प्रभाष रंजन, दरभंगा | एक युवक की इलाज के दौरान मौत हो जाने के बाद अस्पताल प्रशासन द्वारा शव नहीं सौंपने और अत्यधिक बिल वसूलने के विरोध में आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों ने दरभंगा-लहेरियासराय मुख्य मार्ग जाम कर दिया।
Darbhanga News: क्या है पूरा मामला?
बहेड़ी थाना क्षेत्र के नवटोल गांव निवासी किशन देव सहनी के पुत्र बबलू सहनी बाइक से बाजार जा रहे थे, तभी अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी।
- Advertisement -🔥 आज की सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें1
बेगूसराय बालिका गृह से 5 लड़कियां गायब! SP खुद मैदान में उतरे, क्या होगा? | पढ़िए – हर जगह सर्विलांस टीम एक्टिव2
Bihar में सोना खरीदना है? जानिए 24 कैरेट गोल्ड का लेटेस्ट रेट और एक्सपर्ट का चौंकाने वाला अनुमान!3
राहुल गांधी की विपक्ष के नेता पद की कुर्सी जाएगी ? BJP छिनने की तैयारी में, क्या होगी SIT जांच | जानिए – आज मकर द्वार पर क्या हुआ!4
मुजफ्फरपुर में भोजपुरी गायिका चिल्लाती रही … मैं चोर नहीं! … और भीड़ बच्चा चोर समझकर UP की भोजपुरी गायिका चंदा रानी को पीटती रही| पढ़िए – सामने आई चौंकाने वाली सच्चाई!5
INDO -Nepal Border पर बोलबम कांवरिया यात्रा पर हमला! सीमा पर बोलबम यात्रा में बवाल, पुलिस फायरिंग से युवक की मौत, 10 जख्मी6
Saran Road Accident छपरा में काल बना वाहन! पिता-पुत्र को रौंदा, 5 साल के मासूम की ऑन द स्पॉट मौत, पिता अस्पताल में तोड़ा दमस्थानीय लोगों ने घायल को डीएमसीएच पहुंचाया, जहां से पटना रेफर कर दिया गया।
- Advertisement -एंबुलेंस चालक परिजनों को पटना न ले जाकर दोनार चौक स्थित एक नर्सिंग होम में भर्ती करा दिया।
इलाज के दौरान बबलू सहनी की मौत हो गई।
अस्पताल ने 78 हजार का बिल थमाया, शव नहीं सौंपा
मृतक के भाई पप्पू सहनी के अनुसार, अस्पताल प्रबंधन ने 78 हजार रुपये का बिल दे दिया, जबकि 21 हजार रुपये पहले ही दवाओं पर खर्च हो चुके थे।
अस्पताल ने पूरा भुगतान होने तक शव देने से इनकार कर दिया।
12 घंटे तक शव नहीं सौंपे जाने पर परिजनों और स्थानीय लोगों ने अस्पताल प्रशासन और प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए मुख्य सड़क जाम कर दिया।
Darbhanga Police ने संभाला मोर्चा
बेंता थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार, लहेरियासराय थानाध्यक्ष दीपक कुमार, बहादुरपुर थानाध्यक्ष सुनील कुमार, कोतवाली थानाध्यक्ष राहुल कुमार और डायल 112 की पुलिस मौके पर पहुंची।
अस्पताल प्रबंधन से वार्ता कर शव को कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेजा।
शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया गया।
बेंता थानाध्यक्ष हरेंद्र कुमार ने बताया –
परिजनों ने अब तक लिखित शिकायत नहीं दी है। यदि शिकायत मिलती है तो जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी।














