Bihar Food Safety: बिहार में आम लोगों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए खाद्य प्रतिष्ठानों पर लगातार कार्रवाई हो रही है. खाद्य संरक्षा आयुक्त कुमार रवि के निर्देश पर राज्य के विभिन्न जिलों में खाद्य संरक्षा अधिकारी नियमित निरीक्षण कर रहे हैं. नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई की जा रही है, जिससे आम लोगों की सेहत से खिलवाड़ करने वालों पर लगाम लग सके.
इसी कड़ी में, पटना के एस.पी. वर्मा रोड स्थित पिस्ता हाउस, पाइरेट्स ऑफ ग्रिल सहित कई अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया. इस दौरान खाद्य पदार्थों के भंडारण, रसोई की स्वच्छता, शाकाहारी और मांसाहारी भोजन को अलग रखने, जल निकासी, कीट नियंत्रण और कर्मचारियों की व्यक्तिगत स्वच्छता जैसे महत्वपूर्ण मानकों की जांच की गई. जांच के दौरान कई गंभीर अनियमितताएं सामने आईं.
पिस्ता हाउस में लाखों का एक्सपायरी माल जब्त, गलत ब्रांडिंग भी पकड़ी
एस.पी. वर्मा रोड स्थित पिस्ता हाउस के निरीक्षण में चौंकाने वाले खुलासे हुए. यहां बड़ी मात्रा में एक्सपायरी और गलत ब्रांडिंग वाले खाद्य पदार्थ जब्त किए गए. जब्त की गई सामग्री का कुल अनुमानित मूल्य 56,400 रुपये है. इसके अतिरिक्त, एक्सपायरी हो चुके एमडीएच के मसाले भी बड़ी संख्या में नष्ट किए गए.
| सामग्री | मात्रा | स्थिति |
|---|---|---|
| ड्राइड चेरी | 15 किलोग्राम | जब्त |
| ड्राइड पाइनएप्पल | 42 किलोग्राम | जब्त |
| ड्राइड जिंजर | 32 किलोग्राम | जब्त |
| लाजवाब डेट्स पेस्ट | 7.5 किलोग्राम | जब्त (गलत ब्रांडिंग) |
इन जब्त सामग्रियों का कुल अनुमानित मूल्य 56,400 रुपये बताया गया है. इसके अलावा, एक्सपायरी हो चुके एमडीएच तंदूरी मसाला के 66 पैकेट (कीमत 6,468 रुपये) और एमडीएच गरम मसाला के 51 पैकेट (कीमत 5,559 रुपये) भी नष्ट किए गए. इस निरीक्षण में शाकाहारी और मांसाहारी खाद्य पदार्थों को एक साथ रखने, फ्रीजर कक्ष में पर्याप्त रोशनी न होने, कीट नियंत्रण की व्यवस्था न होने, पानी की जांच रिपोर्ट उपलब्ध न होने और कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाणपत्र प्रस्तुत न किए जाने जैसी कई अन्य कमियां भी उजागर हुईं. जल निकासी और सीवरेज व्यवस्था में भी तत्काल सुधार की आवश्यकता बताई गई है.
पाइरेट्स ऑफ ग्रिल में भी बड़ी अनियमितताएं, FSSAI नंबर तक नहीं
पाइरेट्स ऑफ ग्रिल के निरीक्षण में भी खाद्य संरक्षा अधिकारियों को कई गंभीर खामियां मिलीं. यहां से भी बड़ी मात्रा में मसाले जब्त किए गए, जिनकी कीमतें काफी अधिक बताई गई हैं.
| सामग्री | मात्रा | अनुमानित मूल्य (रुपये) |
|---|---|---|
| लाल मिर्च पाउडर | 5 किलोग्राम | 62,500 |
| धनिया पाउडर | 5 किलोग्राम | 4,500 |
| सोंठ पाउडर | 3 पैकेट | 1,050 |
इस प्रतिष्ठान की रसोई में जल निकासी व्यवस्था खराब पाई गई, जिससे पानी जमा हो रहा था. फ्रीजर में शाकाहारी और मांसाहारी खाद्य पदार्थों को एक साथ रखा गया था, जो खाद्य सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन है. बिल पर एफएसएसएआई लाइसेंस या पंजीकरण संख्या अंकित न होना भी एक बड़ी अनियमितता के रूप में दर्ज किया गया. हालांकि, प्रतिष्ठान के ऑटो-जेनरेटेड निरीक्षण प्रतिवेदन में इसे 116 में से 112 अंक (97 प्रतिशत) देकर अनुपालन की श्रेणी में रखा गया था, बावजूद इसके शाकाहारी-मांसाहारी भोजन को अलग रखने, जल निकासी में सुधार और मापने वाले उपकरणों के कैलिब्रेशन जैसे महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए. सुधार नोटिस की अनुशंसा भी की गई है.
अन्य प्रतिष्ठानों से भी नमूने संग्रहित, जांच के लिए लैब भेजे गए
इस विशेष जांच अभियान के दौरान एस.पी. वर्मा रोड स्थित बर्गर सिंह हाउस सहित अन्य खाद्य प्रतिष्ठानों का भी निरीक्षण किया गया. बर्गर सिंह हाउस से इमल्सीफाइड सॉस (फ्राइज डिप) और मेयोनेज़ के नमूने लिए गए. पूरे अभियान के तहत धनिया पाउडर, सोंठ पाउडर, बादाम, पनीर, लाल मिर्च पाउडर, ड्राइड चेरी, ड्राइड पाइनएप्पल, ड्राइड जिंजर, डेट्स पेस्ट और खुली किशमिश सहित विभिन्न खाद्य पदार्थों के नमूने संग्रहित किए गए हैं. इन सभी नमूनों को गुणवत्ता और निर्धारित मानकों की जांच के लिए संयुक्त खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया है. खाद्य संरक्षा टीम ने संबंधित प्रतिष्ठानों को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, सुरक्षित भंडारण, रसोई की स्वच्छता, कर्मचारियों की व्यक्तिगत स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए हैं. विभाग नियमों का उल्लंघन करने वालों पर लगातार कार्रवाई कर आम लोगों को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है.







