Silver Price: वैश्विक अनिश्चितता और सुरक्षित निवेश की बढ़ती मांग के बीच बीते शुक्रवार को भारतीय सर्राफा बाजार में चाँदी और सोने की कीमतों में जोरदार उछाल देखने को मिला। चाँदी ने ₹6,500 की जबरदस्त बढ़त के साथ ₹2,50,000 प्रति किलोग्राम का आंकड़ा छुआ, जबकि सोना भी ₹1,200 बढ़कर ₹1,41,700 प्रति 10 ग्राम (सभी करों सहित) पर बंद हुआ। यह तेजी ऐसे समय में आई है जब पिछले सत्र में मुनाफावसूली के कारण चाँदी में बड़ी गिरावट दर्ज की गई थी, लेकिन अब निवेशकों का रुझान फिर से कीमती धातुओं की ओर मुड़ रहा है।
चाँदी की चमक: Silver Price ने बनाया नया रिकॉर्ड, जानिए क्यों बढ़ी कीमतें
Silver Price में ऐतिहासिक उछाल और इसके पीछे के कारण
अखिल भारतीय सर्राफा संघ के अनुसार, यह उछाल निवेशकों की बढ़ती चिंता का सीधा परिणाम है। पिछले कारोबारी दिन, यानी गुरुवार को, चाँदी की कीमत में ₹12,500 यानी लगभग पाँच प्रतिशत की बड़ी गिरावट दर्ज की गई थी, जिसके बाद यह ₹2,43,500 प्रति किलोग्राम पर आ गई थी। इससे पहले बुधवार को चाँदी ने ₹2,56,000 प्रति किलोग्राम का रिकॉर्ड उच्च स्तर छुआ था, जो इसकी कीमतों में आए भारी उतार-चढ़ाव को दर्शाता है। वहीं, 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने का भाव पिछली बार ₹1,40,500 प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
बाजार विश्लेषकों का मानना है कि सोने में आई तेजी का मुख्य कारण सुरक्षित निवेश की नई मांग और एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स (ETF) में सकारात्मक पूंजी प्रवाह है। निवेशक वर्तमान भू-राजनीतिक परिदृश्य, विशेषकर ईरान को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनियों पर करीब से नजर बनाए हुए हैं। इसके अलावा, अमेरिका में शुल्क से जुड़े मामलों पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले से पहले कारोबारी संभावित जोखिमों और उतार-चढ़ाव से बचने के लिए सतर्क रुख अपना रहे हैं, जिससे कीमती धातुओं की मांग बढ़ी है। यह वैश्विक अनिश्चितता सीधे तौर पर इन धातुओं को लाभ पहुँचा रही है।
अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कीमती धातुओं का प्रदर्शन
अंतर्राष्ट्रीय बाजार की बात करें तो चाँदी ₹76.92 डॉलर प्रति औंस पर बंद हुई। हालांकि, कारोबार के दौरान इसमें भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला और यह $4.32 या 5.53 प्रतिशत गिरकर $73.83 डॉलर प्रति औंस तक आ गई थी। इससे साफ है कि वैश्विक स्तर पर बढ़ती अनिश्चितता का असर कीमती धातुओं की कीमतों पर लगातार बना हुआ है। निवेशक डॉलर के मुकाबले सुरक्षित मानी जाने वाली संपत्तियों में निवेश कर रहे हैं, जिसका सीधा लाभ चाँदी और सोने को मिल रहा है। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें
विशेषज्ञों के अनुसार, आगामी दिनों में भी कीमती धातुओं में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है क्योंकि वैश्विक आर्थिक और राजनीतिक परिदृश्य अनिश्चित बना हुआ है। बाजार के रुझानों को समझने के लिए आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे बाजार की गतिविधियों पर पैनी नजर रखें और सोच-समझकर निवेश करें। इस समय, कीमती धातुएँ एक आकर्षक विकल्प बनी हुई हैं, खासकर उन निवेशकों के लिए जो बाजार की अस्थिरता से बचाव चाहते हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।







