Saran News: बिहार के सारण जिले के परसा प्रखंड अंतर्गत अंजनी पंचायत के वार्ड-01 निवासी 33 वर्षीय जितेंद्र कुमार साह नेपाल में आई भीषण बाढ़ के बाद से लापता हो गए हैं। लगभग 25 दिन पहले वह नेपाल के रसुआ जिले में स्थित सेलेकार में एंडीज कंपनी में वेल्डर के तौर पर काम करने गए थे। बाढ़ के तेज बहाव के बाद से उनका मोबाइल फोन बंद आ रहा है और परिवार का उनसे कोई संपर्क नहीं हो पा रहा है।
जितेंद्र के लापता होने की खबर से उनके पिता इंद्रजीत साह, पत्नी बबीता देवी और मां सरस्वती देवी सहित परिवार के अन्य सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार को अब किसी अनहोनी की आशंका सता रही है, जिससे पूरे गांव में मातम पसरा है।
नेपाल में फंसे थे गांव के कई युवक
परिजनों के अनुसार, जितेंद्र के साथ उनके गांव के छह अन्य युवक भी नेपाल काम करने गए थे। इनमें से मनीष कुमार अभी भी नेपाल में फंसे हुए हैं, लेकिन उन्हें सुरक्षित बताया जा रहा है। एक अन्य युवक मनोरंजन गुप्ता शुक्रवार को अपने घर लौट आए हैं। उन्होंने बताया कि घटना के समय वह कंपनी से कुछ दूरी पर स्थित शांति बाजार गए हुए थे।
पहाड़ पर चढ़कर बचाई जान
मनोरंजन गुप्ता ने बताया, “बाढ़ का तेज पानी का बहाव देखकर मैं तुरंत पहाड़ पर चढ़ गया, जिससे मेरी जान बच गई।” उन्होंने जितेंद्र के लापता होने की पुष्टि की है, जिससे परिवार की चिंता और बढ़ गई है। स्थानीय प्रशासन से परिवार ने जितेंद्र की तलाश में मदद की गुहार लगाई है।
जितेंद्र के परिवार के लिए यह समय अत्यंत कठिन है। वे लगातार सरकारी मदद की उम्मीद कर रहे हैं ताकि उनके बेटे का पता चल सके। पूरे सारण जिले के परसा प्रखंड में इस घटना से शोक का माहौल है और लोग जितेंद्र की सकुशल वापसी की प्रार्थना कर रहे हैं।







