Bihar Heli Tourism: बिहार सरकार ने राज्य के पर्यटन मानचित्र को बदलने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। ‘मुख्यमंत्री बिहार हेली टूरिज्म सेवा योजना 2026’ को अब आधिकारिक मंजूरी मिल गई है। इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य के प्रमुख पर्यटन और धार्मिक स्थलों तक श्रद्धालुओं और पर्यटकों की यात्रा को आसान और सुविधाजनक बनाना है। सरकार का मानना है कि यह पहल बिहार के पर्यटन क्षेत्र को एक नई पहचान और गति देगी।
कैमूर के मां मुंडेश्वरी धाम से होगी शुरुआत
योजना के पहले चरण में कैमूर जिले में स्थित प्रसिद्ध मां मुंडेश्वरी मंदिर को शामिल किया गया है। यह मंदिर देश के सबसे प्राचीन और ऐतिहासिक शक्तिपीठों में से एक है, जहां हर साल लाखों की संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। कैमूर की भौगोलिक स्थिति और लंबी दूरी को देखते हुए, लंबे समय से बेहतर हवाई संपर्क की मांग की जा रही थी। सड़क मार्ग से मंदिर तक पहुंचने में काफी समय लगता है, ऐसे में हेलीकॉप्टर सेवा शुरू होने से यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी।






रियायती दरों पर मिलेगी हवाई सेवा, जानिए कब से होगी शुरू
पर्यटकों और श्रद्धालुओं को रियायती दरों पर हेलीकॉप्टर सेवा का लाभ देने की जिम्मेदारी बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम, पटना को सौंपी गई है। इस सेवा के संचालन के लिए ‘प्लस-टू’ सीटर श्रेणी के छोटे हेलीकॉप्टरों का उपयोग किया जाएगा, जो यात्रियों को सुरक्षित और तेज यात्रा का अनुभव प्रदान करेंगे।
योजना का पहला चरण 15 जुलाई 2026 से शुरू होकर 15 जनवरी 2027 तक संचालित करने का प्रस्ताव है। इस अवधि के दौरान नियमित रूप से हेलीकॉप्टर सेवा उपलब्ध रहेगी। सरकार इस चरण के परिणामों का गहन आकलन करने के बाद ही इसके आगे विस्तार पर विचार करेगी।
पर्यटन को मिलेगा नया प्रोत्साहन
सरकार को पूरी उम्मीद है कि इस Bihar Heli Tourism सेवा के शुरू होने से मां मुंडेश्वरी धाम आने वाले देश-विदेश के श्रद्धालुओं की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। साथ ही, यह पहल कैमूर जिले में पर्यटन गतिविधियों को भी नया प्रोत्साहन देगी, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को लाभ मिलेगा। इस योजना का लाभ उठाने के लिए पर्यटकों को निर्धारित पैकेज का चयन करना अनिवार्य होगा। यह कदम बिहार को धार्मिक और पर्यटन स्थलों के लिए एक सुलभ गंतव्य के रूप में स्थापित करेगा।








