Kishanganj News: भागलपुर जिले के सुल्तानगंज में सिपाही समीर कुमार की मौत की खबर से पूरा गंगापुर वार्ड संख्या 21 सदमे में है। किशनगंज सदर थाना परिसर में अपनी सर्विस पिस्टल से गोली लगने से हुई उनकी मौत की सूचना रविवार सुबह करीब आठ बजे परिवार को मिली। मृतक के पिता नागेश्वर दास ने बताया कि समीर कुमार अक्सर अपनी ड्यूटी के तनाव में रहते थे।
सिपाही की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़
सेवानिवृत्त शिक्षक नागेश्वर दास ने गहरे दुख के साथ बताया कि अगस्त में छुट्टी पर घर आने के बाद समीर वापस किशनगंज चला गया था। परिवार के सदस्यों से उसकी हर दिन फोन पर बात होती थी। उनके अनुसार, समीर ने अपनी सर्विस पिस्टल से खुद को गोली मारी थी। इस घटना से पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
समीर के पिता नागेश्वर दास ने कहा, ‘मेरा बेटा ड्यूटी के तनाव में रहता था। उसकी मौत की वास्तविक वजह पुलिस की जांच के बाद ही साफ हो सकेगी।’
समीर कुमार की पहली पोस्टिंग वर्ष 2015 में समस्तीपुर में हुई थी। इसके बाद उन्होंने मधुबनी में भी सेवा दी और फिर किशनगंज में तैनात हुए। उन्होंने इंटर तक की पढ़ाई की थी। वर्ष 2011 में उनकी शादी पूजा कुमारी से हुई थी।
दो बच्चों के सिर से उठा पिता का साया
समीर कुमार के दो छोटे बच्चे हैं। उनकी बेटी तन्नुश्री छठी कक्षा में पढ़ती है, जबकि बेटा आर्यन राज दूसरी कक्षा का छात्र है। परिजनों ने बताया कि समीर मिलनसार स्वभाव के थे और सभी से घुल-मिलकर रहते थे। त्योहारों पर वह कभी-कभी ही घर आ पाते थे।
पुलिस इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है। परिवार के सदस्य घटना की सूचना मिलते ही किशनगंज के लिए रवाना हो गए हैं। समीर कुमार की मौत के पीछे ड्यूटी का तनाव ही मुख्य वजह थी या कोई अन्य कारण, यह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।







