Muzaffarpur Death News: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है। करजा थाना क्षेत्र के मकदुमपुर कोदरिया में ताड़ी उतारने के लिए ताड़ के पेड़ पर चढ़े एक व्यक्ति की ऊपर ही मौत हो गई। काफी देर तक घर नहीं लौटने पर परिजनों ने तलाश शुरू की, तब उनका शव पेड़ पर अटका हुआ मिला। इस घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से शव को नीचे उतारा गया।
मृतक की पहचान मकदुमपुर कोदरिया वार्ड-6 निवासी 50 वर्षीय महेश चौहान के रूप में हुई है। महेश चौहान स्वर्गीय नथुनी चौहान के पुत्र थे। परिवार में इस आकस्मिक मौत के बाद मातम पसरा हुआ है। बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौके पर जमा हो गए।
ताड़ के पेड़ पर घंटों अटका रहा शव
महेश चौहान रोज की तरह ताड़ी उतारने के लिए ताड़ के पेड़ पर चढ़े थे। जब काफी समय बीत जाने के बाद भी वह घर नहीं लौटे, तो उनके परिजन चिंतित हो गए। परिवार के सदस्यों ने उनकी खोजबीन शुरू की। इसी दौरान गांव वालों ने देखा कि महेश चौहान का शव ताड़ के पेड़ पर ही अटका हुआ है। यह देखकर वहां मौजूद सभी लोग स्तब्ध रह गए।
स्थानीय लोगों ने तुरंत करजा थाना पुलिस को इसकी सूचना दी। करजा थानाध्यक्ष राम एकबाल प्रसाद के नेतृत्व में पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची। गांव वालों की सहायता से शव को सावधानीपूर्वक पेड़ से नीचे उतारा गया, जो काफी मुश्किल भरा काम था।
मौत की वजह पर गहराया रहस्य
स्थानीय लोगों ने आशंका जताई कि ताड़ी उतारने के दौरान पेड़ पर चढ़े महेश चौहान की हृदय गति रुकने से मौत हो गई होगी। इसके बाद ही उनका शव पेड़ पर अटक गया।
हालांकि, मौत के वास्तविक कारण की अभी तक कोई स्वतंत्र चिकित्सकीय पुष्टि नहीं हो पाई है। इसलिए यह केवल एक आशंका के तौर पर ही देखा जा रहा है कि महेश चौहान की मौत हार्ट अटैक से हुई होगी। पुलिस ने इस मामले में आवश्यक प्रक्रिया शुरू कर दी है।
परिजनों ने पोस्टमार्टम से किया इनकार
करजा थानाध्यक्ष राम एकबाल प्रसाद ने बताया कि पुलिस ने ताड़ के पेड़ से शव उतरवाने के बाद सभी आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएं पूरी कीं। उन्होंने यह भी बताया कि मृतक के परिजनों ने शव का पोस्टमार्टम कराने से साफ इनकार कर दिया। इसके बाद पुलिस ने पंचनामा तैयार कर शव को परिजनों को सौंप दिया।
इस दर्दनाक घटना ने मकदुमपुर कोदरिया गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है। ताड़ के पेड़ पर चढ़कर ताड़ी उतारने जैसे जोखिम भरे काम के दौरान हुई इस मौत ने ग्रामीणों को झकझोर कर रख दिया है।







