Bhagalpur Corona: बिहार के भागलपुर में कोरोना संक्रमण का खतरा एक बार फिर मंडराने लगा है। जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (JLNMCH) मायागंज में कोरोना संदिग्ध एक 35 वर्षीय युवक को बेहद गंभीर हालत में भर्ती कराया गया है। अस्पताल पहुंचने पर जांच में उसका ऑक्सीजन स्तर सिर्फ 67 प्रतिशत पाया गया, जिसने चिकित्सकों की चिंता बढ़ा दी है।
युवक पिछले 15 दिनों से तेज बुखार, सर्दी और खांसी से जूझ रहा था। बीते पांच दिनों से उसकी सांस लेने की समस्या लगातार बढ़ रही थी। मधेपुरा जिले के बिशनपुर से इलाज के लिए भागलपुर लाए गए इस मरीज की गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने तुरंत ऑक्सीजन सपोर्ट शुरू किया। उपचार के बाद राहत मिली और ऑक्सीजन का स्तर बढ़कर 93 प्रतिशत तक पहुंच गया।
बिहार में फिर कोरोना का खतरा? भागलपुर में 67% ऑक्सीजन पर मरीज भर्ती, डॉक्टरों में हलचल!
Bhagalpur Corona Case: बिहार के भागलपुर में कोरोना संक्रमण की आशंका ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (JLNMCH) मायागंज में एक 35 वर्षीय युवक को गंभीर हालत में भर्ती किया गया है। भर्ती के समय युवक का ऑक्सीजन स्तर महज 67 प्रतिशत पाया गया, जिसके बाद डॉक्टरों ने तत्काल उपचार शुरू किया। युवक पिछले करीब 15 दिनों से तेज बुखार, सर्दी और खांसी जैसी समस्याओं से जूझ रहा था।
परिजनों के अनुसार, पिछले पांच दिनों में उसकी सांस लेने की परेशानी काफी बढ़ गई थी। गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे मधेपुरा जिले के विशनपुर से इलाज के लिए भागलपुर लाया गया। डॉक्टरों ने तुरंत ऑक्सीजन सपोर्ट देना शुरू किया, जिससे उसके ऑक्सीजन स्तर में सुधार हुआ और वह बढ़कर 93 प्रतिशत तक पहुंच गया।
ऑक्सीजन लेवल गिरने के बाद RTPCR जांच के लिए सैंपल भेजा
युवक की गंभीर हालत और कोरोना से मिलते-जुलते लक्षणों के बाद चिकित्सकों ने तत्काल ऑक्सीजन सपोर्ट दिया। JLNMCH के मेडिसिन विभाग के एचओडी डॉ. राजकमल चौधरी ने बताया कि युवक को लगातार तेज बुखार के साथ सर्दी और खांसी की शिकायत थी। अस्पताल पहुंचने पर 67 प्रतिशत ऑक्सीजन लेवल देखकर तुरंत ऑक्सीजन शुरू की गई।
चिकित्सकों ने मरीज का एक्स-रे भी कराया, जिसमें चेस्ट में संक्रमण के संकेत मिले हैं। कोरोना संक्रमण की आशंका को देखते हुए युवक का आरटीपीसीआर सैंपल जांच के लिए भेजा गया है। फिलहाल, मरीज को JLNMCH के एमसीएच वार्ड में ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया है और डॉक्टरों की टीम उसकी स्थिति पर लगातार निगरानी कर रही है।
मधेपुरा से आया मरीज, रिपोर्ट का इंतजार
यह 35 वर्षीय युवक मधेपुरा जिले के विशनपुर का निवासी है। परिजनों का कहना है कि स्थानीय स्तर पर इलाज के बावजूद उसकी तबीयत में सुधार नहीं हो रहा था और सांस लेने में परेशानी बढ़ती जा रही थी। इसके बाद उसे भागलपुर के JLNMCH लाया गया।
हालांकि, अभी तक युवक में कोरोना संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है। चिकित्सकों के अनुसार, आरटीपीसीआर जांच की रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो पाएगी। अस्पताल में उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उपचार जारी है और रिपोर्ट का बेसब्री से इंतजार किया जा रहा है ताकि आगे की रणनीति तय की जा सके।
ऑक्सीजन लेवल गिरने के बाद कोरोना की आशंका, RTPCR रिपोर्ट का इंतजार
JLNMCH के मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. राजकमल चौधरी ने इस मामले की जानकारी दी। उनके मुताबिक, युवक पिछले करीब 15 दिनों से लगातार तेज बुखार के साथ सर्दी और खांसी से पीड़ित था। परिजनों ने बताया कि पिछले पांच दिनों में उसकी सांस लेने की परेशानी तेजी से बढ़ी, जिसके बाद उसे तुरंत अस्पताल लाया गया।
अस्पताल में चिकित्सकों ने जब उसकी जांच की, तो ऑक्सीजन लेवल 67 प्रतिशत मिला। इसके बाद बिना देरी किए ऑक्सीजन सपोर्ट दिया गया। – डॉ. राजकमल चौधरी, विभागाध्यक्ष, मेडिसिन विभाग, JLNMCH
ऑक्सीजन सपोर्ट मिलने के बाद मरीज के स्वास्थ्य में तत्काल सुधार देखा गया। डॉक्टरों ने युवक का एक्स-रे भी कराया, जिसमें चेस्ट में संक्रमण के शुरुआती संकेत मिले हैं। कोरोना संक्रमण की प्रबल आशंका को देखते हुए डॉक्टरों ने युवक का आरटीपीसीआर सैंपल जांच के लिए भेजा है। फिलहाल रिपोर्ट का बेसब्री से इंतजार किया जा रहा है।
मधेपुरा से आया मरीज, JLNMCH के MCH वार्ड में भर्ती
यह 35 वर्षीय मरीज मधेपुरा जिले के बिशनपुर का रहने वाला है। परिजनों के अनुसार, स्थानीय इलाज से कोई राहत नहीं मिली और सांस लेने में दिक्कत बढ़ने पर उसे भागलपुर के JLNMCH लाया गया। अस्पताल में भर्ती होने के बाद उसे तुरंत ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया है और JLNMCH के MCH वार्ड में चिकित्सकों की टीम उसकी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
हालांकि, अभी तक युवक में कोरोना संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है। आरटीपीसीआर रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो पाएगी कि युवक कोरोना संक्रमित है या नहीं। अस्पताल प्रशासन ने रिपोर्ट आने तक सभी आवश्यक सावधानी बरतने के निर्देश दिए हैं।







