Bihar Skill Development: बिहार के युवाओं के लिए एक बड़ी सौगात मिली है। केंद्र सरकार ने पीएम सेतु योजना के तहत दरभंगा को कौशल विकास का हब बनाने के लिए 241 करोड़ रुपये की भारी-भरकम राशि मंजूर की है। इस पहल से मिथिला क्षेत्र के युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण और रोजगार के नए अवसर मिलेंगे, जिससे उनके भविष्य को नई दिशा मिलेगी।
मिथिला के युवाओं को मिलेगा विश्वस्तरीय प्रशिक्षण
स्थानीय सांसद और लोकसभा में भाजपा सचेतक डॉ. गोपाल जी ठाकुर ने इस ऐतिहासिक निर्णय की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दरभंगा लोकसभा क्षेत्र के रामनगर आईटीआई को ‘हब’ और बेनीपुर सरकारी आईटीआई को ‘स्पोक’ के रूप में विकसित किया जाएगा। इन दोनों संस्थानों को विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस करने के लिए यह राशि स्वीकृत की गई है, जिससे मिथिला के नौजवानों को आधुनिक और उद्योग-आधारित कौशल सीखने का मौका मिलेगा।
डॉ. गोपाल जी ठाकुर ने कहा, ‘केंद्र सरकार से मिथिला को फिर सौगात मिली है। पीएम सेतु योजना के लिए पटना, मुंगेर तथा नालंदा के साथ दरभंगा का क्लस्टर के रूप में चयन हुआ है। आईटीआई दरभंगा को हब आईटीआई के रूप में चुना गया है, जिससे यह मिथिला के कौशल विकास का प्रमुख केंद्र बनेगा और रोजगार के मुद्दे पर वरदान साबित होगा।’
आईटीआई के विकास के लिए मिली बड़ी धनराशि
कौशल विकास मंत्रालय द्वारा देशभर में 1,000 सरकारी आईटीआई को आधुनिक बनाने और लगभग 20 लाख युवाओं को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है। इसी कड़ी में, दरभंगा के रामनगर आईटीआई और बेनीपुर आईटीआई के लिए आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, लैब और टेक्नोलॉजी के विकास हेतु 162 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। इसके अलावा, उच्च स्तरीय प्रशिक्षण के लिए 40 करोड़ रुपये और संस्थान के समग्र विकास के लिए 121 करोड़ रुपये की राशि भी निर्गत की गई है। इन निधियों से दोनों संस्थानों में विकास कार्य शीघ्र शुरू किए जाएंगे।
केंद्र सरकार की यह पहल मिथिला क्षेत्र के युवाओं के लिए एक बड़ा अवसर है। यह न केवल बिहार में कौशल विकास को नया आयाम देगी, बल्कि उद्योग आधारित कौशल, अप्रेंटिसशिप और रोजगार के अवसरों को भी बढ़ावा देगी। दरभंगा अब कौशल, तकनीकी प्रशिक्षण और रोजगार के क्षेत्र में मिथिला का एक महत्वपूर्ण केंद्र बनकर उभरेगा।







