Bihar Civil Military Cooperation: भारतीय वायुसेना और बिहार सरकार के बीच नागरिक-सैन्य सहयोग को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। केंद्रीय वायु कमान के एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ एयर मार्शल तरुण चौधरी ने शुक्रवार, को राजभवन में राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन से मुलाकात की। इस महत्वपूर्ण बैठक में बिहटा हवाई अड्डे के भविष्य में संयुक्त उपयोग सहित कई संवेदनशील विषयों पर गहन चर्चा हुई, जिसका सीधा लाभ राज्य की सुरक्षा और आपदा प्रबंधन को मिलेगा।
बिहार की सुरक्षा और आपदा प्रबंधन पर खास फोकस
एयर मार्शल चौधरी ने राज्यपाल को राज्य प्रशासन के साथ विभिन्न पारस्परिक महत्व के विषयों पर हुई प्रगति की जानकारी दी। बैठक का मुख्य केंद्र बिंदु भारतीय वायुसेना और बिहार सरकार के बीच समन्वय को अधिक प्रभावी बनाना था। दोनों पक्षों ने विशेष रूप से आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया और राहत कार्यों के लिए तैयारियों को मजबूत करने पर जोर दिया।

इस मुलाकात के दौरान क्षेत्रीय सुरक्षा और जनकल्याण से जुड़े साझा उद्देश्यों को आगे बढ़ाने के तरीकों पर भी विचार-विमर्श हुआ। बिहटा हवाई अड्डे के भविष्य में सैन्य और नागरिक उद्देश्यों के लिए संयुक्त उपयोग की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई, जो राज्य के लिए एक महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचागत विकास साबित हो सकता है।
सैन्य-नागरिक तालमेल से मिलेगी मजबूती
आपदा-प्रतिक्रिया तंत्र को और अधिक प्रभावी बनाने तथा जरूरत के समय सैन्य एवं नागरिक संस्थानों के बीच बेहतर तालमेल सुनिश्चित करने के मुद्दे पर भी गहन मंथन हुआ। यह पहल बिहार को किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए अधिक सक्षम बनाएगी। एयर मार्शल तरुण चौधरी ने इस अवसर पर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन को वायु सेना स्टेशन, बिहटा का दौरा करने के लिए आमंत्रित किया।
मुलाकात के अंत में दोनों पक्षों ने भारतीय वायुसेना और बिहार सरकार के बीच मौजूदा समन्वय को बनाए रखने तथा संस्थागत सहयोग को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई।
यह बैठक राज्य में सुरक्षा व्यवस्था, आपदा प्रबंधन और नागरिक-सैन्य संबंधों को नई दिशा देने में मील का पत्थर साबित होगी, जिससे भविष्य में बेहतर तालमेल और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित हो सकेगी।






