Bihar MLC election के परिणामों के बाद निर्दलीय विधान पार्षदों द्वारा भारतीय जनता पार्टी को समर्थन देने के मामले पर सियासी हलचल तेज हो गई है। Bihar की राजनीति में चर्चा का विषय बने इस घटनाक्रम पर जनता दल यूनाइटेड के वरिष्ठ नेता एवं विधायक श्याम रजक ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में हर जनप्रतिनिधि को अपनी इच्छा और विचारधारा के अनुसार किसी भी दल के समर्थन का अधिकार है।
निर्दलीय एमएलसी के समर्थन पर क्या बोले श्याम रजक
श्याम रजक ने मीडिया से बातचीत में कहा कि बंशीधर ब्रजवासी और राहुल राज ने स्वतंत्र उम्मीदवार के तौर पर चुनावी मैदान में जीत हासिल की थी। उन्होंने किसी के मांगने पर नहीं, बल्कि अपनी सोच के आधार पर भाजपा को समर्थन दिया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि दोनों नेताओं ने औपचारिक रूप से पार्टी की सदस्यता ग्रहण नहीं की है, बल्कि केवल बाहर से समर्थन दिया है और यह पूरी तरह से कानून के दायरे में है।
दोनों ने भाजपा की सदस्यता नहीं ली, केवल समर्थन दिया है। यह पूरी तरह से कानून के दायरे में है और लोकतंत्र में हर व्यक्ति को अपनी पसंद का हक है।
उत्तर प्रदेश में चुनाव लड़ेगी जदयू
बिहार से बाहर अपनी राजनीतिक जमीन मजबूत करने की रणनीति पर बात करते हुए जदयू नेता ने उत्तर प्रदेश का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि पार्टी उत्तर प्रदेश में अपने संगठन के विस्तार के लिए सक्रिय रूप से काम कर रही है। जदयू का मुख्य उद्देश्य वहां एनडीए सरकार और योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व को मजबूत करना है तथा पार्टी आगामी चुनावों में भी अपनी हिस्सेदारी निभाएगी।
विपक्ष की दिल्ली रैली पर निशाना
दिल्ली में आयोजित होने वाली विपक्षी पार्टियों की रैली पर भी श्याम रजक ने तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि यह आयोजन लोकतंत्र बचाने के लिए नहीं, बल्कि परिवार और भ्रष्टाचार को बचाने के उद्देश्य से किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से विपक्ष की असल मंशा जनता के सामने स्पष्ट हो जाती है। इस पूरे घटनाक्रम के बीच निर्दलीय पार्षदों की भूमिका और दल-बदल संबंधी नियमों को लेकर राजनीतिक चर्चाओं का दौर लगातार जारी है।







