Bihar Flood: मानसून के दौरान बिहार में बाढ़ का खतरा एक बार फिर गहरा गया है। गंगा और पुनपुन नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ने लगा है, जिससे राज्य के कई इलाकों में स्थिति चिंताजनक हो गई है। बिहार सरकार के मंत्री दिलीप जायसवाल ने इस गंभीर स्थिति पर चिंता व्यक्त की है। उन्होंने बताया कि नेपाल में आई त्रासदी के बाद बिहार सरकार ने राज्य को बाढ़ के प्रकोप से बचाने के लिए सक्रिय प्रयास किए हैं, लेकिन अब गंगा और पुनपुन का जलस्तर बढ़ने से नई चुनौतियां खड़ी हो गई हैं।
मंत्री जायसवाल के अनुसार, भागलपुर और नवगछिया जैसे क्षेत्रों पर इस जलस्तर वृद्धि का अधिक प्रभाव देखने को मिल रहा है। बिहार सरकार बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत कार्यों में जुटी है और लोगों को सहायता पहुंचाने के लिए कम्युनिटी किचन भी चलाए जा रहे हैं।
फरक्का बैराज और गाद जमा होने की समस्या
दिलीप जायसवाल ने गंगा के बढ़ते जलस्तर के बीच फरक्का जलसंधि के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने बताया कि गंगा नदी में लंबे समय से गाद (silt) जमा होने की समस्या बनी हुई है। उनके मुताबिक, फरक्का में बैराज के गेट बंद रहने के कारण कई जगहों पर गाद इकट्ठा हो जाती है, जिससे नदी के बीच में टापू या ऊंचे स्थल बन जाते हैं।
मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा, “गाद जमा होने के कारण गंगा के पानी के बहाव पर सीधा असर पड़ता है। पानी के बाहर निकलने का रास्ता प्रभावित होता है, जिससे नदी का पानी आसपास के इलाकों में फैलने का खतरा बढ़ जाता है। फरक्का जलसंधि पर पुनर्विचार की तत्काल आवश्यकता है।”
यह मुद्दा बिहार के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि गंगा के जलस्तर में बढ़ोतरी का असर राज्य के कई जिलों पर पड़ता है, खासकर निचले इलाकों में।
बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत कार्य और सियासत
मंत्री दिलीप जायसवाल ने जोर देकर कहा कि बिहार सरकार बाढ़ की स्थिति को लेकर पूरी तरह संवेदनशील है। प्रभावित लोगों तक त्वरित राहत पहुंचाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। बाढ़ग्रस्त परिवारों को भोजन और अन्य आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जरूरत वाले क्षेत्रों में कम्युनिटी किचन संचालित किए जा रहे हैं।
इस दौरान दिलीप जायसवाल ने राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजस्वी यादव पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि तेजस्वी यादव बाढ़ प्रभावित लोगों के बीच देर से पहुंचे। जायसवाल ने सवाल उठाया कि जब अन्य नेता प्रभावित क्षेत्रों में पहुंच रहे थे, तब तेजस्वी यादव ने वहां जाने में इतनी देर क्यों की। उन्होंने आरोप लगाया कि तेजस्वी यादव जनता के दुख-सुख से जुड़े मुद्दों पर सक्रिय नहीं रहते और विपक्ष की भूमिका केवल सिद्धांतों की बात करने तक सीमित नहीं होनी चाहिए। हालांकि, तेजस्वी यादव की ओर से इन आरोपों पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
बिहार में गंगा नदी का जलस्तर बढ़ने और गाद जमा होने की समस्या एक बड़ी चुनौती बनी हुई है, जिस पर सरकार को दीर्घकालिक समाधान खोजने की आवश्यकता है ताकि हर साल आने वाली बाढ़ से राज्य को बचाया जा सके।







