Bihar Politics: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर दिए गए बयान से बिहार में सियासी घमासान तेज हो गया है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा), जनता दल यूनाइटेड (जदयू) और हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) ने खरगे की टिप्पणी पर कड़ी आपत्ति जताई है। इस बयान के बाद राज्य में राजनीतिक मर्यादा को लेकर नई बहस छिड़ गई है।
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह का कांग्रेस पर तीखा हमला
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने खरगे के बयान पर कांग्रेस को जमकर घेरा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ‘मूर्खों की टोली’ है। पहले ऐसा लगता था कि ऐसे बयान केवल राहुल गांधी देते हैं, लेकिन अब पूरी पार्टी इसी रास्ते पर चल रही है। गिरिराज सिंह ने कांग्रेस की राजनीतिक स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि कई राज्यों में पार्टी का जनाधार कमजोर हुआ है। उनके मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राजनीतिक प्रभाव बना रहेगा और कांग्रेस के ऐसे बयानों का कोई असर नहीं होगा। गिरिराज सिंह ने कांग्रेस पर अराजकता फैलाने का आरोप लगाते हुए कहा कि खरगे नेहरू-गांधी परिवार की राजनीति करें, लेकिन इस तरह के बयान के लिए देश की जनता उन्हें करारा जवाब देगी।
जदयू और हम ने भी खरगे को घेरा
जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने भी कांग्रेस अध्यक्ष पर पलटवार किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राजनीतिक व्यक्तित्व पर टिप्पणी करने से पहले खरगे को अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। उमेश सिंह कुशवाहा ने जोर देकर कहा कि नीतीश कुमार को खरगे या कांग्रेस के किसी प्रमाणपत्र की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष की इस टिप्पणी को राजनीतिक मर्यादा के लिहाज से पूरी तरह अनुचित बताया।
हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (सेक्युलर) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और बिहार सरकार के मंत्री डॉ. संतोष कुमार सुमन ने भी खरगे के बयान पर सख्त आपत्ति दर्ज कराई। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर इस्तेमाल की गई भाषा भारतीय लोकतंत्र की गरिमा और सार्वजनिक जीवन की मर्यादा के अनुकूल नहीं है। डॉ. सुमन ने खरगे से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की। उन्होंने श्रीकृष्ण सिंह जयंती समारोह के आयोजकों से भी इस मामले में अपनी स्थिति स्पष्ट करने और खेद जताने को कहा।
रविशंकर प्रसाद ने बताया अमर्यादित बयान
भाजपा नेता रविशंकर प्रसाद ने खरगे की टिप्पणी को अमर्यादित और निंदनीय करार दिया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और उनके दिवंगत पिता को लेकर ऐसी भाषा का इस्तेमाल करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। रविशंकर प्रसाद ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के नेता लगातार प्रधानमंत्री का अपमान करते रहे हैं। उन्होंने इसे कांग्रेस की राजनीतिक हताशा से जोड़ते हुए कहा कि जनता चुनाव में इसका जवाब जरूर देगी। उन्होंने यह भी जोड़ा कि बिहार के प्रथम मुख्यमंत्री डॉ. श्रीकृष्ण सिंह की 139वीं जयंती के कार्यक्रम में ऐसी टिप्पणी होना और भी दुर्भाग्यपूर्ण है।
दरअसल, रविवार को पटना के बापू सभागार में श्रीकृष्ण सिंह की 139वीं जयंती के कार्यक्रम में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और RSS की विचारधारा पर निशाना साधा था। इसी दौरान सभा में मौजूद एक व्यक्ति ने कहा कि ‘प्रधानमंत्री मोदी कहीं नहीं जाएंगे।’ इस पर खरगे ने जवाब दिया, ‘मोदी का बाप भी जाएगा।’
इस टिप्पणी के बाद कार्यक्रम में कुछ देर के लिए हंगामे जैसी स्थिति बन गई। घटना का वीडियो भी सामने आया, जिसके बाद भाजपा और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के नेताओं ने खरगे के बयान की तीखी आलोचना की और उनसे तत्काल माफी की मांग की है। इस मुद्दे पर बिहार में कांग्रेस और एनडीए के बीच जुबानी जंग और तेज हो गई है।







