प्रभाष रंजन, दरभंगा | एक युवक की इलाज के दौरान मौत हो जाने के बाद अस्पताल प्रशासन द्वारा शव नहीं सौंपने और अत्यधिक बिल वसूलने के विरोध में आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों ने दरभंगा-लहेरियासराय मुख्य मार्ग जाम कर दिया।
Darbhanga News: क्या है पूरा मामला?
बहेड़ी थाना क्षेत्र के नवटोल गांव निवासी किशन देव सहनी के पुत्र बबलू सहनी बाइक से बाजार जा रहे थे, तभी अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी।
- Advertisement -🔥 आज की सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें1
बांकीपुर उपचुनाव से पहले पटना में बड़ा सियासी तूफान! प्रशांत किशोर पर FIR, 20 नेता गिरफ्तार?2
Bihar Cabinet : सम्राट कैबिनेट की बैठक में 24 अहम एजेंडों पर लगी मुहर | देखें लिस्ट3
Darbhanga -Madhubani के लिए बड़ी खबर! 20 नवंबर को PM मोदी देंगे रैयाम – सकरी नई चीनी मिलों का तोहफा4
NEET FIR पर भड़का छात्र, ‘मैं रूस में हूं, फिर FIR में नाम कैसे?’ छात्र का चौंकाने वाला दावा- VIDEO जारी कर बोला- मैं तो प्रदर्शन में था ही नहीं!5
Motihari Bike Theft का ‘मिडिल मैन’…बाइक चोर गिरोह का पर्दाफाश! मोतिहारी में 28 चोरी की बाइकें समेत 12 अपराधी गिरफ्तार6
बड़ी खबर Bihar Teacher Recruitment ! बिहार में 32,388 शिक्षकों की बंपर भर्ती का रास्ता साफ| जानिए Good News किस कक्षा में कितने पदों पर होगी नियुक्ति?स्थानीय लोगों ने घायल को डीएमसीएच पहुंचाया, जहां से पटना रेफर कर दिया गया।
- Advertisement -एंबुलेंस चालक परिजनों को पटना न ले जाकर दोनार चौक स्थित एक नर्सिंग होम में भर्ती करा दिया।
इलाज के दौरान बबलू सहनी की मौत हो गई।
अस्पताल ने 78 हजार का बिल थमाया, शव नहीं सौंपा
मृतक के भाई पप्पू सहनी के अनुसार, अस्पताल प्रबंधन ने 78 हजार रुपये का बिल दे दिया, जबकि 21 हजार रुपये पहले ही दवाओं पर खर्च हो चुके थे।
अस्पताल ने पूरा भुगतान होने तक शव देने से इनकार कर दिया।
12 घंटे तक शव नहीं सौंपे जाने पर परिजनों और स्थानीय लोगों ने अस्पताल प्रशासन और प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मुख्य सड़क जाम कर दिया।
Darbhanga Police ने संभाला मोर्चा
बेंता थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार, लहेरियासराय थानाध्यक्ष दीपक कुमार, बहादुरपुर थानाध्यक्ष सुनील कुमार, कोतवाली थानाध्यक्ष राहुल कुमार और डायल 112 की पुलिस मौके पर पहुंची।
अस्पताल प्रबंधन से वार्ता कर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेजा।
शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया गया।
बेंता थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार ने बताया –
परिजनों ने अब तक लिखित शिकायत नहीं दी है। यदि शिकायत मिलती है तो जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी।














