Darbhanga NH-27 Accident: दरभंगा-मुजफ्फरपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-27 एक बार फिर खतरनाक दुर्घटना का गवाह बना है। कुमरपट्टी के पास शुक्रवार को हुए एक भीषण सड़क हादसे में सेवानिवृत्त सहायक जीएसटी आयुक्त सुधीर कुमार और उनकी पत्नी नीलम झा गंभीर रूप से घायल हो गए। तेज रफ्तार ट्रक की टक्कर के बाद उनकी कार डिवाइडर से जा टकराई, लेकिन एयरबैग खुलने से दोनों की जान बच गई। इस घटना ने एक बार फिर इस मार्ग पर लगातार बढ़ रही दुर्घटनाओं और सुरक्षा व्यवस्था की कमी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
दरभंगा NH-27 पर मौत का जाल! कुमरपट्टी ‘ब्लैक स्पॉट’ बना, अब प्रशासन क्या करेगा?
Darbhanga NH-27 Accident: बिहार में दरभंगा-मुजफ्फरपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-27 अब यात्रियों के लिए खतरनाक होता जा रहा है। कुमरपट्टी चौक के पास शुक्रवार सुबह एक भीषण सड़क दुर्घटना में सेवानिवृत्त सहायक जीएसटी आयुक्त सुधीर कुमार (65) और उनकी पत्नी नीलम झा (59) घायल हो गए। तेज रफ्तार ट्रक की टक्कर से उनकी कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। इस घटना ने एक बार फिर इस क्षेत्र में लगातार हो रहे हादसों और सड़क सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।






NH-27 पर कैसे हुआ हादसा, एयरबैग ने बचाई जान
मधुबनी जिले के बसौली गांव निवासी सुधीर कुमार अपनी पत्नी नीलम झा के साथ अपनी कार से पटना जा रहे थे। दरभंगा-मुजफ्फरपुर एनएच-27 पर कुमरपट्टी चौक के समीप पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी कार में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार सड़क डिवाइडर से जा टकराई। गनीमत रही कि कार के एयरबैग समय पर खुल गए, जिससे दंपति की जान बच गई। दुर्घटना के तुरंत बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया।
सिमरी थानाध्यक्ष अरविंद कुमार ने बताया, “दुर्घटना में सुधीर कुमार और उनकी पत्नी नीलम झा को मामूली चोटें आई हैं। स्थानीय स्तर पर प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें छोड़ दिया गया है। पुलिस फरार ट्रक और उसके चालक की पहचान के लिए आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और जल्द ही आरोपी को पकड़ने का दावा कर रही है।”
कुमरपट्टी चौक बना ‘ब्लैक स्पॉट’, लगातार हादसों से दहशत
कुमरपट्टी चौक और इसके आसपास का इलाका अब राष्ट्रीय राजमार्ग-27 पर ‘ब्लैक स्पॉट’ बनता जा रहा है। यहां लगातार हो रही दुर्घटनाओं से स्थानीय लोगों और यात्रियों में दहशत का माहौल है। 30 जुलाई को भी इसी क्षेत्र में एक बड़ा हादसा हुआ था, जब लखनऊ जा रही एक कार को अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी थी। उस घटना में पति-पत्नी और उनके दो बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए थे, लेकिन एयरबैग खुलने से उनकी भी जान बच गई थी। लगातार दो दिनों में एक ही जगह पर हुए इन हादसों ने सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि एनएच-27 पर बढ़ती दुर्घटनाओं के पीछे तेज रफ्तार और लापरवाही मुख्य वजह है। इसके अलावा, भारी ट्रकों की आवाजाही भी लगातार बढ़ी है।
स्थानीय लोगों और यात्रियों की प्रशासन से सुरक्षा की मांगें
कुमरपट्टी इलाके में लगातार हो रहे हादसों के बाद स्थानीय लोगों और एनएच-27 से रोज़ाना आने-जाने वाले व्यवसायी वर्ग ने प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि इस क्षेत्र में आवश्यक सुरक्षा सुविधाओं का अभाव है।
- स्पीड ब्रेकर
- साइन बोर्ड
- स्ट्रीट लाइट
- एनएच पर गश्ती बढ़ाना
- स्पीड रडार गन लगाना
- भारी वाहनों के लिए गति सीमा तय करना
स्थानीय लोगों ने एनएचएआई और जिला प्रशासन से इस क्षेत्र का सुरक्षा ऑडिट कर आवश्यक उपाय करने की अपील की है। पुलिस फिलहाल टोल प्लाजा और आसपास के पेट्रोल पंपों के सीसीटीवी फुटेज की मदद से फरार ट्रक की पहचान करने में जुटी है। इन लगातार हो रहे हादसों ने दरभंगा-मुजफ्फरपुर एनएच-27 की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिसका जवाब प्रशासन को देना होगा। पढ़िए विस्तार से
कैसे हुआ पूरा हादसा?
मधुबनी जिले के बसौली गांव निवासी सुधीर कुमार (65) और उनकी पत्नी नीलम झा (58) अपनी कार से दरभंगा से पटना जा रहे थे। सुबह कुमरपट्टी चौक के समीप पीछे से आ रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी गाड़ी में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से जा टकराई। हादसे के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया।
सिमरी थानाध्यक्ष अरविंद कुमार ने बताया कि दंपति को मामूली चोटें आईं और प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें घर भेज दिया गया। पुलिस अब फरार ट्रक और उसके चालक की पहचान के लिए आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। उन्होंने जल्द ही आरोपी को पकड़ने का दावा किया।
‘ब्लैक स्पॉट’ बन रहा कुमरपट्टी, लोगों में दहशत
पिछले कुछ समय से दरभंगा-मुजफ्फरपुर एनएच-27 का कुमरपट्टी चौक और उसके आसपास का इलाका लगातार दुर्घटनाओं का केंद्र बन गया है, जिसे अब स्थानीय लोग ‘ब्लैक स्पॉट’ कहने लगे हैं। 30 जुलाई को भी इसी क्षेत्र में एक बड़ा हादसा हुआ था, जब लखनऊ जा रही एक कार को अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी थी। उस घटना में पति-पत्नी और उनके दो बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए थे, लेकिन एयरबैग ने उनकी भी जान बचाई थी। दो दिनों के भीतर एक ही जगह पर हुई इन लगातार दुर्घटनाओं से स्थानीय निवासियों में भारी दहशत है।
एनएच पर सुरक्षा ऑडिट और स्पीड कंट्रोल की मांग
स्थानीय लोगों का कहना है कि कुमरपट्टी चौक पर स्पीड ब्रेकर, साइन बोर्ड और स्ट्रीट लाइट जैसी बुनियादी सुरक्षा सुविधाओं का गंभीर अभाव है। उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) और जिला प्रशासन से तत्काल इस क्षेत्र का सुरक्षा ऑडिट करवाने और आवश्यक सुरक्षा उपाय लागू करने की मांग की है।
वहीं, व्यवसायी वर्ग और पटना-मुजफ्फरपुर के बीच नियमित यात्रा करने वाले लोगों ने प्रशासन से एनएच पर गश्ती बढ़ाने, स्पीड रडार गन लगाने और भारी वाहनों के लिए गति सीमा निर्धारित करने की अपील की है।
फिलहाल, सिमरी पुलिस टोल प्लाजा और पेट्रोल पंपों के सीसीटीवी फुटेज की मदद से फरार ट्रक की तलाश में जुटी है।
एनएच-27 पर लगातार बढ़ रही दुर्घटनाओं ने यात्रियों की चिंता बढ़ा दी है। इस सड़क पर यात्रा करने वाले लोग अब खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। इन हादसों ने राजमार्ग की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिस पर प्रशासन को तुरंत ध्यान देने की आवश्यकता है ताकि ऐसी जानलेवा दुर्घटनाओं को रोका जा सके।








