
दरभंगा, देशज टाइम्स ब्यूरो। जिलाधिकारी कक्ष में जिलाधिकारी राजीव रौशन की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री सात निश्चय योजना के अंतर्गत आर्थिक हल युवाओं को बल में बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना, मुख्यमंत्री निश्चय स्वयं सहायता भत्ता योजना, कुशल युवा कार्यक्रम तथा हर घर नल का जल योजना की प्रगति की समीक्षा बैठक की गयी।






बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की समीक्षा के दौरान जिला निबंधन-सह-परामर्श केंद्र के जिला प्रबंधक ने बताया कि जिले का लक्ष्य 40 हजार 112 तथा 6,131 स्टूडेन्ट क्रेडिट कार्ड निर्गत किए गए हैं।
जिलाधिकारी श्री रौशन ने कहा कि बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना में जिला की स्थिति संतोषजनक नहीं है। इस योजना को आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों को उच्च शिक्षा प्राप्त करने के उद्देश्य से लागू किया गया है। इसका व्यापक प्रचार प्रसार किया जाए।
बैठक में बताया गया कि बिहार स्टूडेन्ट क्रेडिट कार्ड योजना के अन्तर्गत छात्रों को 04 प्रतिशत् सामान्य ब्याज दर पर, छात्राओं एवं दिव्यांगों को 01 प्रतिशत् के सामान्य ब्याज दर पर 04 लाख रूपए का ऋण व्यवसायिक, तकनीकी एवं सामान्य उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए उपलब्ध कराया जाता है।
राशि आसान किश्तों में (82 किश्त) अध्ययन पूरा होने के उपरान्त ही ली जाती है। जिलाधिकारी ने कहा कि इतने कम ब्याज दर पर जब राशि उपलब्ध करायी जा रही है, तो फिर छात्र आवेदन क्यों नही कर रहे है। कहीं ना कहीं प्रचार-प्रसार व जागरूकता में कमी नजर आ रही है। उन्होंने डीएम डीआरसीसी को प्रत्येक महाविद्यालय में जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया।
उन्होंने डीएम, डीआरसीसी को सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी, प्रखंड परियोजना प्रबंधक (जीविका) को 200-200 आवेदन का लक्ष्य निर्धारित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जितने भी महाविद्यालय हैं, वहां नामांकन के समय ही बच्चों से इसके लिए आवेदन ले लिया जाए और उन्हें ऋण मुहैय्या करने की कार्रवाई की जाए, ताकि उन्हें भी सुविधा मिल सके और जिले का लक्ष्य भी पूरा हो सके।
सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी को आरटीपीएस काउंटर पर जाति, आय एवं आवासीय एवं क्रमिलेयर का प्रमाण-पत्र बनवाने वाले को भी इस योजना का लाभ बताकर उनसे आवेदन प्राप्त करने के निर्देश दिए।
जानकारी के अनुसार, बिहार निवासी 12वीं पास आर्थिक रूप से कमजोर छात्र बीए, बीएससी, बी कॉम, बीसीए, बीएससी आईटी, कंप्यूटर एप्लीकेशन, कंप्यूटर साइंस, बीएससी कृषि,बीएससी लाइब्रेरी साइंस,बीएससी, बीएचएमसीटी, बीटेक, होटल मैनेजमेंट, होटल मैनेजमेंट में डिप्लोमा, बीटेक, बीई, बीएससी, बीएससी नर्सिंग, बैचलर आफ फारमेसी,

बीवीएमएस, बीएएमएस, बीयूएमएस, बीएचएमएस, बीडीएस, जीएनएम, बैचलर आफ मॉस कम्यूनिकेशन, बीएससी इन फैशन टेक्नालाजी, बैचलर आफ आर्किटेक्चर, बीपीएड, बीएड,एमएससी, एमटेक, बैचलर ऑफ फिजियोथेरेपी,बैचलर आफ आक्यूपेशनल थेरेपी,डिप्लोमा इन फूड प्रोसेसिंग, फूड प्रोडक्शन,डिप्लोमा इन फूड एंड विवरेज सर्विस,बीए, बीएससी, बीएड, इंटीग्रेटेड कोर्स, बीबीए,बीएफए, डिप्लोमा इन फूड, न्यूट्रीशियन, डाइटेटिक्स, एमबीबीएस, बीएल, एलएलबी,आलिम, शास्त्री, बीटेक, बीई, (राज्य स्तरीय शिक्षा परिषद से मान्यता प्राप्त संस्थान में तीन वर्षीय डिप्लोमा में नामांकित) डिग्री के लिए ऋण प्राप्त कर सकते हैं।
मुख्यमंत्री निश्चय सहायक भत्ता योजना एवं कुशल युवा कार्यक्रम की स्थिति भी संतोषजनक नहीं पायी गयी। जिला कौशल प्रबंधक की ओर से बताया गया कि अभी तक कुशल युवा कार्यक्रम के अन्तर्गत 21 हजार 380 युवाओं को प्रशिक्षित किया गया है तथा जिले में 46 केन्द्र चल रहे हैं, जहाँ 2,556 युवाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है।
जिलाधिकारी श्री रौशन ने इस योजना के लक्ष्य प्राप्ति हेतु सभी कोचिंग सेन्टर एवं जीविका से समन्वय स्थापित करने का निर्देश दिया। हर घर नल का जल की समीक्षा के दौरान बताया गया कि जिले के 4,456 वार्डों में से 4,417 वार्डों में कार्य पूर्ण हो गया है। 20 वार्डों में प्राथमिकी दर्ज कर राशि वसूली के लिए नीलाम पत्र वाद चलाया जा रहा है। शेष 19 वार्डों में कार्य पूर्ण होने की स्थिति में है।
जिलाधिकारी श्री रौशन ने उन सभी योजनाओं, जो पूर्ण हो गए हैं, उनकी प्रविष्टि विभागीय पोर्टल पर करवाने का निर्देश दिया। शहरी क्षेत्र में हर घर मे नल का जल योजना की समीक्षा में बताया गया कि पीएचईडी एवं उडको की ओर से 77 हजार घरों को नल जल का कनेक्शन देना था। जिनमें से 40 हजार घरों में ही कनेक्शन दिया गया है, 23 हजार में गृह संयोजन बाकी है।

उडको के अभियंता ने बताया
कि अब फेज 2 के अंतर्गत 175 किलोमीटर नए पाइपलाइन बिछाकर शेष गृहों को गृह संयोजन करने की कार्रवाई की जा रही है। उडको की ओर से पाइपलाइन से गृह संयोजन करने में शिथिलता बरतने के लिए जिलाधिकारी श्री रौशन की ओर से नाराजगी व्यक्त की गयी। वहीं पीएचईडी की ओर से नगर निगम क्षेत्र में नगर निगम की राशि से 100 चापाकल गड़वाने में विलम्ब करने को लेकर भी नाराजगी व्यक्त की गयी। उन्होंने इन तथ्यों से संबंधित विभाग को अवगत कराने का निर्देश दिया।
उन्होंने उडको को फेज 2 का कार्य जल्द से जल्द शुरू करवाने तथा पाइपलाइन से जल्द से जल्द गृह संयोजन का कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिये। बैठक में उप विकास आयुक्त तनय सुल्तानिया, उप निदेशक, जन सम्पर्क नागेन्द्र कुमार गुप्ता, जिला योजना पदाधिकारी, जिला प्रबंधक, डीआरसीसी एवं अन्य संबंधित पदाधिकारीगण उपस्थित थे।









You must be logged in to post a comment.