दरभंगा, देशज टाइम्स ब्यूरो। संगीत भक्ति का एक सशक्त माध्यम है। सभ्यता के विकास के साथ ही संगीत का भी विकास होता गया। यह अनेक असाध्य रोगों के इलाज का कारगर माध्यम है। यह बात डीएमसीएच अधीक्षक डॉ. आरआर प्रसाद ने भारत विकास परिषद्, विद्यापति शाखा, दरभंगा के तत्वाधान में ज्ञान दर्शन शिक्षण संस्थान बेनीपुर में आयोजित शरद उत्सव कार्यक्रम सह राष्ट्र निर्माण में संगीत का महत्त्व विषयक संगोष्ठी में मुख्य अतिथि के रूप में कही। बतौर विशिष्ट अतिथि समाजसेवी काजल यादव ने मानव जीवन में संगीत के महत्व व राष्ट्र निर्माण में संगीत की भूमिका पर विस्तृत चर्चा की।भारत विकास परिषद् के अध्यक्ष अनिल अग्रवाल ने कहा कि संगीत के बिना हमारा जीवन अधूरा है। संगीत हमारे जीवन के सात चक्रों को नियमित करता है। परिषद के संगठन सचिव डॉ. आरएन चौरसिया ने कहा कि संगीत व्यक्ति को सुसंस्कृत व सामाजिक बनाता है। यह ईश्वर प्राप्ति का सहज व सरल माध्यम है। संगीत हमारे जीवन में टॉनिक का काम करते हैं। संगीत मानव को मानव से जोड़ता है।

यह सामाजिक समरसता तथा राष्ट्र निर्माण में एक मजबूत माध्यम का काम करता है। इसअवसर पर परिषद की ओर से कोषाध्यक्ष श्रीरमन अग्रवाल,रंजीत कुमार श्रीवास्तव, राजकुमार, डॉ. अंजू कुमारी, रेनू अग्रवाल, राजेश कुमार,रिंकु कुमारी, डॉ. शंकर झा, प्रेरणा नारायण, सुशील कुमार, डॉ. भक्ति नाथ झा ने विचार रखे। कार्यक्रम में स्थानीय विद्यालयों के छात्र-छात्राओं व प्रोफेशनल कलाकारों ने शरद ऋतु से संबंधित व लोक, राष्ट्रीय गीत व नृत्य से लोगों का मन मोह लिया। कार्यक्रम में अतिथियों का स्वागत संस्थान के निदेशक रंजन कुमार ने किया जबकि धन्यवाद ज्ञापन विजय कुमार यादव ने दिया। वहीं भारत विकास परिषद के तत्वावधान में मध्य विद्यालय, डखराम, बेनीपुर में चालीस से अधिक दलित व जरूरतमंद बच्चे बच्चियों के बीच जैकेट व स्वेटर का वितरण किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के प्रधानाध्यापक शत्रुघ्न कुमार, रमन कुमार रंजीत कुमार झा, रमेश कुमार, पुष्पम कुमारी, रेनू कुमारी, माला कुमारी, विश्वनाथ प्रसाद, विजय चंद्र मंडल,गोपाल दास ने अपने विचार रखे। कार्यक्रम का प्रारंभ राष्ट्र गीत- वंदे मातरम से तथा समापन राष्ट्रगान -जन गण मन से हुआ।








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