Darbhanga Police: प्रभास रंजन दरभंगा। बिहार में दरभंगा पुलिस की कार्यशैली पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। कोतवाली थाना परिसर से एक शराब कारोबारी पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। हालांकि, पुलिस की मुस्तैदी से कुछ ही घंटों के भीतर उसे दोबारा गिरफ्तार कर लिया गया, लेकिन इस घटना ने थाने में तैनात पुलिसकर्मियों की लापरवाही उजागर कर दी है।
शुक्रवार दोपहर म्यूजियम गुमती के पास गश्ती दल ने 27 वर्षीय विजय कुमार सहनी को दबोचा था। उसके पास से 5.40 लीटर विदेशी शराब बरामद हुई। हिरासत में लेने के बाद उसे कोतवाली थाना लाया गया, जहां पूछताछ के लिए एक कमरे में रखा गया था। इसी दौरान विजय सहनी ने शौचालय जाने का बहाना बनाकर पुलिस को चकमा दिया और थाने से फरार हो गया। विजय कुमार सहनी बहेड़ा थाना क्षेत्र के मोहन गांव का रहने वाला है और शराब कारोबार में उसकी गहरी संलिप्तता बताई जाती है।
थाने से भागा, गांव की ओर जाते हुए फिर पकड़ाया
शराब कारोबारी के थाने से फरार होने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की। कोतवाली थानाध्यक्ष नीतीश कुमार ने बताया कि फरार होने के बाद विजय सहनी अपने गांव की ओर भाग रहा था। पुलिस ने पीछा कर उसे रास्ते में ही दोबारा गिरफ्तार कर लिया। इस घटना ने पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिया है।
कोतवाली थानाध्यक्ष नीतीश कुमार ने कहा, ‘वह थाना से भाग कर गांव की ओर जा रहा था इस दौरान उसे गिरफ्तार किया गया है। आखिर वह शौचालय जाने के लिए किसी पुलिस पदाधिकारी या पुलिसकर्मी को बोला होगा। लेकिन किन परिस्थिति में उसे अकेले जाने दिया गया। ऐसे लापरवाह पुलिसकर्मी पर कार्रवाई होनी चाहिए।’
लापरवाह पुलिसकर्मियों पर गिरेगी गाज?
विजय सहनी के फरार होने के बाद पुलिसकर्मियों के ‘हाथ-पैर फूलने’ लगे थे। अब इस मामले की जांच की जा रही है कि आखिर किन परिस्थितियों में एक आरोपी को शौचालय जाने के लिए अकेला छोड़ दिया गया। थानाध्यक्ष ने स्वयं लापरवाह पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की बात कही है। जांच के बाद यह पता चलेगा कि घटना के वक्त कौन-कौन से पुलिसकर्मी ड्यूटी पर थे और उनकी लापरवाही का स्तर क्या था। इस तरह की घटनाएं अक्सर पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाती हैं, जहां आरोपी आसानी से चकमा देकर फरार हो जाते हैं, भले ही बाद में उन्हें दोबारा पकड़ लिया जाए।






