Bihar Bullet Train: देश में हाई-स्पीड रेल नेटवर्क के विस्तार को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली-गुवाहाटी बुलेट ट्रेन कॉरिडोर को मंजूरी दे दी है। इस परियोजना से दिल्ली से पूर्वोत्तर भारत तक का सफर बेहद तेज हो जाएगा, जिससे बिहार समेत कई राज्यों के लाखों लोगों को सीधा फायदा मिलेगा। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 31 अक्टूबर को इस महत्वपूर्ण जानकारी की पुष्टि की है।

लगभग 1,500 किलोमीटर लंबा यह प्रस्तावित कॉरिडोर दिल्ली को उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल और असम से जोड़ेगा। इसके पूरा होने पर दिल्ली और गुवाहाटी के बीच की दूरी 8 घंटे से भी कम समय में तय की जा सकेगी। यह नया बुलेट ट्रेन रूट आगरा, कानपुर, लखनऊ, अयोध्या, वाराणसी, प्रयागराज, पटना और सिलीगुड़ी जैसे प्रमुख शहरों से होकर गुजरेगा, जिससे इन क्षेत्रों की कनेक्टिविटी में क्रांतिकारी बदलाव आएगा।

बिहार को मिलेगा हाई-स्पीड कनेक्टिविटी का बड़ा तोहफा
दिल्ली-गुवाहाटी हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर बिहार के लिए एक गेमचेंजर साबित होगा। प्रस्तावित रूट में बिहार की राजधानी पटना को भी शामिल किया गया है। इससे राज्य के यात्रियों, व्यापारियों और पर्यटकों के लिए दिल्ली और पूर्वोत्तर के अन्य इलाकों तक पहुंचना काफी आसान हो जाएगा। वर्तमान में लंबी दूरी की यात्रा में लगने वाला समय काफी कम हो जाएगा, जिससे आर्थिक गतिविधियों और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बताया कि उन्होंने जुलाई में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात कर और उन्हें पत्र लिखकर इस रूट को गुवाहाटी तक विस्तारित करने की मांग की थी। उनकी मांग को स्वीकार करते हुए कॉरिडोर को गुवाहाटी तक बढ़ाने की मंजूरी दी गई, जिसके लिए उन्होंने प्रधानमंत्री और रेल मंत्री का आभार व्यक्त किया। पहले यह कॉरिडोर सिलीगुड़ी तक प्रस्तावित था।
इन शहरों के बीच यात्रा का समय होगा बेहद कम
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इस कॉरिडोर के कुछ प्रमुख मार्गों पर अनुमानित यात्रा समय की जानकारी भी दी है। यह समय यात्रियों के लिए एक बड़ी राहत लेकर आएगा।
| मार्ग | अनुमानित यात्रा समय |
|---|---|
| दिल्ली से आगरा | 59 मिनट |
| दिल्ली से कानपुर | 1 घंटा 45 मिनट |
| दिल्ली से लखनऊ | 2 घंटे 12 मिनट |
| दिल्ली से वाराणसी | लगभग 3 घंटे 35 मिनट |
| लखनऊ से वाराणसी | 1 घंटा 21 मिनट |
| वाराणसी से प्रयागराज | 33 मिनट |
| वाराणसी से पटना | लगभग 1 घंटा |
| दिल्ली से सिलीगुड़ी | लगभग 6 घंटे |
| दिल्ली से गुवाहाटी | 8 घंटे से कम |
यह प्रस्तावित यात्रा समय अंतिम रूट, स्टॉपेज और ट्रेन संचालन की योजना के अनुसार तय होगा, लेकिन यह स्पष्ट है कि यह परियोजना लाखों यात्रियों के लिए समय की बचत और सुविधा का बड़ा माध्यम बनेगी।
कब शुरू होगा कॉरिडोर का निर्माण?
कॉरिडोर को मंजूरी मिलने के बाद अब इसकी डिजाइन और परियोजना से जुड़ी आगे की प्रक्रियाएं महत्वपूर्ण होंगी। फिलहाल निर्माण की शुरुआत, कुल लागत और संचालन की तारीख को लेकर कोई आधिकारिक समयसीमा सामने नहीं आई है। अंतिम रूट, स्टेशनों की संख्या और निर्माण से जुड़ी विस्तृत जानकारी विस्तृत परियोजना रिपोर्ट और तकनीकी अध्ययन के बाद ही स्पष्ट होगी। हालांकि, इस परियोजना से उत्तर प्रदेश, बिहार, पश्चिम बंगाल और असम के यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी की बड़ी उम्मीदें हैं।







