Bihar MLC Election: आगामी बिहार विधान परिषद चुनाव में आम आदमी पार्टी (AAP) की एंट्री ने राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है। अरविंद केजरीवाल की पार्टी ने कुल 8 सीटों में से 4 पर अपने प्रत्याशियों के नाम घोषित कर दिए हैं। इस घोषणा के साथ ही राज्य में एनडीए और महागठबंधन के साथ-साथ प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी को भी कड़ी चुनौती मिलने की संभावना है।
आप ने इन सीटों पर उतारे उम्मीदवार
गुरुवार को पटना स्थित पार्टी कार्यालय में आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष राकेश यादव ने प्रत्याशियों के नामों का ऐलान किया। आप ने पटना स्नातक सीट से हिमांशु पटेल को मैदान में उतारा है। वहीं, दरभंगा शिक्षक सीट से शंभूनाथ ठाकुर पार्टी के टिकट पर चुनाव लड़ेंगे। तिरहुत स्नातक सीट से ऋषि अग्रवाल और कोसी स्नातक सीट से वकील मैथ्यू देव को आम आदमी पार्टी ने अपना उम्मीदवार बनाया है।
राकेश यादव ने बताया कि पार्टी शेष चार सीटों पर भी अपने उम्मीदवारों की घोषणा जल्द ही करेगी। जिन सीटों पर उम्मीदवारों का ऐलान होना बाकी है, उनमें पटना शिक्षक, सारण शिक्षक, तिरहुत शिक्षक और दरभंगा स्नातक एमएलसी सीट शामिल हैं।
निष्पक्ष चुनाव की मांग और मतदाताओं से अपील
आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष राकेश यादव ने निर्वाचन आयोग से एमएलसी चुनाव की पूरी प्रक्रिया को निष्पक्ष, पारदर्शी और स्वतंत्र तरीके से संपन्न कराने की मांग की। उन्होंने बिहार के जागरुक और शिक्षित मतदाताओं से लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी निभाने और अपने मताधिकार का अधिक से अधिक प्रयोग करने की अपील भी की।
यह मांग चुनाव प्रक्रिया की शुचिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई है, ताकि मतदाताओं का भरोसा बना रहे।
एनडीए, महागठबंधन और जन सुराज के लिए बढ़ी चुनौती
बिहार के चुनावों में पारंपरिक रूप से एनडीए और महागठबंधन के बीच सीधा मुकाबला देखने को मिलता रहा है। हालांकि, इस बार एमएलसी चुनाव में जन सुराज पार्टी ने भी सभी 8 सीटों पर अपने उम्मीदवार घोषित कर दोनों खेमों को कड़ी टक्कर देने की तैयारी कर ली है। अब आम आदमी पार्टी की एंट्री ने इस मुकाबले को और भी त्रिकोणीय और दिलचस्प बना दिया है।
एमएलसी चुनाव की महत्वपूर्ण तिथियां
विधान परिषद की खाली हो रहीं सभी 8 सीटों पर मतदान 23 अक्टूबर को होगा। नामांकन प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है, जिसके लिए 6 अक्टूबर अंतिम तिथि निर्धारित है। मतगणना 27 अक्टूबर को होगी, जिसके बाद नतीजे जारी किए जाएंगे। इन 8 सीटों में से चार शिक्षक कोटे की और चार स्नातक कोटे की हैं। शिक्षक वर्ग की सीटों पर शिक्षक मतदाता जबकि स्नातक कोटे की सीटों पर ग्रेजुएट मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करते हैं। इन चुनावों के लिए वोटर लिस्ट आम मतदाता सूची से अलग तैयार की जाती है।







