spot_img

गिग वर्कर्स के लिए बड़ी खबर: सरकार ने जारी किए नए नियम, जानें सोशल सिक्योरिटी का लाभ कैसे मिलेगा

spot_img
- Advertisement -

Gig Workers: नए साल की पूर्व संध्या पर बेहतर कामकाजी परिस्थितियों और उचित भुगतान की मांग को लेकर गिग वर्कर्स के प्रस्तावित हड़ताल के बीच, केंद्र सरकार ने इन श्रमिकों के लिए एक ऐसा महत्वपूर्ण फॉर्मूला जारी किया है, जिसके तहत ही वे सोशल सिक्योरिटी लाभों के हकदार बन पाएंगे। केंद्रीय श्रम मंत्रालय द्वारा जारी प्रस्तावित मसौदे के अनुसार, गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स को वित्तीय वर्ष के दौरान किसी एक एग्रीगेटर के साथ कम से कम 90 दिन या फिर कई एग्रीगेटर्स के साथ कुल 120 दिनों तक काम करना अनिवार्य होगा। सरकार का यह अहम नोटिफिकेशन नए साल की पूर्व संध्या पर गिग वर्कर्स की हड़ताल की घोषणा से ठीक एक दिन पहले 30 दिसंबर को आया था, जिसने एक महत्वपूर्ण चर्चा को जन्म दिया है।

- Advertisement -

गिग वर्कर्स के लिए पात्रता मानदंड और नए नियम

गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स के लिए सामाजिक सुरक्षा के दायरे में आने के लिए सरकार ने स्पष्ट दिशानिर्देश तय किए हैं। मसौदे में यह प्रावधान है कि यदि कोई गिग वर्कर या प्लेटफॉर्म वर्कर किसी एग्रीगेटर के लिए किसी एक कैलेंडर दिन में, भले ही कितनी भी कम आय के लिए काम करता है, तो उस दिन को उस एग्रीगेटर के साथ “एंगेजमेंट डे” माना जाएगा। यह नियम बहु-एग्रीगेटर परिदृश्यों को भी स्पष्ट करता है। यदि कोई वर्कर एक से अधिक एग्रीगेटर्स के लिए काम करता है, तो उसके कुल एंगेजमेंट दिनों की गणना सभी एग्रीगेटर्स के साथ किए गए काम को जोड़कर की जाएगी। विशेष रूप से, यदि कोई वर्कर एक ही दिन में तीन अलग-अलग एग्रीगेटर्स के साथ जुड़ा होता है, तो उस दिन को तीन दिन की सहभागिता के रूप में गिना जाएगा, जिससे उनकी पात्रता की संभावना बढ़ जाती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। नियमों में यह भी स्पष्ट किया गया है कि पात्र गिग या प्लेटफॉर्म वर्कर में वे सभी लोग शामिल होंगे, जिन्हें किसी एग्रीगेटर द्वारा सीधे या उसकी सहयोगी कंपनी, होल्डिंग कंपनी, सब्सिडियरी, लिमिटेड लायबिलिटी पार्टनरशिप (एलएलपी) या किसी तीसरे पक्ष के माध्यम से काम पर लगाया गया हो।

- Advertisement -

डिजिटल पहचान पत्र और पंजीकरण प्रक्रिया

केंद्र सरकार ने असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों के लिए अपने निर्धारित पोर्टल पर पंजीकरण अनिवार्य कर दिया है। इन नियमों के अनुसार, हर पात्र और पंजीकृत असंगठित श्रमिक को एक डिजिटल पहचान पत्र जारी किया जाएगा। इस पहचान पत्र में श्रमिक की तस्वीर और केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित अन्य महत्वपूर्ण विवरण दर्ज होंगे। गौरतलब है कि श्रम मंत्रालय पहले ही ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकरण प्रक्रिया शुरू कर चुका है, जो असंगठित श्रमिकों का एक व्यापक राष्ट्रीय डेटाबेस है। इस पोर्टल के माध्यम से पंजीकृत श्रमिकों को पहचान के साथ-साथ विभिन्न सोशल सिक्योरिटी योजनाओं का लाभ भी मिल सकेगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। नियमों में यह भी स्पष्ट रूप से कहा गया है कि पात्र असंगठित श्रमिकों को समय-समय पर अपना पता, पेशा, मोबाइल नंबर, कौशल और अन्य आवश्यक जानकारियां अपडेट करनी होंगी। यदि कोई श्रमिक यह विवरण नियमित रूप से अपडेट नहीं करता है, तो उसे सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के लाभ के लिए अयोग्य घोषित किया जा सकता है। यह नियम पारदर्शिता और सटीक डेटा सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण है।

- Advertisement -

रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें

आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

नेपाल से खतरा! बिहार के 4 अंचलों अरेराज, पहाड़पुर, संग्रामपुर और केसरिया में हाई अलर्ट, गंडक में छोड़ा गया 1.5 लाख क्यूसेक पानी |अधिकारियों...

Bihar Flood Alert: नेपाल में नदियों का जलस्तर बढ़ने के बाद वाल्मीकिनगर बैराज से 1.5 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। पूर्वी चंपारण के अरेराज, पहाड़पुर, संग्रामपुर, केसरिया अंचलों में ह#BiharFloodAlert,#GandakRiver,#EastChamparan

समस्तीपुर में देर शाम सनसनीखेज वारदात! युवक को ताबड़तोड़ 3 गोली मारकर भागे पांच हथियारबंद बदमाश

Samastipur Crime: समस्तीपुर में बुधवार देर शाम विभूतिपुर के महथी बांध पर बाइक सवार 5 बदमाशों ने युवक आदित्य वत्स को 3 गोलियां मारीं। गंभीर हालत में युवक बेगूसराय रेफर, इलाके में#SamastipurCrime,#BiharNews,#VibhutipurFiring

Swine Flu Bihar बिहार समेत देश के कई हिस्सों में स्वाइन फ्लू H1N1 का बढ़ा खतरा! जानिए – IMA की गंभीर चेतावनी

Swine Flu Bihar: मानसून के दौरान बिहार समेत देश के कई हिस्सों में स्वाइन फ्लू (H1N1) के मामलों में तेजी देखी जा रही है। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) ने इसे लेकर एक महत्वपूर्ण स्#SwineFluBihar,#IMAAdvisory,#H1N1Symptoms

बिहार में राजस्व कर्मचारियों को झटका! अब हर 5 साल में बदल जाएगा आपका जिला | जानिए -नई नीति

Bihar Revenue Employees: बिहार में राजस्व कर्मचारियों के लिए नई ट्रांसफर नीति लागू हो गई है। अब हर 5 साल में उन्हें जिले से बाहर स्थानांतरित किया जाएगा।#BiharRevenueEmployees,#BiharTransferPolicy,#BiharNews