spot_img

शिक्षा का नव अध्याय… कौन बने शिक्षा मंत्री : धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा, जानें अब किसे मिली कमान| कौन हैं प्रल्हाद जोशी

Dharmendra Pradhan: नीट पेपर लीक मामले पर देशभर में छात्रों के प्रदर्शन और विपक्षी दबाव के बाद केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने प्रधानमंत्री को अपना इस्तीफा सौंप दिया, जिसे राष्ट्रपति ने तुरंत स्वीकार कर लिया। उपभोक्ता एवं खाद्य मामलों के मंत्री प्रल्हाद जोशी को अब शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।

spot_img
- Advertisement -

Dharmendra Pradhan: देशभर में नीट पेपर लीक मामले को लेकर गहराते विवाद और छात्रों के आक्रोश के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने शनिवार शाम को प्रधान का इस्तीफा तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है। इस बड़े घटनाक्रम के बाद, उपभोक्ता एवं खाद्य मामलों के मंत्री प्रल्हाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। यह फैसला तब आया है, जब कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के बैनर तले छात्र लगातार प्रदर्शन कर रहे थे और विपक्षी दल भी सरकार पर लगातार दबाव बना रहे थे।

- Advertisement -

‘बच्चों का भविष्य और देश की एकता सर्वोपरि’, प्रधान ने दिया इस्तीफा

धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार दोपहर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना त्यागपत्र भेजा था। राष्ट्रपति भवन ने इसकी पुष्टि की है कि प्रधानमंत्री की सलाह पर श्रीमती मुर्मू ने उनका इस्तीफा मंजूर कर लिया है। अपने इस्तीफे के पीछे की वजह बताते हुए, प्रधान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर युवाओं के नाम एक भावुक पत्र लिखा। उन्होंने बच्चों के भविष्य और देश विरोधी ताकतों को मौजूदा परिस्थितियों का लाभ उठाने से रोकने के लिए यह कदम उठाने की बात कही।

"जंतर-मंतर पर और देश में जो स्थिति बनी है, इस स्थिति का राष्ट्र विरोधी ताकतें लाभ न उठाएं, देश की एकता बनी रहे, देश के एक भी विद्यार्थी का भविष्य कानूनी पेचीदगियों में न उलझे, हमारे बच्चे अपना समय पढ़ाई में लगाएं, करियर बनाने पर फोकस करें, इसी बात पर विचार करते हुए मैंने अपना त्यागपत्र माननीय प्रधानमंत्री जी को भेज दिया है।"

- Advertisement -

उन्होंने आगे कहा कि यह उनके लिए व्यक्तिगत प्रतिष्ठा का विषय नहीं है और पिछले 10 दिन के घटनाक्रम से उनका मन दुःखी है। युवाशक्ति को ‘देश की असली ताकत’ बताते हुए, प्रधान ने संकल्प लिया कि वह युवाओं को भ्रम के कुचक्र में फंसने नहीं देंगे। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन और सहयोग के लिए हार्दिक कृतज्ञता व्यक्त करते हुए राष्ट्रसेवा के लिए सदैव समर्पित रहने की बात भी दोहराई।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  सिम बदल रही थीं, ठिकाने छिपा रही थीं...! बिहार से ऐसे मिलीं दिल्ली की 2 लापता नाबालिग लड़कियां , | पढ़िए - सहरसा और फिर सुपौल - लोकेशन चेंज! पुलिस ने 200 KM पीछा कर खोज निकाला...

नीट विवाद पर सरकार के कदम और पुनर्परीक्षा

नीट पेपर लीक मुद्दे पर धर्मेंद्र प्रधान ने पहले दिन से ही जिम्मेदारी लेने की बात कही थी और परिस्थिति से कभी मुंह नहीं मोड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक के बाद कई छात्रों को गुमराह करने के लिए ‘जिम्मेदार पदों पर बैठे व्यक्तियों’ ने बाधा डालने की कोशिश की। प्रधान का संकल्प था कि किसी भी मेधावी छात्र की संभावना परीक्षा माफिया के कारण खराब नहीं होने देंगे और किसी भी छात्र के साथ अन्याय नहीं होने देंगे।

यह भी पढ़ें:  Darbhanga Police Promotion दरभंगा पुलिस को मिला नया 'स्टार'! ईमानदार ASI राहुल कुमार को मिली बड़ी जिम्मेदारी | पढ़िए - तारीफ में SDPO शुभेंद्र ने क्या कहा!

गत 03 मई को नीट परीक्षा में अनियमितता की बात सामने आने के बाद सरकार ने तुरंत संज्ञान लिया। जांच सीबीआई को सौंपी गई, परीक्षा रद्द की गई और पुनः परीक्षा की तिथि घोषित की गई। इसके साथ ही, अगले वर्ष से नीट परीक्षा को कंप्यूटर आधारित मोड में कराने का भी महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया। उन्होंने बताया कि नीट की पुनर्परीक्षा के लिए पूरी सरकार ने मिलकर काम किया, जिसमें राज्य सरकारों, जिला प्रशासन, छात्रों और अभिभावकों का सहयोग मिला। यह पुनर्परीक्षा 21 जून 2026 को सफलतापूर्वक संपन्न हुई और 16 जुलाई को घोषित नीट-यूजी के परिणाम संतोषजनक रहे, जिसमें गरीब पृष्ठभूमि के कई मेधावी छात्रों को भी सफलता मिली।

धर्मेंद्र प्रधान का लंबा राजनीतिक सफर

धर्मेंद्र प्रधान 07 जुलाई 2021 से शिक्षा मंत्री के पद पर थे। वे पिछले चार दशक से अधिक समय से छात्र, शिक्षक और शिक्षा सुधार के लिए समर्पित रहे हैं। उन्होंने हमेशा प्रजातंत्र की शक्ति में अटूट विश्वास रखा और युवाओं की आकांक्षाओं का गहरा सम्मान किया। प्रधान जून 2004 से जून 2009 तक लोकसभा सांसद रहे और अप्रैल 2012 से अप्रैल 2024 तक दो बार राज्यसभा सदस्य भी रहे। मोदी सरकार के विभिन्न कार्यकालों में उन्होंने पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस, कौशल विकास एवं उद्यमिता, और इस्पात जैसे कई महत्वपूर्ण मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाली।

यह भी पढ़ें:  राजद को लगा बड़ा झटका! लालू-तेजस्वी के दिग्गज नेता अर्जुन राय ने RJD छोड़ी, बताया - किस वजह से भाजपा में होंगे शामिल |पढ़िए - मुजफ्फरपुर और सीतामढ़ी की Bihar Politics पर असर

उनकी राजनीतिक यात्रा राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) से शुरू हुई। 1983 में तालचर कॉलेज में एबीवीपी कार्यकर्ता बने और 1985 में कॉलेज छात्र संघ के अध्यक्ष चुने गए। 1998 में भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने से पहले वे एबीवीपी के राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर कई महत्वपूर्ण पदों पर रहे। ओडिशा की राजनीति में भी वे सक्रिय रहे, जहां वे जून 2000 से जून 2004 तक विधानसभा सदस्य रहे और भाजपा युवा प्रकोष्ठ के विभिन्न पदों पर कार्य किया।

नीट पेपर लीक मामले पर सीजेपी गत 20 जून से दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरना-प्रदर्शन कर रही थी, जिसका समर्थन सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने 28 जून से 26 दिन के अनशन के साथ किया था। आंदोलनकारी लगातार प्रधान के इस्तीफे और शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार की मांग कर रहे थे। अब प्रल्हाद जोशी के कंधों पर शिक्षा मंत्रालय की नई जिम्मेदारी है, और उनसे उम्मीद की जा रही है कि वे शिक्षा प्रणाली में विश्वास बहाली और सुधार की दिशा में काम करेंगे।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

Hari Bhushan Thakur Bachol भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष हरिभूषण ठाकुर बचौल को जान से मारने की धमकी! गाली| कौन है ‘मौत’ की धमकी देने वाला...

Hari Bhushan Thakur Bachol: भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष और पूर्व विधायक हरिभूषण ठाकुर बचौल को जान से मारने की धमकी मिली है। ट्रूकॉलर पर धमकी देने वाले का नाम 'मोहम्मद इमानुल हक' दिखा, पटना प#BiharNews,#PatnaCrime,#HariBhushanThakur

Bihar Teacher Registration बिहार के शिक्षकों के लिए ‘लास्ट चांस’! 31 जुलाई तक इस ऐप पर रजिस्ट्रेशन नहीं किया तो…?

Bihar Teacher Registration: बिहार में सभी सरकारी और निजी विद्यालयों के शिक्षकों के लिए 'प्रशस्त एप 2.0' पर रजिस्ट्रेशन अनिवार्य कर दिया गया है। 31 जुलाई तक पंजीकरण नहीं करने वाले शिक्षकों#BiharTeachers,#PrashastApp,#EducationBihar

भागलपुर: अवैध आरा मिलों पर वन विभाग का ऐसा एक्शन, देखकर उड़ जाएंगे होश!

Bihar Forest Department: बिहार के भागलपुर में वन प्रमंडल ने अवैध आरा मिलों के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' नीति के तहत बड़ी कार्रवाई की है। बिहपुर के बभनगामा बाजार में तीन अवैध मिलें जब्त कर मश#BiharForestDepartment,#BhagalpurNews,#IllegalSawmills

Bihar Railway News पूर्व मध्य रेलवे को मिली नई GM: क्या बदल जाएगी बिहार की रेल व्यवस्था? | पढ़िए – कौन हैं IRSME 1990...

Bihar Railway News: केंद्र सरकार ने भारतीय रेलवे मैकेनिकल इंजीनियरिंग सेवा (IRSME) की वरिष्ठ अधिकारी डिंपी गर्ग को पूर्व मध्य रेलवे (ECR) हाजीपुर का नया महाप्रबंधक नियुक्त किया है।#BiharRailwayNews,#DimpyGarg,#EastCentralRailway