Bihar Darbhanga News: बिहार के दरभंगा जिले के बिरौल अनुमंडल मुख्यालय में अधिवक्ताओं को लंबे समय से प्रतीक्षित बड़ी राहत मिली है। शुक्रवार को नवनिर्मित वकालतखाना भवन का विधिवत उद्घाटन किया गया, जिससे स्थानीय न्यायिक कार्यों को गति मिलने की उम्मीद जगी है। गौड़ा बौराम के भाजपा विधायक सुजीत कुमार और बार एसोसिएशन संघ के अध्यक्ष अधिवक्ता बच्चे लाल झा ने संयुक्त रूप से फीता काटकर इस नए भवन का शुभारंभ किया।
यह आधुनिक भवन तत्कालीन गौड़ा बौराम विधायक स्वर्णा सिंह की अनुशंसा पर बिहार सरकार के योजना एवं विकास विभाग के अंतर्गत मुख्यमंत्री क्षेत्र विकास योजना के तहत निर्मित हुआ है। इस परियोजना पर कुल 14 लाख 99 हजार 500 रुपये की राशि खर्च हुई है। कार्य का क्रियान्वयन कार्य प्रमंडल-02 बेनीपुर, दरभंगा द्वारा सफलतापूर्वक किया गया।






न्यायिक कार्यों को मिलेगी गति, वादकारियों को लाभ
उद्घाटन के अवसर पर विधायक सुजीत कुमार ने इस पहल के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि न्यायालय परिसर में अधिवक्ताओं के बैठने और कागजात रखने के लिए एक व्यवस्थित वकालतखाना की मांग लंबे समय से की जा रही थी। विधायक ने याद दिलाया कि स्वर्णा सिंह ने अपने कार्यकाल के दौरान इस मांग को गंभीरता से लिया और भवन निर्माण की अनुशंसा की थी।
विधायक सुजीत कुमार ने कहा, ‘यह भवन अधिवक्ताओं को बैठने की सुविधा देने के साथ-साथ न्यायिक कार्यों को भी गति प्रदान करेगा। सरकार न्यायपालिका को मजबूत करने और आमजन को त्वरित न्याय दिलाने के लिए लगातार काम कर रही है। न्यायालय परिसर में अधिवक्ताओं को बेहतर सुविधाएं मिलने से इसका सीधा लाभ वादकारियों को भी मिलेगा।’
उन्होंने भवन की गुणवत्ता और उसके उचित रख-रखाव पर भी विशेष ध्यान देने की बात कही।
अधिवक्ताओं की परेशानी हुई दूर
स्थानीय अधिवक्ताओं ने इस नए वकालतखाना के निर्माण के लिए तत्कालीन विधायक स्वर्णा सिंह और वर्तमान विधायक सुजीत कुमार का हार्दिक आभार व्यक्त किया। अधिवक्ताओं ने बताया कि अब उन्हें बरसात और गर्मी के मौसम में खुले में बैठकर काम करने की परेशानी से मुक्ति मिल जाएगी। नए वकालतखाना में अधिवक्ताओं को बैठकों, महत्वपूर्ण फाइलों के सुरक्षित रख-रखाव और मुवक्किलों से परामर्श करने के लिए पर्याप्त एवं समुचित स्थान उपलब्ध होगा।
इस उद्घाटन समारोह में बार एसोसिएशन सचिव राज कपूर पांडेय, अधिवक्ता संतोष सिंह, श्रवण चौधरी, श्रवण झा, हीरा मुखिया सहित कई अन्य गणमान्य अधिवक्ता मौजूद रहे। इस भवन से न्यायिक प्रक्रिया में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ने की उम्मीद है, जिससे आम जनता को भी न्याय सुलभ हो सकेगा।








