Darbhanga Drug Eradication: दरभंगा में नशा उन्मूलन को लेकर जिलाधिकारी कौशल कुमार ने कड़ा रुख अपनाया है। जिला स्तरीय एनसीओआरडी समिति की बैठक में उन्होंने नशे के कारोबारियों पर नकेल कसने के लिए कई महत्वपूर्ण और सख्त निर्देश जारी किए हैं। इन फैसलों से नशीले पदार्थों की बिक्री और सेवन पर लगाम लगाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है, जिससे पूरे जिले में हड़कंप मच गया है।
दवा दुकानों के निरीक्षण दुगुने करने का निर्देश
जिलाधिकारी कौशल कुमार ने सहायक औषधि नियंत्रक और सभी औषधि निरीक्षकों को तत्काल प्रभाव से दवा दुकानों के निरीक्षण की संख्या को दुगुना करने का निर्देश दिया। इस कदम का सीधा मकसद यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी दवा दुकान प्रतिबंधित टैबलेट या कफ सिरप जैसे नशीले पदार्थों की बिक्री में शामिल न हो। उन्होंने सिविल सर्जन डॉ. अरुण कुमार को औषधि निरीक्षकों के लिए एक कमरा उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया, ताकि जब्त की गई दवाओं को सुरक्षित रखा जा सके।






ड्रग्स मुक्त होंगे शैक्षणिक संस्थान, पुलिस भी करेगी छापेमारी
बैठक में एक और महत्वपूर्ण फैसला लिया गया। जिलाधिकारी ने शैक्षणिक संस्थानों के 500 मीटर के दायरे को ‘ड्रग मुक्त क्षेत्र’ घोषित कर इसे सख्ती से लागू करने का आदेश दिया। इस नियम का पालन सुनिश्चित करने के लिए नगर निगम दरभंगा क्षेत्र के औषधि निरीक्षकों और अन्य सभी क्षेत्रों के प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर शैक्षणिक संस्थाओं का सर्वेक्षण कर रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है। वरीय पुलिस अधीक्षक श्री जगुनाथ रेड्डी ने भी संबंधित थाना अध्यक्षों को प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की बिक्री के खिलाफ लगातार छापेमारी करने का निर्देश दिया।
संयुक्त अभियान से खत्म होगा नशे का जाल
नशे के बढ़ते कारोबार पर लगाम लगाने के लिए संयुक्त अभियानों पर जोर दिया गया। जिलाधिकारी ने औषधि निरीक्षकों को मद्यनिषेध विभाग दरभंगा और पुलिस थानों के साथ मिलकर छापेमारी करने का निर्देश दिया। इसके अलावा, जीएसटी अधिकारियों के साथ भी संयुक्त जांच और छापेमारी की जाएगी ताकि नशीले पदार्थों की आपूर्ति श्रृंखला को तोड़ा जा सके। औषधि निरीक्षकों को आम जनता और अनुज्ञप्ति प्राप्त दवा दुकानों से आसूचना (खुफिया जानकारी) संकलन करने और अपनी जानकारी के आधार पर कार्रवाई करने के लिए भी निर्देशित किया गया। इस बैठक में सहायक समाहर्ता कल्पना रावत और सहायक आयुक्त मद्यनिषेध प्रदीप कुमार सहित कई अन्य जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे।
इन सख्त निर्देशों से दरभंगा जिले में नशा उन्मूलन अभियान को नई गति मिलेगी। प्रशासन की यह पहल युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाने और एक सुरक्षित समाज बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। आने वाले समय में इन फैसलों का जमीनी स्तर पर कितना असर होता है, यह देखना महत्वपूर्ण होगा।








