Darbhanga Crime: बिहार के दरभंगा जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। सिमरी थाना क्षेत्र के कुमरपट्टी गांव में जन्माष्टमी पर्व के अवसर पर आयोजित ऑर्केस्ट्रा कार्यक्रम खूनी संघर्ष में बदल गया। देर रात हुए हिंसक झड़प और चाकूबाजी में 19 वर्षीय युवक कमलेश राम की हत्या हो गई, जबकि एक अन्य युवक गंभीर रूप से घायल है। इस घटना से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और गांव में मातम पसरा हुआ है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आठ संदिग्धों को हिरासत में लिया है।
जन्माष्टमी की रात कैसे शुरू हुआ खूनी खेल?
जानकारी के अनुसार, शनिवार देर रात कुमरपट्टी गांव में जन्माष्टमी उत्सव के उपलक्ष्य में एक ऑर्केस्ट्रा का आयोजन किया गया था। कार्यक्रम के दौरान किसी बात को लेकर दो पक्षों के बीच अचानक विवाद शुरू हो गया। देखते ही देखते यह मामूली विवाद हिंसक झड़प में तब्दील हो गया। आरोप है कि इसी दौरान रामाशीष राम के पुत्र कमलेश राम (19) और सिंहवाड़ा थाना क्षेत्र के ठकनिया गांव निवासी रामकृष्ण राम के पुत्र सुमन कुमार पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया गया।

चाकू के वार से गंभीर रूप से घायल कमलेश को स्थानीय लोग तुरंत दरभंगा मेडिकल कॉलेज अस्पताल (डीएमसीएच) ले गए, लेकिन इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। वहीं, घटना में घायल सुमन कुमार का इलाज स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चल रहा है। कमलेश राम की मौत की खबर फैलते ही कुमरपट्टी गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाई: 8 संदिग्ध हिरासत में
घटना की सूचना मिलते ही सदर एसडीपीओ- 2 एसके सुमन और सिमरी थानाध्यक्ष अरविंद कुमार पुलिस बल के साथ तत्काल मौके पर पहुंचे। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई शुरू की। छानबीन के दौरान पुलिस ने कंसी गांव निवासी अमरजीत कुमार, चंदन सहनी, राकेश कुमार, मुरारी सहनी, चंचल कुमार, वीरेंद्र ठाकुर, गन्नौर सहनी तथा सिमरी निवासी रोहित पासवान को हिरासत में लिया है। इन सभी संदिग्धों से गहन पूछताछ की जा रही है।
पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और घटना के वास्तविक कारणों तथा चाकूबाजी में शामिल अन्य लोगों की भूमिका का पता लगाने का प्रयास कर रही है। इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस बल की तैनाती की गई है। इस घटना ने एक बार फिर सार्वजनिक आयोजनों में सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।







