाले पैक्सों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे। निर्धारित समय तक पूरी राशि सीसीपी खाते में जमा न होने पर संबंधित सहकारिता प्रसार पदाधिकारी के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई का प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया गया है। साथ ही, पैक्सों के साथ जिम्मेदार पदाधिकारियों की भूमिका की भी जांच की जाएगी और लापरवाही सामने आने पर उनके खिलाफ भी अनुशासनात्मक कार्रवाई शुरू की जाएगी।
अगले कदम और संभावित प्रभाव
सीवान में पैक्सों पर बकाया सीएमआर की वसूली के लिए प्रशासन पूरी तरह से सक्रिय हो गया है। 13 अक्टूबर की अंतिम तिथि के बाद, यदि राशि जमा नहीं होती है, तो न केवल संबंधित पैक्स अध्यक्षों और प्रबंधकों पर बल्कि निगरानी करने वाले अधिकारियों पर भी कार्रवाई होना तय है। यह कदम धान खरीद प्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।







