Darbhanga accident: बिहार के दरभंगा जिले में एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा सामने आया है। कुशेश्वरस्थान प्रखंड के नदी थाना क्षेत्र अंतर्गत गोबराही गांव के पास एक तेज रफ्तार बोलेरो अनियंत्रित होकर कोसी बांध से नीचे गहरे गड्ढे में पलट गई। इस भयावह दुर्घटना में दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से जख्मी हो गए हैं। सभी घायलों को स्थानीय निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है।
दर्दनाक हादसा: मेला से लौट रहे लोगों की बोलेरो कोसी बांध से पलटी, 2 की मौत, 3 गंभीर
Bihar Road Accident: दरभंगा: बिहार के दरभंगा जिले में एक भीषण सड़क हादसे ने दो परिवारों की खुशियां छीन लीं। कुशेश्वरस्थान प्रखंड के गोबराही गांव के पास कोसी बांध से नीचे एक बोलेरो गड्ढे में पलट गई। इस दुर्घटना में सहरसा जिले के रहने वाले दो लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। घायलों को इलाज के लिए स्थानीय निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
यह दर्दनाक घटना उस समय हुई जब सभी पांच लोग मेला देखकर अपने घर लौट रहे थे। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बोलेरो से फंसे लोगों को निकाला और राहत कार्य शुरू किया। मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है, वहीं दुर्घटनाग्रस्त वाहन को जब्त कर लिया गया है।
तेज रफ्तार बनी मौत का कारण, पलक झपकते ही छाई मातम
स्थानीय लोगों और पुलिस के अनुसार, बोलेरो चालक बेहद तेज गति से वाहन चला रहा था। अत्यधिक रफ्तार के कारण गाड़ी अनियंत्रित हो गई और कोसी बांध से नीचे गहरे गड्ढे में जा गिरी। टक्कर इतनी भयानक थी कि दो व्यक्तियों ने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। इस दरभंगा हादसे के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है।
नदी थानाध्यक्ष सुशील कुमार ने बताया, ‘घटना की सूचना मिलते ही गाड़ी के अंदर फंसे लोगों को निकालकर इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। वहीं, एक मृतक मो. चांद के परिजन ने पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया, जबकि दूसरे मृतक दिलदार के शव को पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेज दिया गया है।’
मृतकों और घायलों की हुई पहचान, अस्पताल में चल रहा इलाज
इस हादसे में अपनी जान गंवाने वालों में सहरसा जिले के जलई थाना क्षेत्र निवासी मो. दिलदार और मोहम्मद चांद शामिल हैं। वहीं, गंभीर रूप से घायल हुए लोगों की पहचान मो. गुड्डू, आसिफ और एक अन्य चांद के रूप में हुई है। इन तीनों घायलों का इलाज फिलहाल एक स्थानीय निजी अस्पताल में चल रहा है, जहां उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है। एक ही नाम के दो व्यक्तियों (एक मृतक और एक घायल) के होने से परिजनों में भ्रम की स्थिति भी बनी हुई है।
पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त बोलेरो को गड्ढे से निकालने के बाद जब्त कर लिया है और आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। इस घटना ने एक बार फिर तेज रफ्तार ड्राइविंग के खतरों को उजागर किया है और लोगों से सावधानी बरतने की अपील की जा रही है।
सहरसा के रहने वाले थे मृतक और घायल
यह घटना उस समय हुई जब सहरसा जिले के जलई थाना क्षेत्र से कुछ लोग मेला देखकर वापस लौट रहे थे। दुर्घटना का शिकार हुए मृतकों की पहचान मो. दिलदार और मोहम्मद चांद के रूप में हुई है। वहीं, घायलों में मो. गुड्डू, आसिफ और एक अन्य चांद शामिल हैं। ये सभी सहरसा जिले के ही निवासी बताए जा रहे हैं। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया है।
तेज रफ्तार बनी हादसे की वजह, पुलिस जांच जारी
नदी थानाध्यक्ष सुशील कुमार ने इस घटना की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि प्राथमिक जांच में सामने आया है कि बोलेरो चालक अत्यधिक तेज गति से वाहन चला रहा था, जिसके कारण वह अनियंत्रित होकर बांध से नीचे पलट गई। सूचना मिलते ही पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची और गड्ढे में फंसे लोगों को बाहर निकालकर तुरंत अस्पताल पहुंचाया। थानाध्यक्ष के अनुसार, एक मृतक, मो. चांद के परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया है, जबकि दूसरे मृतक, दिलदार के शव को पोस्टमार्टम के लिए दरभंगा मेडिकल कॉलेज अस्पताल (डीएमसीएच) भेज दिया गया है। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त बोलेरो को गड्ढे से निकालकर जब्त कर लिया है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।
नदी थानाध्यक्ष सुशील कुमार ने बताया, “घटना की सूचना मिलते ही गाड़ी के अंदर फंसे लोगों को निकालकर इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। एक मृतक मो. चांद के परिजन ने पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया, जबकि दूसरे मृतक दिलदार के शव को पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच भेज दिया गया है।”
इस दर्दनाक हादसे ने सड़क सुरक्षा के नियमों की अनदेखी के गंभीर परिणामों को एक बार फिर उजागर किया है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे वाहन चलाते समय गति सीमा का पालन करें और सावधानी बरतें ताकि ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।







