Bihar Politics: बिहार की राजनीति में एमएलसी राहुल राज और बृजवासी के बीजेपी कार्यालय जाने का मामला गरमा गया है। इस घटना पर बिहार सरकार के मंत्री संतोष सुमन ने एक महत्वपूर्ण बयान दिया है, जिससे दो विधान पार्षदों पर कार्रवाई की तलवार लटक गई है। उन्होंने साफ किया है कि इन दोनों नेताओं के खिलाफ कोई भी अंतिम निर्णय बिहार विधान परिषद के सभापति के विवेक पर ही निर्भर करेगा। इस मामले में कुछ पार्टी नेताओं ने शिकायतें भी दर्ज कराई हैं।
हालांकि, एमएलसी राहुल राज और बृजवासी का कहना है कि वे बीजेपी की विचारधारा से प्रभावित हैं और इसी कारण वे पार्टी कार्यालय गए थे। उन्होंने स्पष्ट किया है कि उन्होंने बीजेपी की सदस्यता ग्रहण नहीं की है। संतोष सुमन ने इस बात पर जोर दिया कि अभी तक कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। सभापति तक शिकायतें पहुंच चुकी हैं और वे पूरे मामले पर विचार करने के बाद ही यह तय करेंगे कि दोनों नेताओं के खिलाफ किसी तरह की कार्रवाई की जाएगी या नहीं।
MLC नेताओं का पक्ष और मंत्री का रुख
मधुबनी गोलीकांड पर तेजस्वी यादव के ‘आतंकराज’ वाले बयान के बीच, मंत्री संतोष सुमन ने राहुल राज और बृजवासी के मामले पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने बताया कि दोनों नेताओं का अपना पक्ष है। उनका कहना है कि वे बीजेपी की विचारधारा को मानते हैं और उसी से जुड़े हुए हैं, इसलिए वे बीजेपी कार्यालय गए थे। उन्होंने यह भी दोहराया कि दोनों एमएलसी ने किसी पार्टी की सदस्यता नहीं ली है।
संतोष सुमन ने कहा, ‘दोनों नेताओं के खिलाफ कार्रवाई को लेकर अंतिम निर्णय बिहार विधान परिषद के सभापति के विवेक पर निर्भर करेगा। इस मामले में किसी तरह का फैसला जल्दबाजी में नहीं किया जाएगा। बिहार विधान परिषद के सभापति पूरे मामले को देखेंगे। शिकायतों और संबंधित पक्षों के तथ्यों पर विचार करने के बाद ही निर्णय लिया जाएगा।’
अभिषेक झा के आरोपों पर संतोष सुमन का जवाब
जेडीयू प्रत्याशी अभिषेक झा ने एमएलसी चुनाव में एनडीए नेताओं के सहयोग को लेकर सवाल उठाए थे, जिस पर संतोष सुमन ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि एनडीए के सभी नेताओं ने मिलकर एमएलसी चुनाव लड़ा था और गठबंधन के नेताओं ने एक साथ चुनाव में काम किया था। अभिषेक झा के इस सवाल पर कि एनडीए के नेताओं ने उनकी मदद नहीं की, संतोष सुमन ने खंडन करते हुए कहा कि ऐसा नहीं है, सभी ने मिलकर चुनाव लड़ा था। मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि कोई पार्टी का नेता बगावत करके चुनाव लड़ता है, तो पार्टी उसे निष्कासित कर सकती है।
मुजफ्फरपुर गैस ब्लास्ट पर दुख और जांच का आश्वासन
मंत्री संतोष सुमन ने मुजफ्फरपुर में हुए पीएनजी गैस ब्लास्ट की घटना पर गहरा दुख जताया। इस दुखद हादसे में एक लड़के की मौत हो गई थी। उन्होंने इसे ‘बेहद दुखद घटना’ बताया और जानकारी दी कि प्रशासन पूरे मामले की जांच कर रहा है। घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है। उन्होंने आश्वस्त किया कि जांच में अगर किसी अधिकारी की गलती सामने आती है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने जोर दिया कि प्रशासन इस मामले को गंभीरता से ले रहा है और हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान कर जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।







