Darbhanga Dowry Case: दरभंगा जिले के केवटी थाना क्षेत्र में दहेज प्रताड़ना का एक गंभीर मामला सामने आया है। दहेज के लिए मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न के साथ-साथ आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में पति समेत ससुराल पक्ष के आठ लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। यह घटना बाढ़ समैला गांव की है, जहां की 23 वर्षीय हुसने आरा उर्फ सुरैया प्रवीण को लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था।
पुलिस ने पीड़िता के भाई मो शमशेर आलम के आवेदन पर यह कार्रवाई की है। उनका आरोप है कि शादी के बाद से ही उनकी बहन को दहेज की मांग को लेकर ससुराल पक्ष के लोग परेशान कर रहे थे। इस मामले में केवटी थाना ने कांड संख्या 277/26, दिनांक 29 अगस्त 2026 को दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
दहेज की मांग पूरी न होने पर मारपीट का आरोप
मो शमशेर आलम ने पुलिस को दिए अपने आवेदन में बताया कि उनकी बहन हुसने आरा उर्फ सुरैया प्रवीण की शादी के बाद से ससुराल पक्ष द्वारा लगातार दहेज में रुपये और अन्य सामान की मांग की जा रही थी। यह मांग पूरी न होने पर उनकी बहन के साथ अक्सर मारपीट की जाती थी और उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। इस उत्पीड़न के कारण हुसने आरा अत्यधिक मानसिक तनाव में आ गई थीं।
“मेरी बहन को ससुराल पक्ष के लोगों द्वारा कथित रूप से दहेज की मांग को लेकर प्रताड़ित किया जा रहा था। दहेज में रुपये व अन्य सामान की मांग पूरी नहीं होने पर महिला के साथ मारपीट और मानसिक प्रताड़ना की जाती थी।”
आत्महत्या के प्रयास का गंभीर आरोप
शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया है कि ससुराल पक्ष के लगातार दबाव और उत्पीड़न के चलते उनकी बहन ने आत्मघाती कदम उठाने का प्रयास किया। इस घटना ने परिवार को झकझोर दिया है और न्याय की गुहार लगाई गई है। मो शमशेर आलम ने पुलिस से मामले की गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
ससुराल पक्ष के 8 लोग आरोपी
केवटी थाने में दर्ज प्राथमिकी में सदर थाना क्षेत्र के लोआम गांव के ससुराल पक्ष के कुल आठ लोगों को नामजद किया गया है। इनमें पीड़िता के पति मो अफर इकबाल, ससुर मो. साबिर और सास नसीमा खातून प्रमुख रूप से शामिल हैं। इसके अलावा एक जेठ समेत अन्य चार लोगों को भी आरोपित बनाया गया है। पुलिस अब इन सभी आरोपियों की तलाश में जुट गई है और मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है।







