spot_img

आपके आधार-पैन से हो रहा था करोड़ों का फ्रॉड! बिहार में साइबर पुलिस की बड़ी कार्रवाई

Bihar Cyber Crime: साइबर क्राइम एंड सिक्योरिटी यूनिट ने नवादा और शेखपुरा में आधार सेंटर व साइबर कैफे पर छापेमारी की है। जांच में सामने आया कि कैसे ग्राहक डेटा का दुरुपयोग कर करोड़ों की धोखाधड़ी को अंजाम दिया जा रहा था।

spot_img
- Advertisement -

Bihar Cyber Crime: साइबर अपराधों पर लगाम कसने के लिए बिहार साइबर क्राइम एंड सिक्योरिटी यूनिट (CCSU) ने बड़ी कार्रवाई की है। यूनिट ने आधार सेंटर, साइबर कैफे और प्वाइंट ऑफ सेल (POS) एजेंटों पर छापेमारी की है। इन पर आरोप है कि ये ऐसे सिम कार्ड जारी करने में मदद करते थे, जिनका इस्तेमाल बाद में साइबर धोखाधड़ी के लिए किया जाता था। तकनीकी खुफिया जानकारी के आधार पर, साइबर टीमों ने नवादा और शेखपुरा जिलों में अभियान चलाया, जहां बड़ी संख्या में संदिग्ध सिम कार्ड, डिजिटल उपकरण, बैंकिंग दस्तावेज और पहचान पत्र बरामद किए गए हैं। जांचकर्ता इस बात की पड़ताल कर रहे हैं कि आधार, केवाईसी और अन्य सरकारी सेवाओं के दौरान एकत्र किए गए ग्राहक विवरणों का कथित तौर पर अतिरिक्त सिम कार्ड प्राप्त करने के लिए दुरुपयोग किया गया था या नहीं।

- Advertisement -

नवादा में 96 सिम कार्ड से 91 लाख की ठगी का खुलासा

नवादा में साइबर पुलिस स्टेशन ने भोला आधार सेंटर और भोला साइबर कैफे के खिलाफ कार्रवाई की है। जांच में तकनीकी विश्लेषण और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) के रिकॉर्ड से पता चला कि भोला आधार सेंटर के माध्यम से जारी किए गए 74 सिम कार्ड देश के विभिन्न हिस्सों से दर्ज 125 साइबर अपराध शिकायतों से जुड़े थे। इन शिकायतों में कथित तौर पर 51.81 लाख रुपये की वित्तीय धोखाधड़ी शामिल थी। इसके अलावा, भोला साइबर कैफे के माध्यम से जारी किए गए 22 सिम कार्ड 34 साइबर अपराध शिकायतों से जुड़े थे, जिनमें 39.29 लाख रुपये की धोखाधड़ी का आरोप था। कुल मिलाकर, इन 96 सिम कार्डों का संबंध 159 NCRP शिकायतों से था, जिनमें 91.11 लाख रुपये के वित्तीय नुकसान की सूचना मिली थी।

यह भी पढ़ें:  बिहार पंचायत चुनाव 2026: गांवों का बदल जाएगा सियासी नक्शा! आरक्षण और परिसीमन पर आया बड़ा अपडेट

पुलिस के मुताबिक, इस नेटवर्क के जरिए ग्रामीण और कम डिजिटल साक्षरता वाले लोगों को एमएनपी, केवाईसी, राशन कार्ड, जॉब कार्ड या सरकारी सेवाओं के नाम पर गुमराह किया गया। उनके बायोमेट्रिक सत्यापन का उपयोग कर अतिरिक्त सिम कार्ड जारी किए गए, जिनका इस्तेमाल बाद में साइबर धोखाधड़ी के लिए हुआ।

- Advertisement -

नवादा ऑपरेशन के दौरान, अधिकारियों ने पांच प्रिंटर, फिनो पेमेंट्स बैंक के एटीएम कार्ड और पासबुक, चेकबुक, उज्ज्वन बैंक के पासबुक और एटीएम कार्ड, एक एचडीएफसी बैंक स्कैनर, मोबाइल फोन, माइक्रो-एटीएम, बायोमेट्रिक डिवाइस और इलेक्ट्रॉनिक स्कैनर बरामद किए हैं। जांच दल बरामद उपकरणों और दस्तावेजों की जांच कर रहा है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि संदिग्ध सिम जारी करने वाले नेटवर्क में इनका कैसे उपयोग किया गया था।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  बिहार के 537 अंचल कार्यालयों में लगेंगे CCTV ! अब हर हरकत पर होगी पैनी नजर, पटना से लाइव निगरानी

ऐसे होता था ग्राहकों के डेटा का दुरुपयोग

पुलिस के अनुसार, ग्रामीण निवासियों और कम डिजिटल साक्षरता वाले लोगों को एमएनपी, केवाईसी, राशन कार्ड, जॉब कार्ड या सरकारी सेवाओं के नाम पर संपर्क किया जाता था। उनसे कथित तौर पर बायोमेट्रिक सत्यापन प्रक्रियाएं पूरी कराई जाती थीं, जिसके बाद उनके व्यक्तिगत विवरणों का कथित तौर पर अतिरिक्त सिम कार्ड प्राप्त करने के लिए दुरुपयोग किया जाता था। जांचकर्ता अब साइबर अपराधियों को ऐसे सिम कार्ड की आपूर्ति में आरोपियों की संदिग्ध भूमिका की जांच कर रहे हैं। शेखपुरा में एक अलग अभियान के तहत, पीओएस एजेंट विजय कुमार को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बताया कि उसकी पीओएस सुविधा के माध्यम से जारी किए गए 40 सिम कार्ड विभिन्न राज्यों में दर्ज 60 NCRP शिकायतों से जुड़े थे। इन शिकायतों में 16.25 लाख रुपये की कथित साइबर धोखाधड़ी शामिल थी। तलाशी के दौरान दो लैपटॉप, चार स्मार्टफोन, एक कीपैड मोबाइल फोन और 235 सिम कार्ड भी बरामद किए गए। अधिकारियों ने दो फिंगरप्रिंट रीडर, एक यूपीआई स्कैनर, छह पासबुक, दो एटीएम कार्ड और सात आधार-पैन कार्ड भी जब्त किए हैं।

यह भी पढ़ें:  सेना के जवान को पेट्रोल छिड़ककर जिंदा जलाया! मौत पर फूटा गुस्सा -एनएच-319A जाम, 'फांसी दो' के नारे

आगे क्या करेगी पुलिस?

सीसीएसयू और साइबर पुलिस टीमें सिम जारी करने के रिकॉर्ड, केवाईसी विवरण, बायोमेट्रिक सत्यापन डेटा, पीओएस गतिविधि और एनसीआरपी शिकायतों का मिलान कर रही हैं, ताकि पूरी श्रृंखला स्थापित की जा सके। ऑपरेशनों के दौरान बरामद किए गए मोबाइल फोन और लैपटॉप की भी जांच की जा रही है, ताकि नेटवर्क से कथित तौर पर जुड़े अन्य लोगों की पहचान की जा सके। नवादा केस नंबर 90/26 और शेखपुरा केस नंबर 33/2026 सहित दोनों जिलों में मामले दर्ज किए गए हैं। अधिकारियों द्वारा संदिग्ध नेटवर्क के पैमाने और इसमें शामिल अन्य व्यक्तियों की पहचान करने के लिए जांच जारी है।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

Darbhanga Agriculture किसानों की बल्ले-बल्ले! दरभंगा में इफको की नई पहल, खेती होगी सस्ती और आसान | जानिए – सुविधा

Darbhanga Agriculture: दरभंगा के जाले में इफको ने 100 से अधिक उर्वरक विक्रेताओं के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया। इसमें किसानों को आधुनिक कृषि इनपुट, लागत घटाने के तरीके और आसान#DarbhangaAgriculture,#IFFCOTraining,#BiharFarmers

बिहार में मौसम का यू-टर्न: आज 19 जिलों में येलो अलर्ट, क्या आपके शहर में भी गिरेगी बिजली?

Bihar Rain Alert: बिहार के 19 जिलों में मौसम विभाग ने आज येलो अलर्ट जारी किया है। हल्की से मध्यम बारिश, तेज हवाओं और बिजली गिरने का खतरा है। लोगों को खास सावधानी बरतने की अपील की#BiharRainAlert,#BiharWeather,#IMDWarning

Bihar Cricket Association विवादों पर SC का बड़ा फैसला, अब हर फैसले पर रहेगी जस्टिस अश्वनी कुमार सिंह की पैनी नजर!

Bihar Cricket Association: बिहार क्रिकेट एसोसिएशन में चल रहे प्रशासनिक विवादों पर सुप्रीम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। रिटायर्ड जस्टिस अश्वनी कुमार सिंह को नया प्रशासक नियुक्त किया गया है#BiharCricketAssociation,#SupremeCourt,#JusticeAshwaniKumarSingh

बड़ी खबर! दिल्ली-कामाख्या एक्सप्रेस का रूट बदला, आरा जंक्शन के यात्री तुरंत जानें नया अपडेट

Bihar Train Route Change: दिल्ली-कामाख्या एक्सप्रेस का रूट 19 सितंबर से 4 अक्टूबर तक बदला रहेगा, जिससे आरा, पटना समेत कई स्टेशनों पर यात्रियों को भारी परेशानी होगी।#BiharTrainNews,#ArrahJunction,#DelhiKamakhyaExpress