Share Price: भारतीय शेयर बाजार में दिग्गज कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज पर ग्लोबल इन्वेस्टमेंट फर्म गोल्डमैन सैक्स ने बड़ा दांव लगाया है। ब्रोकरेज फर्म ने कंपनी के लिए अपने 12 महीने के लक्ष्य मूल्य को बढ़ाकर 1835 रुपये प्रति शेयर कर दिया है, जो मौजूदा शेयर मूल्य 1476 रुपये से लगभग 25 प्रतिशत की वृद्धि को दर्शाता है। यह कदम दिसंबर तिमाही (Q3FY26) के नतीजों से ठीक एक सप्ताह पहले उठाया गया है, और गोल्डमैन सैक्स ने अपनी ‘बाय’ रेटिंग बरकरार रखी है, जिससे निवेशकों का भरोसा और मजबूत हुआ है।
रिलायंस इंडस्ट्रीज: गोल्डमैन सैक्स ने बढ़ाया Share Price का लक्ष्य, जानिए निवेशकों के लिए क्या है संकेत
गोल्डमैन सैक्स का मानना है कि रिलायंस इंडस्ट्रीज का खुदरा सेगमेंट भले ही निकट भविष्य में कुछ नरमी का सामना करे, लेकिन रिफाइनिंग के मजबूत फंडामेंटल और टेलीकॉम सेगमेंट में स्थिर गति से इसकी भरपाई हो जाएगी। यह संतुलन कंपनी की मध्यम अवधि की कमाई के रास्ते को बरकरार रखेगा, जिससे इसके समग्र वित्तीय प्रदर्शन पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
रिलायंस इंडस्ट्रीज के Share Price में उछाल की उम्मीद
9 जनवरी को जारी अपने एक नोट में, गोल्डमैन सैक्स ने बताया कि उसने कंपनी के विभिन्न सेगमेंट्स में बदलते रुझानों के आधार पर अपने अनुमानों को अपडेट किया है, जिसके परिणामस्वरूप लक्ष्य मूल्य में वृद्धि हुई है। कई अन्य ब्रोकरेज फर्मों की तरह, गोल्डमैन सैक्स को भी उम्मीद है कि कमजोर खर्च, बेस इफेक्ट और त्योहारी समय के कारण खुदरा सेगमेंट में कमाई की वृद्धि धीमी रह सकती है। हालांकि, ऑयल-टू-केमिकल्स (O2C) व्यवसाय में रिफाइनिंग-आधारित मजबूत प्रदर्शन से इस कमी की काफी हद तक भरपाई होने की संभावना है। इस वजह से, विभिन्न सेगमेंट्स के स्तर पर कमाई में उतार-चढ़ाव के बावजूद, कंपनी की कुल आय में कोई बड़ा बदलाव होने की संभावना नहीं है।
पिछले एक साल में सेंसेक्स और निफ्टी की तुलना में बेहतर प्रदर्शन करने के बाद, रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर की कीमत में पिछले कुछ ट्रेडिंग सेशन में लगभग 8 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई थी। गोल्डमैन सैक्स ने इस गिरावट के लिए अमेरिकी प्रतिबंधों के कारण रूस से तेल की खरीद में कमी और खुदरा विकास में मंदी को लेकर निवेशकों की चिंताओं को जिम्मेदार ठहराया। हालांकि, ब्रोकरेज का मानना है कि इन कारकों का कंपनी की मध्यम अवधि की कमाई पर बहुत अधिक प्रभाव नहीं पड़ेगा। शेयर बाजार की अस्थिरता के बावजूद, कंपनी की रणनीति और विविध व्यवसाय मॉडल इसे मजबूत स्थिति में रखते हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें
बाजार का बदलता परिदृश्य और रिलायंस की रणनीति
रिलायंस इंडस्ट्रीज लगातार अपने व्यवसाय मॉडल में विविधता ला रही है और नए अवसरों की तलाश कर रही है। टेलीकॉम और रिटेल जैसे उपभोक्ता-केंद्रित व्यवसायों के साथ-साथ, कंपनी अपने पारंपरिक ऊर्जा और पेट्रोकेमिकल व्यवसायों में भी नवाचार कर रही है। यह विविध दृष्टिकोण कंपनी को किसी एक सेगमेंट में संभावित चुनौतियों का सामना करने में मदद करता है और समग्र विकास को बढ़ावा देता है। विश्लेषकों का मानना है कि रिलायंस की यह बहुआयामी रणनीति इसे भारतीय और वैश्विक बाजारों में मजबूत स्थिति में बनाए रखेगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।







