Bihar IGIMS: बिहार की राजधानी पटना में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। बिहार स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि ने शुक्रवार, 03 जुलाई 2026 को इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (आईजीआईएमएस) परिसर का दौरा किया। उन्होंने यहां चल रहे पुनर्विकास और विस्तार कार्यों का गहन स्थलीय निरीक्षण कर प्रगति का जायजा लिया। इस परियोजना में निर्माणाधीन 500 बेड का टीचिंग अस्पताल और 1200 बेड का सामान्य अस्पताल शामिल है, जो कुल मिलाकर 1700 बेड की क्षमता वाला होगा।
आईजीआईएमएस में तेजी से बढ़ रहा है 1700 बेड अस्पताल का काम
सचिव कुमार रवि ने आईजीआईएमएस परिसर में बन रहे विशाल 1700 बिस्तरों वाले अस्पताल के साथ-साथ हॉस्टल और आवासीय भवनों सहित अन्य महत्वपूर्ण परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति का मूल्यांकन किया। उन्होंने मौके पर मौजूद संबंधित अधिकारियों और निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधियों से कार्यों की प्रगति को लेकर विस्तृत जानकारी ली। इस परियोजना के पूरा होने से बिहार के लोगों को अत्याधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं मिलेंगी, जिससे इलाज के लिए बाहर जाने की निर्भरता कम होगी।






उच्च स्तरीय बैठक में हुई परियोजनाओं की विस्तृत समीक्षा
स्थलीय निरीक्षण के बाद सचिव कुमार रवि ने एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में आईजीआईएमएस परिसर में चल रही सभी निर्माण परियोजनाओं, जिनमें 500 बेड का टीचिंग अस्पताल, 1200 बेड का सामान्य अस्पताल, हॉस्टल और आवासीय भवन शामिल हैं, की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक के दौरान एक प्रस्तुति के माध्यम से विभिन्न परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति और भविष्य की कार्ययोजना से सचिव को अवगत कराया गया।
बिहार में स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है। 1700 बेड की क्षमता वाला यह अस्पताल राज्य की चिकित्सा आवश्यकताओं को पूरा करने में मील का पत्थर साबित होगा।
इस निरीक्षण और समीक्षा से स्पष्ट है कि बिहार सरकार राज्य में स्वास्थ्य सेवा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है। इन परियोजनाओं के समय पर पूरा होने से न केवल मरीजों को बेहतर उपचार मिलेगा, बल्कि चिकित्सा शिक्षा और अनुसंधान को भी बढ़ावा मिलेगा।








