Bihar Crime News: बिहार में एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए पुलिस ने समाज कल्याण मंत्री मदन साहनी के बेटे को जान से मारने की धमकी देने और रंगदारी मांगने वाले आरोपित को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) के सख्त निर्देश के बाद गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) ने मुजफ्फरपुर से इस आरोपित को पकड़ा है। इस गिरफ्तारी के बाद बिहार में मंत्रियों के परिवार को मिल रही धमकियों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई तेज हो गई है।
गिरफ्तार आरोपित की पहचान मुजफ्फरपुर जिले के मोतीपुर निवासी कन्हैया साहनी के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे मोतीपुर में छापेमारी कर दबोचा। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपित ने पहले भी कई अन्य लोगों को मोबाइल पर धमकी भरे संदेश भेजे थे और उनसे रुपये की मांग की थी। पुलिस उसके मोबाइल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की गहनता से जांच कर रही है, ताकि उसके पूरे नेटवर्क और गतिविधियों का पता लगाया जा सके।






मंत्री के बेटे को मिली जान से मारने की धमकी, मुजफ्फरपुर से दबोचा गया आरोपी! बिहार में फिर निशाने पर VIP परिवार
Bihar Crime: समाज कल्याण मंत्री मदन साहनी के बेटे को मोबाइल पर जान से मारने की धमकी देने वाले आरोपित कन्हैया साहनी को पुलिस ने मुजफ्फरपुर से गिरफ्तार कर लिया है। बिहार में मंत्रियों के परिजनों को निशाना बनाने की यह कोई पहली घटना नहीं है, इससे पहले भी पर्यटन मंत्री केदार गुप्ता के बेटे को इसी तरह की धमकी मिल चुकी है। यह गिरफ्तारी पुलिस की त्वरित कार्रवाई का नतीजा है, जिसने तकनीकी जांच के आधार पर अपराधी को दबोचा।
मंत्री के बेटे को मिली थी जान से मारने की धमकी
जानकारी के अनुसार, 24 जुलाई को मंत्री मदन साहनी के बेटे के मोबाइल पर एक धमकी भरा मैसेज भेजा गया था। इस संदेश में उन्हें जान से मारने की धमकी देते हुए पैसों की मांग की गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए, मंत्री के बेटे ने तत्काल शुक्रवार को पटना के साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई। मंत्री मदन साहनी ने इस घटना के बाद सीधे डीजीपी से शिकायत की, जिसके बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
डीजीपी के निर्देश पर इस मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। एसआईटी ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तकनीकी अनुसंधान और मोबाइल लोकेशन के आधार पर आरोपित कन्हैया साहनी की पहचान की। इसके बाद मुजफ्फरपुर के मोतीपुर में छापेमारी कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
कई अन्य लोगों को भी बनाया निशाना
प्रारंभिक जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि गिरफ्तार आरोपित कन्हैया साहनी ने सिर्फ मंत्री के बेटे को ही नहीं, बल्कि कई अन्य लोगों को भी मोबाइल पर धमकी भरे संदेश भेजे थे और उनसे रुपये की मांग की थी। पुलिस अब उसके मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की गहनता से जांच कर रही है, ताकि उसके पूरे नेटवर्क और आपराधिक गतिविधियों का पर्दाफाश किया जा सके। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या वह किसी बड़े आपराधिक गिरोह से जुड़ा है या नहीं।
पर्यटन मंत्री के बेटे को भी मिल चुकी है धमकी
यह घटना बिहार में मंत्रियों के परिजनों को निशाना बनाने की बढ़ती प्रवृत्ति को दर्शाती है। इससे पहले, मुजफ्फरपुर निवासी पर्यटन मंत्री केदार गुप्ता के बेटे मुरारी को भी मोबाइल पर रंगदारी मांगी गई थी और ‘लॉरेंस विश्नोई’ के नाम पर हत्या की धमकी दी गई थी। उस मामले में भी सदर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी और एसआईटी ने कार्रवाई करते हुए आरोपी कन्हाई सहनी को मुजफ्फरपुर के कांटी थाना इलाके से गिरफ्तार किया था। बाद में पता चला कि इसी आरोपी ने भाजपा नेता रंजीत सहनी से भी रंगदारी मांगी थी और गंभीर धमकी दी थी। मुजफ्फरपुर के सिटी एसपी ने बताया कि आरोपी के नेटवर्क को गहराई से खंगाला जा रहा है, ताकि इस तरह के अपराधों पर पूरी तरह से लगाम लगाई जा सके।
मंत्री के बेटे को 24 जुलाई को मिली थी धमकी
जानकारी के अनुसार, 24 जुलाई को मंत्री मदन साहनी के बेटे के मोबाइल पर एक मैसेज भेजकर जान से मारने की धमकी दी गई थी, साथ ही पैसे की मांग भी की गई। इस गंभीर मामले को देखते हुए मंत्री के बेटे ने शुक्रवार को पटना के साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई। मंत्री मदन साहनी ने बताया कि बेटे को धमकी मिलने के बाद उन्होंने तुरंत डीजीपी से इसकी शिकायत की थी।
मंत्री मदन साहनी ने बताया, ‘बेटे को धमकी मिलने के बाद मैंने इसकी शिकायत डीजीपी से भी की थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीजीपी के निर्देश पर विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया।’
तकनीकी जांच से पकड़ा गया आरोपित
मामले की गंभीरता को समझते हुए, डीजीपी के निर्देश पर एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। एसआईटी ने तकनीकी अनुसंधान और मोबाइल लोकेशन के आधार पर आरोपित कन्हैया साहनी की पहचान की। इसके बाद मुजफ्फरपुर के मोतीपुर में त्वरित छापेमारी कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
पहले भी मंत्रियों के बेटों को मिली है धमकी
यह पहला मौका नहीं है जब बिहार में किसी मंत्री के परिवार को धमकी मिली है। इससे पहले, पर्यटन मंत्री केदार गुप्ता के बेटे मुरारी को भी लॉरेंस विश्नोई के नाम पर रंगदारी मांगते हुए जान से मारने की धमकी दी गई थी। उस मामले में भी मुजफ्फरपुर के कांटी थाना इलाके से कन्हाई सहनी नामक एक आरोपित को गिरफ्तार किया गया था। बाद में यह भी पता चला कि उसने भाजपा नेता रंजीत सहनी से भी रंगदारी मांगी थी और गंभीर धमकी दी थी। मुजफ्फरपुर सिटी एसपी ने बताया कि पुलिस अब इस आरोपित के नेटवर्क को खंगाल रही है और यह पता लगाने में जुटी है कि इस गिरोह में और कौन अपराधी शामिल हैं और इनका किसी बड़े गिरोह से संपर्क है या नहीं।








